Azamgarh: रमाकांत यादव की पेशी, कड़ी सुरक्षा में फतेहगढ़ जेल से लाए गए, पूर्व MP अहमद डंपी भी हुए हाजिर
बाहुबली रमाकांत यादव को फतेहगढ़ जेल से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था में पेशी पर लाया गया था। 1998 में फूलपुर के अंबारी चौराहे पर रमाकांत व डंपी के बीच बवाल हुआ था। जिसमें पुलिस की तरफ से मुकदमा दर्ज कराया गया था।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
दीवानी न्यायालय में शनिवार को एक बाहुबली तो एक पूर्व सांसद की पेशी थी। बाहुबली रमाकांत जहां तीन मामलों में पेश हुए थे तो वहीं पूर्व सांसद डंपी एक मामले में पेश हुए थे। बाहुबली रमाकांत यादव को फतेहगढ़ जेल से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था में पेशी पर लाया गया था। 1998 में फूलपुर के अंबारी चौराहे पर रमाकांत व डंपी के बीच बवाल हुआ था। फायरिंग की गई थी तो गोलियां चलाई गई थी। जिसमें पुलिस की तरफ से मुकदमा दर्ज कराया गया था। इस मामले में दोनो धुरंधरों की संयुक्त रूप से पेशी थी। वहीं रमाकांत यादव इस मुकदमे के अलावा माहुल जहरीली शराब कांड के दो मामलों में पेश हुए थे। शनिवार को आरोप पत्र न्यायालय ने तय कर दिया और सुनवाई की अगली तारीख नौ जून निर्धारित कर दिया।
यह भी पढ़ें- Varanasi: नवनिर्वाचित पार्षद ने मंच से लगाया 'अल्लाह हू अकबर' का नारा, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल
1998 के लोकसभा चुनाव में आजमगढ़ सदर लोकसभा सीट से अकबर अहमद डंपी बसपा प्रत्याशी थे तो वहीं बाहुबली रमाकांत यादव सपा के टिकट पर मैदान में थे। सात फरवरी 1998 को अकबर अहमद डंपी फूलपुर के अंबारी में अपने समर्थकों के साथ मौजूद थे और बाहुबली रमाकांत यादव पर अपशब्दों का प्रयोग कर रहे थे। इसी दौरान बाहुबली रमाकांत अपने भाई उमाकांत यादव व समर्थकों के साथ मौके पर पहुंच गए। इसके बाद दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर फायरिंग किया तो वहीं कई वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया। इस मामले में दोनों पक्षों की तरफ से कोई तहरीर नहीं दी गई। पुलिस ने अपनी तरफ से मुकदमा पंजीकृत करते हुए रमाकांत व डंपी समेत दोनों पक्षों के कुल 38 लोगों को नामजद कर दिया।
इस मामले में ही शनिवार को एमपीएमएलए कोर्ट में सुनवाई थी। जिसमें पेशी पर अकबर अहमद डंपी, रमाकांत यादव समेत सभी 38 आरोपी उपस्थित हुए थे। शनिवार को कोर्ट में आरोप पत्र तैयार किया गया। इसके बाद न्यायाधीश ओम प्रकाश वर्मा ने इस मामले में सुनवाई की अगली तारीख नौ जून निर्धारित कर दिया। रमाकांत यादव के अधिवक्ता आद्या प्रसाद ने बताया कि रमाकांत यादव की पेशी अंबारी कांड के अलावा अहरौला के माहुल में हुए जहरीली शराब कांड के दो मामलों में भी हुई थी। पेशी पर आए पूर्व सांसद अकबर अहमद डंपी ने जहां मीडिया से कुछ भी बात करने से इंकार कर दिया तो वहीं बाहुबली रमाकांत यादव ने प्रदेश सरकार पर फर्जी मुकदमें में फंसाने का आरोप लगाया।