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Azamgarh News: पंपिंग सेट चलाने के लिए किसानों को नहीं मिल रहा डीजल

Sat, 23 May 2026 01:37 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 23 May 2026 01:37 AM IST
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Farmers are not getting diesel to run pumping sets.
आजमगढ़। वाहन चालकों के साथ ही डीजल की किल्लत अब खेती-किसानी पर भी पड़ने लगी है। इस समय धान की नर्सरी डालने का महत्वपूर्ण समय चल रहा है, लेकिन पंपिंग सेट चलाने के लिए किसानों को डीजल नहीं मिल पा रहा है।
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जिले में बड़े पैमाने पर किसान धान की खेती करते हैं। कृषि विभाग के आंकड़ों के अनुसार खरीफ सीजन में 189612 हेक्टेयर में विभिन्न फसलों की बोआई की जानी है। इसमें से 1.67 लाख हेक्टेयर में सिर्फ धान की खेती का लक्ष्य रखा गया है। किसान अमरदीप यादव, बहादुर सिंह, विजय प्रताप ने बताया कि संडा रोपने वाले किसानों को धान की नर्सरी डालने के लिए यही उपयुक्त समय होता है, लेकिन किसान धान की नर्सरी नहीं डाल पा रहे हैं। पर्याप्त बिजली न मिलने से जहां ट्यूबवेल नहीं चल पा रहे वहीं अब कमी के कारण पंपसेट के लिए डीजल भी नहीं मिल पा रहा है। बिना पलेवा लगाए न खेत तैयार हो सकता और न ही नर्सरी ही डाली जा सकती है। इससे धान की खेती प्रभावित हो सकती है। जिला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराते हुए किसानों के लिए पर्याप्त बिजली और डीजल उपलब्ध कराए जाने की मांग की है।
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धान की खेती समय पर नर्सरी तैयार होने पर ही निर्भर करती है। नर्सरी में देरी होने से रोपाई का समय प्रभावित होगा और इससे पैदावार घटने की आशंका बढ़ सकती है। प्रशासन किसानों के लिए पर्याप्त मात्रा में बिजली और डीजल उपलब्ध कराए। -- किसान रामदवर
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जब तक खेतों में पलेवा नहीं होगा, तब तक नर्सरी के लिए खेत तैयार नहीं हो पाएंगे। यदि जल्द डीजल और बिजली की उपलब्धता सामान्य नहीं हुई तो धान की रोपाई का कार्य पिछड़ सकता है, जिसका असर उत्पादन पर भी पड़ेगा।-किसान नन्हकू यादव

तीन पंपों पर ईंधन खत्म, अन्य पर एक लीटर पेट्रोल व 30 लीटर डीजल मिला-पवई। क्षेत्र में ईंधन संकट गहराता जा रहा है। क्षेत्र के चार पेट्रोल पंपों में से तीन पंप पर शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल पूरी तरह समाप्त हो गया, जबकि एकमात्र संचालित पेट्रोल पंप किसान सेवा केंद्र पवई पर भी सीमित मात्रा में ईंधन दिया जा रहा है। हालात यह हैं कि वाहन चालकों को मात्र एक लीटर पेट्रोल व 30 लीटर डीजल ही उपलब्ध कराया जा रहा है। ईंधन की कमी के चलते पेट्रोल पंपों पर सुबह से ही वाहनों की लंबी कतारें लगी रही हैं। सबसे अधिक परेशानी दोपहिया वाहन चालकों और किसानों को उठानी पड़ रही है। संचालक नरेंद्र कुमार मिश्र ने बताया कि पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति प्रभावित होने के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है। उपलब्ध सीमित स्टॉक को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए निर्धारित मात्रा में ही ईंधन दिया जा रहा है। संवाद
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