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बच्चों ने मंच पर उतार दिया पूरा भारत
अमर उजाला ब्यूरो आजमगढ़।
Updated Sat, 05 Dec 2015 11:59 PM IST
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गुलामी का पुरा मुहल्ला स्थित रशाद मॉरल स्कूल में शनिवार को सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया। इस दौरान बच्चों के बीच फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता कराई गई। प्रतियोगिता में रोबोट बना बच्चा लोगों के आकर्षण का केंद्र रहा। बच्चों ने प्रतियोगिता में दर्शकों को पूरे भारत का दर्शन परिधानों के माध्यम से कराया।
फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में कक्षा नर्सरी से कक्षा तीन के बच्चों ने हिस्सा लिया। इस दौरान बच्चों ने अपने अंदाज में देश के रीति-रिवाज, पहनावे और संस्क़ृति को दर्शाया। फैंसी ड्रेस में अफशीन ने नकाब पहनकर इस्लामी संस्कृति को उजागर किया, तो कशान ने दाढ़ी-टोपी की वेशभुषा में मौलाना का चरित्र पेश किया।
एलकेजी की नबीला फैसल सिंड्रेला के वेषभूषा में काफी आकर्षक दिख रही थी। परी के रुप में फातिमा हसन और बंगाली संस्कृति को दर्शाती जेहान ने लोगों का दिल जीत लिया।
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इसी क्रम में यरजा, शमा, अफसर, साहिद आदि कश्मीरी, मराठी, पंजाबी, तमिल, गुजराती आदि प्रांत की संस्कृति को पेश किया। इस दौरान अभिभावकों सहित शिक्षकों ने बच्चों के इस प्रयास को सराहा। प्रबंधक तलहा रशादी ने सभी का आभार प्रकट किया। कहा कि भारत में तरह-तरह की संस्कृति के लोग मिलजुल कर रहते हैं।
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फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में कक्षा नर्सरी से कक्षा तीन के बच्चों ने हिस्सा लिया। इस दौरान बच्चों ने अपने अंदाज में देश के रीति-रिवाज, पहनावे और संस्क़ृति को दर्शाया। फैंसी ड्रेस में अफशीन ने नकाब पहनकर इस्लामी संस्कृति को उजागर किया, तो कशान ने दाढ़ी-टोपी की वेशभुषा में मौलाना का चरित्र पेश किया।
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एलकेजी की नबीला फैसल सिंड्रेला के वेषभूषा में काफी आकर्षक दिख रही थी। परी के रुप में फातिमा हसन और बंगाली संस्कृति को दर्शाती जेहान ने लोगों का दिल जीत लिया।
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इसी क्रम में यरजा, शमा, अफसर, साहिद आदि कश्मीरी, मराठी, पंजाबी, तमिल, गुजराती आदि प्रांत की संस्कृति को पेश किया। इस दौरान अभिभावकों सहित शिक्षकों ने बच्चों के इस प्रयास को सराहा। प्रबंधक तलहा रशादी ने सभी का आभार प्रकट किया। कहा कि भारत में तरह-तरह की संस्कृति के लोग मिलजुल कर रहते हैं।