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आगणन पत्रावली उपलब्ध कराने में देरी पर मांगा जवाब
Updated Sat, 17 Feb 2018 11:56 PM IST
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आजमगढ़। मंडलीय अस्पताल को तो सिवरेज सिस्टम से जोड़ा जा चुका था, लेकिन महिला अस्पताल के सीवरेज सिस्टम से नहीं जुड़ने के काफी परेशानियां का सामना करना पड़ रहा था। अस्पताल का सीवर सिस्टम चोक होने से जल निकासी की समस्या बनी रहती है। जिलाधिकारी ने समस्या का संज्ञान लेते हुए महिला अस्पताल का सीवरेज सिस्टम सही करने के लिए 15 लाख रुपये दिए हैं। पालिका को और धनराशि लगातर व्यवस्था को सही करने के निर्देश दिए हैं। जलनिगम के तुरंत प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
शहर में कुछ स्थानों पर सीवरेज लाइन बनाकर इसे बलरामपुर स्थित पंपिंग स्टेशन से जोड़ा गया है, लेकिन किसी को अधिकृत रूप से अभी कनेक्शन जारी नहीं किया गया है। मंडलीय अस्पताल को फौरी तरीके से सीवर लाइन से जोड़ा जा चुका है। कई अन्य लोग अनाधिकृत रूप से लाइन से अपना कनेक्शन जोड़ लिया है। अभी तक महिला अस्पताल तक सीवर लाइन आ चुकी है, लेकिन इसे अभी असपताल तको जोड़ा नहीं गया है। वहीं अस्पताल के अंदर का सीवर सिस्टम फेल होने के कारण नालियां हमेशा चोक हो जाती है। जल निकासी नहीं हो पाने से नारकीय स्थिति हो जता है। मामला जिलाधिकारी के संज्ञान में आने के कारण उन्होंने अपना पास से सिवर सिस्टम के लिए 15 लाख रुपये देने के साथ ही पालिका को जल निगम के साथ स्टीमेट तैयार कर इसे दुरुस्त कराने के निर्देश दिए हैं। निर्माण में आने वाले अन्य खर्च का वहन पालिका करेगी।
आंगणन पत्रावली उपलब्ध कराने में देरी पर मांगा जवाब
आजमगढ़। जिला महिला अस्पताल में काफी दिनों से व्याप्त नाले की समस्या से निजात दिलाने के लिए जिलाधिकारी ने अधिशासी अधिकारी नपा और अधिशासी अभियंता जल निगम से आंगणन पत्रावली मांगी थी, ताकि नाले का निर्माण कराया जा सके। इसमें विलंब करने पर जिलाधिकारी ने दोनों अधिकारियों से इस संबंध में देरी का कारण स्पष्ट करते हुए आगणन पत्रावली की मांग की है। महिला अस्पताल का नाला खराब होने से गंदा पानी लोगों के घरों में घुस जाता है। सबसे बुरी हालत बरसात के दिनों में होती है। लोगों का घरों से निकलना भी दूभर हो जाता है। अस्पताल के अगल बगल बसे मुहल्ले के रहने वाले लोगों के घरों में भी नाले का पानी घुसता है। इसे देखते हुए अस्पताल प्रशासन की ओर से नाला निर्माण की मांग की जा रही थी, लेकिन नगरपालिका द्वारा नाले का निर्माण नहीं कराया जा रहा था। जिलाधिकारी ने नगरपालिका और जलनिगम के अधिकारियों से आंगणन पत्रावली मांगी थी।
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शहर में कुछ स्थानों पर सीवरेज लाइन बनाकर इसे बलरामपुर स्थित पंपिंग स्टेशन से जोड़ा गया है, लेकिन किसी को अधिकृत रूप से अभी कनेक्शन जारी नहीं किया गया है। मंडलीय अस्पताल को फौरी तरीके से सीवर लाइन से जोड़ा जा चुका है। कई अन्य लोग अनाधिकृत रूप से लाइन से अपना कनेक्शन जोड़ लिया है। अभी तक महिला अस्पताल तक सीवर लाइन आ चुकी है, लेकिन इसे अभी असपताल तको जोड़ा नहीं गया है। वहीं अस्पताल के अंदर का सीवर सिस्टम फेल होने के कारण नालियां हमेशा चोक हो जाती है। जल निकासी नहीं हो पाने से नारकीय स्थिति हो जता है। मामला जिलाधिकारी के संज्ञान में आने के कारण उन्होंने अपना पास से सिवर सिस्टम के लिए 15 लाख रुपये देने के साथ ही पालिका को जल निगम के साथ स्टीमेट तैयार कर इसे दुरुस्त कराने के निर्देश दिए हैं। निर्माण में आने वाले अन्य खर्च का वहन पालिका करेगी।
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आंगणन पत्रावली उपलब्ध कराने में देरी पर मांगा जवाब
आजमगढ़। जिला महिला अस्पताल में काफी दिनों से व्याप्त नाले की समस्या से निजात दिलाने के लिए जिलाधिकारी ने अधिशासी अधिकारी नपा और अधिशासी अभियंता जल निगम से आंगणन पत्रावली मांगी थी, ताकि नाले का निर्माण कराया जा सके। इसमें विलंब करने पर जिलाधिकारी ने दोनों अधिकारियों से इस संबंध में देरी का कारण स्पष्ट करते हुए आगणन पत्रावली की मांग की है। महिला अस्पताल का नाला खराब होने से गंदा पानी लोगों के घरों में घुस जाता है। सबसे बुरी हालत बरसात के दिनों में होती है। लोगों का घरों से निकलना भी दूभर हो जाता है। अस्पताल के अगल बगल बसे मुहल्ले के रहने वाले लोगों के घरों में भी नाले का पानी घुसता है। इसे देखते हुए अस्पताल प्रशासन की ओर से नाला निर्माण की मांग की जा रही थी, लेकिन नगरपालिका द्वारा नाले का निर्माण नहीं कराया जा रहा था। जिलाधिकारी ने नगरपालिका और जलनिगम के अधिकारियों से आंगणन पत्रावली मांगी थी।
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