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पुलिस के रडार पर एक और पशु तस्करों का गिरोह
Updated Sat, 02 Dec 2017 11:41 PM IST
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आजमगढ़। जिले में रात को पिकअप और स्कार्पियो से घूमकर लोगों के पशु चुराकर उन्हें बेचने सहित अन्य आपराधिक घटनाओं को अंजाम देने वाला एक और पशु तस्करों का गिरोह पुलिस के रडार पर है। इस गिरोह के अब तक 20 से अधिक सदस्यों की पहचान कर ली गई है। सर्विलांस सेल जहां इन सभी का लगातार लोकेशन ट्रेस कर रहा है वहीं मुखबिरों को भी लगाया गया है।
बता दें कि जिले में पशु तस्करों की चोरी करके उन्हें बेचने और वध करके मांस की सप्लाई करने के कई मामले सामने आ रहं हैं। अलग-अलग गुटों में पशु तस्कर पिकअप और स्कार्पियो से पशु चुराते हैं। मौका लगने पर लूट, छिनैती और डकैती जैसे आपराधिक घटनाओं को भी अंजाम देते हैं। खासतौर से इनके निशाने पर दूधारू गाय और भैंसें रहतीं हैं। क्योंकि गाय या भैंस लेकर जाने पर यदि पुलिस इन्हें कहीं रोकती है तो अपने के व्यापारी बताकर निकल लेते हैं। इसी प्रकार तीन नवंबर की रात पशु तस्करों का एक गिरोह कंधरापुर थाने की पुलिस पर पथराव करते हुए उन्हें घायल कर चुके हैं। हालांकि इस गिरोह के सदस्यों को पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया। इन गिरफ्तार पशु तस्करों की निशानदेही पर पता चला कि इनसे बड़ा एक दूसरा गिरोह भी जिले में सक्रिय है और आजमगढ़ सहित आसपास के जिलों में घूमकर घटनाओं को अंजाम दे रहा है। गिरोह में 20 से अधिक सदस्य शामिल हैं। एसपी अजय कुमार साहनी ने बताया कि पशु तस्करों का एक और गिरोह चिन्हित कर लिया गया है। इस गिरोह में 20 से अधिक सदस्य हैं। पुलिस इनका लगातार लोकेशन ले रही है। जल्द ही इनके गिरफ्तार होने की उम्मीद है।
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बता दें कि जिले में पशु तस्करों की चोरी करके उन्हें बेचने और वध करके मांस की सप्लाई करने के कई मामले सामने आ रहं हैं। अलग-अलग गुटों में पशु तस्कर पिकअप और स्कार्पियो से पशु चुराते हैं। मौका लगने पर लूट, छिनैती और डकैती जैसे आपराधिक घटनाओं को भी अंजाम देते हैं। खासतौर से इनके निशाने पर दूधारू गाय और भैंसें रहतीं हैं। क्योंकि गाय या भैंस लेकर जाने पर यदि पुलिस इन्हें कहीं रोकती है तो अपने के व्यापारी बताकर निकल लेते हैं। इसी प्रकार तीन नवंबर की रात पशु तस्करों का एक गिरोह कंधरापुर थाने की पुलिस पर पथराव करते हुए उन्हें घायल कर चुके हैं। हालांकि इस गिरोह के सदस्यों को पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया। इन गिरफ्तार पशु तस्करों की निशानदेही पर पता चला कि इनसे बड़ा एक दूसरा गिरोह भी जिले में सक्रिय है और आजमगढ़ सहित आसपास के जिलों में घूमकर घटनाओं को अंजाम दे रहा है। गिरोह में 20 से अधिक सदस्य शामिल हैं। एसपी अजय कुमार साहनी ने बताया कि पशु तस्करों का एक और गिरोह चिन्हित कर लिया गया है। इस गिरोह में 20 से अधिक सदस्य हैं। पुलिस इनका लगातार लोकेशन ले रही है। जल्द ही इनके गिरफ्तार होने की उम्मीद है।
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