सावन माह की कांवड़ यात्रा को हरी झंडी मिलने के बाद प्रशासनिक महकमा अलर्ट मोड में हो गया है। मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत एवं डीआईजी सुभाष चंद्र दूबे ने त्योहारों व कांवड़ यात्रा आदि त्योहारों पर शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ करने को लेकर अधिकारियों संग समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने जिले में हो रही हर गतिविधियों पर नजर रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि साफ सफाई, आवागमन की सुगमता, विद्युत आपूर्ति सहित अन्य समस्त व्यवस्थाओं का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को सारी व्यवस्थाएं चुस्त-दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कांवड़ यात्रा को लेकर समस्त एसडीएम, सीओ और थानाध्यक्षों को सतर्क रहने एवं क्षेत्रों में भ्रमण करने के लिए निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने कहा कि कांवड़ियों द्वारा जिन घाटों से जल लिया जाएगा, जिन शिवालयों में वह जल चढ़ाएंगे, जिन मार्गों से वह जाएंगे उन्हें संबंधित ठीक कराते हुए सुरक्षा की भी जिम्मेदारी संभालें। उन्होंने कहा कि जब रूटों का भ्रमण करें तो विशेष ध्यान दें कि बिजली के लटकते हुए तार तो नहीं। यदि हैं तो उसे ठीक करा दिया जाए। मंडलायुक्त ने कहा कि कुछ लोग एवं कुछ संस्थाएं भी कांवड़ यात्रियों को के ठहरने एवं उनके खान पान की व्यवस्था करती हैं। ऐसी स्थिति में उन पर भी सतर्क नजर रखना जरूरी है। उन्होंने निर्देश दिया कि कांवड़ यात्रा में कोई अश्लील गाना या किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला गाना कदापि नहीं बजना चाहिए। उन्होंने कहा कि एक साल के गैप के बाद कांवड़ा यात्रा निकाली जाएगी, लेकिन इसके लिए शासन के निर्देशानुसार कोविड-19 की गाइडलाइन का अनुपालन जरूरी होगा।