{"_id":"5963cd0f4f1c1bf15a8b46cb","slug":"91499712783-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिक्षकों का मानदेय जारी रखने को लेकर प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिक्षकों का मानदेय जारी रखने को लेकर प्रदर्शन
Updated Tue, 11 Jul 2017 12:23 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़। पूर्ववर्ती सरकार द्वारा माध्यमिक शिक्षकों को दिए जा रहे मानदेय को जारी रखने सहित तीन सूत्री मांगों को लेकर सोमवार को उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ ने डीआईओएस कार्यालय में धरना दिया। शिक्षकों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगे पूरी नहीं होती है तो सड़कों पर आंदोलन को बाध्य होंगे।
पूर्ववर्ती सरकार द्वारा माध्यमिक शिक्षकों को दिए जा रहे मानदेय को जारी रखने, पिछले वित्तीय वर्ष के मानदेय के दूसरे किस्त का एक अरब रुपये का भुगतान करने और शिक्षक/शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की सेवा नियमावली बनने आदि मांग को लेकर सोमवार को माध्यमिक शिक्षक संघ (वित्त विहिन गुट) ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। शिक्षक जुलूस की शक्ल में जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पहुंचे और धरना दिया।
धरने को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष लालबिहारी यादव ने कहा कि वित्तीय बजट 2017-18 में वित्त विहिन शिक्षकों के मानदेय की व्यवस्था अगर सरकार नहीं करती है तो 18 जुलाई को वित्त विहीन शिक्षक संघ विधानसभा का घेराव करेगी। साथ ही सरकार द्वारा पिछले वित्तीय वर्ष का लगभग एक अरब रुपये वापस करने पर कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की मांग पूरी नहीं होती है तो शिक्षक सड़क पर उतरेगा और निर्णायक संघर्ष करेगा। धरने में प्रदेश महामंत्री रामनयन त्यागी, ईश्वरचंद यादव, अनुराग यादव, अंजनी सिंह, लक्षिमन गुप्ता, कैलाश यादव, प्रशांत, लालबहादुर सिंह, प्रेमनरायन तिवारी, दु:खरन चौबे आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
पूर्ववर्ती सरकार द्वारा माध्यमिक शिक्षकों को दिए जा रहे मानदेय को जारी रखने, पिछले वित्तीय वर्ष के मानदेय के दूसरे किस्त का एक अरब रुपये का भुगतान करने और शिक्षक/शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की सेवा नियमावली बनने आदि मांग को लेकर सोमवार को माध्यमिक शिक्षक संघ (वित्त विहिन गुट) ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। शिक्षक जुलूस की शक्ल में जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पहुंचे और धरना दिया।
विज्ञापन
धरने को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष लालबिहारी यादव ने कहा कि वित्तीय बजट 2017-18 में वित्त विहिन शिक्षकों के मानदेय की व्यवस्था अगर सरकार नहीं करती है तो 18 जुलाई को वित्त विहीन शिक्षक संघ विधानसभा का घेराव करेगी। साथ ही सरकार द्वारा पिछले वित्तीय वर्ष का लगभग एक अरब रुपये वापस करने पर कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की मांग पूरी नहीं होती है तो शिक्षक सड़क पर उतरेगा और निर्णायक संघर्ष करेगा। धरने में प्रदेश महामंत्री रामनयन त्यागी, ईश्वरचंद यादव, अनुराग यादव, अंजनी सिंह, लक्षिमन गुप्ता, कैलाश यादव, प्रशांत, लालबहादुर सिंह, प्रेमनरायन तिवारी, दु:खरन चौबे आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन