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यूपी के सिंघम को छुड़ा दिया था पसीना
Updated Mon, 18 Jun 2018 11:44 PM IST
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आजमगढ़। जहानागंज थाना क्षेत्र के अमठा गोपालपुर गांव में सोमवार की सुबह साढ़े नौ बजे पुलिस मुठभेड़ में ढेर हुए राकेश पासी ने करीब 11 महीने से आजमगढ़ सहित आसपास के जिलों की पुलिस के नाक में दम कर दिया था। इसके द्वारा ताबड़तोड़ की गई घटनाओं से जहां पुलिस सो नहीं पा रही थी। करीब एक वर्ष पूर्व शहर में हुई मुठभेड़ के दौरान राकेश की गोली पूर्व एसपी अजय साहनी के बुलेटप्रूफ जैकेट में फंसने से वह बाल-बाल बचे थे। वहीं हाथ में गोली लगने से एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह घायल हो गए थे। तभी से राकेश पासी और पुलिस का कई बार आमना-सामना हुआ, लेकिन हर बार वह पुलिस को गच्चा देकर फरार हो गया।
18 जुलाई 2017 को बरदह पुलिस की अभिरक्षा से दिल्ली पुलिस द्वारा घोषित एक लाख रुपये का ईनामी बदमाश भीम उर्फ सागर फरार हो गया। 19 जुलाई की भोर में एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह बिलरियागंज की तरफ से शहर लौट रहे थे। शहर के बाइपास पर एक बाइक पर सवार दो बदमाश दिखे तो पुलिस ने रुकने का इशारा किया। इस पर बदमाश भागने लगे लेकिन सामने से एसपी अजय साहनी की गाड़ी आते देख बदमाश अपनी बाइक बागलखराव पुल की तरफ मुड़ा लिया और बाइक छोड़ पुल के नीचे छिप गए। पुलिस से घिरे बदमाश फायर करने लगे। उनकी गोली एसपी ग्रामीण के बाएं कंधे को छिलते हुए निकल गई। जबकि दूसरी गोली एसपी के बुलेटप्रुफ जैकेट में फंस गई। पुलिस की तरफ से चलाई गई गोली में भीम उर्फ सागर घायल हो गया। जबकि उसका साथी राकेश पासी फरार हो गया। इसी दिन से पुलिस राकेश सहित अन्य अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान छेड़ दी और एक के बाद एक ताबड़तोड़ एनकाउंटर कर जहां पांच बदमाशों को ऊपर पहुंचा दिया। वहीं दो दर्जन से अधिक जेल के अस्पताल सहित अन्य जगहों पर इलाज करवा रहे हैं। इस मुठभेड़ में घायल भीम का दाहिना पैर जांघ के ऊपर से काट दिया गया है। वह बैसाखी के सहारे जेल में दिन काट रहा है। जबकि उसका साथी राकेश मारा गया।
छह बदमाशों को ढेर कर नंबर वन हुई जिले की पुलिस
आजमगढ़। तीन अगस्त 2017 को मेंहनगर थाने की पुलिस डी-9 गिरोह के सक्रिय सदस्य 15 हजार रुपये के इनामी बदमाश जयहिंद यादव को मुठभेड़ में ढेर करने के साथ ही अपराधियों को खुली चुनौती दे दी। इसके बाद पुलिस अपराधियों पर लगातार हावी होते गई। एक के बाद एक एनकाउंटर कर उन्हें ऊपर या जेल पहुंचाने लगी। पूर्व एसपी अजय कुमार साहनी के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच की स्वाट टीम प्रभारी अरविंद यादव आदि ने जयहिंद के बाद रामपुर जिले की पुलिस अभिरक्षा से फरार डी-9 गैंग का सरगना सुजीत सिंह बुढ़वा, रामजी पासी, छन्नू सोनकर, मुकेश राजभर को पुलिस ने ऊपर पहुंचा दिया था। इसी बीच अजय साहनी का स्थानांतरण हो अलीगढ़ के लिए हो गया और जिले की कमान एसपी के तौर पर रविशंकर छवि ने संभाला। छवि के नेतृत्व में भी पुलिस ने कई मुठभेड़ कर बदमाशों को घायल कर दिया। लेकिन सोमवार को जहानागंज थाना क्षेत्र के अमठा गोपालपुर गांव के पास हुई मुठभेड़ में राकेश पासी को ढेरकर बदमाशों को ऊपर पहुंचाने के क्रम में पूरे प्रदेश में पहले स्थान पर पहुंच गई। एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह के मुताबिक आजमगढ़ के बाद दूसरे नंबर पर शामली जिले की पुलिस है।
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18 जुलाई 2017 को बरदह पुलिस की अभिरक्षा से दिल्ली पुलिस द्वारा घोषित एक लाख रुपये का ईनामी बदमाश भीम उर्फ सागर फरार हो गया। 19 जुलाई की भोर में एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह बिलरियागंज की तरफ से शहर लौट रहे थे। शहर के बाइपास पर एक बाइक पर सवार दो बदमाश दिखे तो पुलिस ने रुकने का इशारा किया। इस पर बदमाश भागने लगे लेकिन सामने से एसपी अजय साहनी की गाड़ी आते देख बदमाश अपनी बाइक बागलखराव पुल की तरफ मुड़ा लिया और बाइक छोड़ पुल के नीचे छिप गए। पुलिस से घिरे बदमाश फायर करने लगे। उनकी गोली एसपी ग्रामीण के बाएं कंधे को छिलते हुए निकल गई। जबकि दूसरी गोली एसपी के बुलेटप्रुफ जैकेट में फंस गई। पुलिस की तरफ से चलाई गई गोली में भीम उर्फ सागर घायल हो गया। जबकि उसका साथी राकेश पासी फरार हो गया। इसी दिन से पुलिस राकेश सहित अन्य अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान छेड़ दी और एक के बाद एक ताबड़तोड़ एनकाउंटर कर जहां पांच बदमाशों को ऊपर पहुंचा दिया। वहीं दो दर्जन से अधिक जेल के अस्पताल सहित अन्य जगहों पर इलाज करवा रहे हैं। इस मुठभेड़ में घायल भीम का दाहिना पैर जांघ के ऊपर से काट दिया गया है। वह बैसाखी के सहारे जेल में दिन काट रहा है। जबकि उसका साथी राकेश मारा गया।
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छह बदमाशों को ढेर कर नंबर वन हुई जिले की पुलिस
आजमगढ़। तीन अगस्त 2017 को मेंहनगर थाने की पुलिस डी-9 गिरोह के सक्रिय सदस्य 15 हजार रुपये के इनामी बदमाश जयहिंद यादव को मुठभेड़ में ढेर करने के साथ ही अपराधियों को खुली चुनौती दे दी। इसके बाद पुलिस अपराधियों पर लगातार हावी होते गई। एक के बाद एक एनकाउंटर कर उन्हें ऊपर या जेल पहुंचाने लगी। पूर्व एसपी अजय कुमार साहनी के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच की स्वाट टीम प्रभारी अरविंद यादव आदि ने जयहिंद के बाद रामपुर जिले की पुलिस अभिरक्षा से फरार डी-9 गैंग का सरगना सुजीत सिंह बुढ़वा, रामजी पासी, छन्नू सोनकर, मुकेश राजभर को पुलिस ने ऊपर पहुंचा दिया था। इसी बीच अजय साहनी का स्थानांतरण हो अलीगढ़ के लिए हो गया और जिले की कमान एसपी के तौर पर रविशंकर छवि ने संभाला। छवि के नेतृत्व में भी पुलिस ने कई मुठभेड़ कर बदमाशों को घायल कर दिया। लेकिन सोमवार को जहानागंज थाना क्षेत्र के अमठा गोपालपुर गांव के पास हुई मुठभेड़ में राकेश पासी को ढेरकर बदमाशों को ऊपर पहुंचाने के क्रम में पूरे प्रदेश में पहले स्थान पर पहुंच गई। एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह के मुताबिक आजमगढ़ के बाद दूसरे नंबर पर शामली जिले की पुलिस है।
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