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Azamgarh News: 93 गोशालाएं, फिर भी सड़क पर घूम रहे एक हजार से ज्यादा छुट्टा पशु
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आजमगढ़। सरकार के तमाम दावों के बाद भी छुट्टा पशुओं की समस्या का समाधान नहीं हो सका है। जिले में अब भी एक हजार से ज्यादा छुट्टा पशु सड़कों पर घूम रहे हैं। यह हाल तब है जब जिले में 93 गोआश्रय स्थल हैं और इनमें 13 हजार से ज्यादा गोवंश रखे गए हैं। इसके बावजूद छुट्टा पशु खेत चर जा रहे हैं और लोगों पर हमलावर हो रहे हैं।
छुट्टा पशु फसलों के साथ ही इंसानों की जान के दुश्मन भी बने हुए हैं। एक तरफ जहां छुट्टा पशु फसलों को बर्बाद कर रहे हैं वहीं इनके कारण तमाम हादसे हो चुके हैं। क्षेत्र में तो सांड़ के हमले में करीब पांच-छह लोगों की जान जा चुकी है।
इन्हीं सब समस्याओं को देखते हुए शासन ने सड़क से लेकर खेतों तक घूम रहे छुट्टा पशुओं को पकड़कर गोशाला भेजने के आदेश जारी किए थे। सबसे बड़ी समस्या इन्हें रखने की आ रही है।
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छुट्टा पशुओं को गोशाला भेजना बड़ी चुनौती हैं। कारण है कि जिले में संचालित 93 गोशालाओं में पहले से ही क्षमता से अधिक पशु हैं। अब जिले में घूम रहे करीब एक हजार पशुओं को कहां पर रखा जाए, यह बड़ा सवाल है। ऐसे में शासन के आदेश का पालन करना अधिकारियों के लिए बड़ी परेशानी हैं।
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छुट्टा पशु फसलों के साथ ही इंसानों की जान के दुश्मन भी बने हुए हैं। एक तरफ जहां छुट्टा पशु फसलों को बर्बाद कर रहे हैं वहीं इनके कारण तमाम हादसे हो चुके हैं। क्षेत्र में तो सांड़ के हमले में करीब पांच-छह लोगों की जान जा चुकी है।
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इन्हीं सब समस्याओं को देखते हुए शासन ने सड़क से लेकर खेतों तक घूम रहे छुट्टा पशुओं को पकड़कर गोशाला भेजने के आदेश जारी किए थे। सबसे बड़ी समस्या इन्हें रखने की आ रही है।
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छुट्टा पशुओं को गोशाला भेजना बड़ी चुनौती हैं। कारण है कि जिले में संचालित 93 गोशालाओं में पहले से ही क्षमता से अधिक पशु हैं। अब जिले में घूम रहे करीब एक हजार पशुओं को कहां पर रखा जाए, यह बड़ा सवाल है। ऐसे में शासन के आदेश का पालन करना अधिकारियों के लिए बड़ी परेशानी हैं।