जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल की अध्यक्षता में बृहस्पतिवार को कार्यालय कक्ष में गठित विशेष निगरानी समिति (राजकीय चिकित्सक निजी प्रैक्टिस निषेध) की बैठक हुई। डीएम ने सरकारी चिकित्सकों के प्राइवेट प्रैक्टिस करने की जांच कराकर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए कहा। डीएम ने जनपद में संचालित मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्या, एसआईसी मंडलीय जिला चिकित्सालय, सीएमएस महिला चिकित्सालय, 100 बेड अतरौलिया, लालगंज, तरवां, उप पुलिस अधीक्षक, एलआईयू एवं सीएमओ को निर्देशित किया कि अपने संस्थान में कार्यरत सभी चिकित्सकों से निजी प्रैक्टिस न करने के संबंध में शपथ पत्र लिया जाए। डीएम द्वारा एसएसपी एवं एएसपी, एलआईयू को जिले में निजी प्रैक्टिस में संलिप्त सरकारी चिकित्सकों की गोपनीय तरीके से जांच कराकर जांच रिपाेर्ट समिति के समक्ष प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
डीएम ने सीएमओ को निर्देशित किया कि सरकारी चिकित्सकों के विरुद्ध आने वाली निजी प्रैक्टिस की शिकायत की जांच कराकर समिति के समक्ष जांच रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। जनपद में सरकारी चिकित्सकों को निजी प्रैक्टिस करने के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए। डीएम ने शासन के निर्देशानुसार समिति की बैठक प्रत्येक तीन माह में एक बार कराने का निर्देश दिया। बैठक में सीडीओ परीक्षित खटाना, सीएमओ डा. अशोक कुमार, प्रधानाचार्य राजकीय मेडिकल कालेज, चक्रपानपुर सहित अन्य अस्पतालों के प्रमुख उपस्थित थे।