सीएम योगी की सख्ती का असर, आजमगढ़ में यूरिया की कालाबाजारी पर 14 पर केस
आजमगढ़ जिले में 8 हजार बोरी से अधिक यूरिया की कालाबाजारी के मामले में बुधवार को 14 लोगों के खिलाफ विभिन्न थानों में एफआईआर कराई गई। इसमें एआर कोआपरेटिव ने 11 और जिला कृषि अधिकारी ने 3 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। एडीएम प्रशासन ने बताया कि मुख्यमंत्री के आदेश के अनुपालन में रासुका की भी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उर्वरकों की ब्रिकी अब संबंधित एसडीएम की देखरेख में सुनिश्चित होगी।
जिले में उर्वरक की कमी होने के बाद डीएम राजेश कुमार ने उर्वरक के 20 बड़े खरीदारों की जांच के लिए जिला कृषि अधिकारी, सहायक आयुक्त व सहायक निबंधक सहकारी समितियां, जिला गन्ना अधिकारी और भूमि संरक्षण अधिकारी ऊसर सुधार की टीम बनाई थी। जांच में पाया गया आठ क्रेताओं ने हजारों बोरी यूरिया की खरीद की है।
जांच में तीन सचिव और तीन निजी दुकानदारों की मिलीभगत भी सामने आई। डीएम के निर्देश पर जिला कृषि अधिकारी ने तीनों निजी उर्वरक विक्रेताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए तहरीर दी थी। वहीं एआर कोआपरेटिव ने भी तीन सचिवों और आठ खरीदारों के खिलाफ एफआईआर के लिए तहरीर दी थी।
जांच में कालाबारी की पुष्टि होने पर तीन समितियों के सचिव, तीन निजी उर्वरक विक्रेता और आठ किसानों के खिलाफ एफआइआर दर्ज कराई गई है। उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा। यदि जेल से निकलने के बाद फिर कालाबाजारी की कोशिश की जाती है तो रासूका की भी संस्तुति की जाएगी।
नरेंद्र सिंह, अपर जिलाधिकारी प्रशासन, आजमगढ़।