{"_id":"5ab14c9b4f1c1b690e8b596c","slug":"121521568923-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पदयात्रा निकाल हस्ताक्षर अभियान चलाया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पदयात्रा निकाल हस्ताक्षर अभियान चलाया
Updated Tue, 20 Mar 2018 11:32 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़। सामाजिक कार्यकर्ता एसके सत्येन और उनके भाई के ऊपर परिवहन निगम के दबाव में पुलिस की ओर से की गई एक पक्षीय कार्रावाई के विरोध में मंगलवार को सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों ने पदयात्रा निकाल हस्ताक्षर अभियान चलाया। रोडवेज विभाग के दोषियों के विरूद्ध कार्रवाई की मांग की गई।
पूर्वांचल विकास आंदोलन के संयोजक प्रवीण कुमार सिंह के नेतृत्व में सभी संगठनों के पदाधिकारी अंबेडकर पार्क में इकठ्ठा हुए। इसके बाद पदयात्रा निकाली गई। पदयात्रा कलेक्ट्रेट, प्रधान डाकघर, सिविल लाइन चौराहा होते हुए रोडवेज स्थित क्षेत्रीय प्रबंधक के कार्यालय पर पहुंची। क्षेत्रीय प्रबंधक के कार्यालय के सामने निगम कर्मचारियों के हंगामे के विरोध में हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। हस्ताक्षर की मूल प्रति को संगठनों के पदाधिकारी जिलाधिकारी को सौंपकर दोषियों के खिलाफ कार्रावाई की मांग करेंगे।प्रवीण कुमार सिंह ने कहाकि अगर अपनी समस्या को लेकर आम जनता सड़कों पर उतरती है तो पुलिस उनके ऊपर एफआईआर दर्ज कर देती है। निगम के कर्मचारियों ने चार घंटे तक आजमगढ़-फैजाबाद मार्ग को जाम करके हंगामा और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की, लेकिन पुलिस ने चार दिन बाद भी उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का साहस नहीं जुटा सकीं। कहाकि निगम के चालक और परिचालकों की मनमानी के चलते रोडवेज तिराहे पर हमेशा जाम की स्थिति बनी रहती है। दबंगई के चलते निगम के कर्मचारी आये दिन किसी न किसी से उलझते रहते हैं। भारद के जिलाध्यक्ष उमेश सिंह गुड्डू व डीपी तिवारी ने कहाकि रोडवेज कर्मचारियों ने मनबढ़ई के चलते सामाजिक कार्यकर्ता के भाई को पीटा और चार घंटे तक राजमार्ग को जाम रखा। हियुवा के रामशकल चौहान ने कहाकि पुलिस एक पक्षीय कार्रवाई करके अपनी ओछी मानसिकता का परिचय दिया है। राजेश यादव, सत्यम चौबे ने कहाकि इस सरकार में कानून का राज नहीं है निर्दोषों पर फर्जी मुकदमा दर्ज कर उन्ह फंसाया जा रहा है।
विज्ञापन
पूर्वांचल विकास आंदोलन के संयोजक प्रवीण कुमार सिंह के नेतृत्व में सभी संगठनों के पदाधिकारी अंबेडकर पार्क में इकठ्ठा हुए। इसके बाद पदयात्रा निकाली गई। पदयात्रा कलेक्ट्रेट, प्रधान डाकघर, सिविल लाइन चौराहा होते हुए रोडवेज स्थित क्षेत्रीय प्रबंधक के कार्यालय पर पहुंची। क्षेत्रीय प्रबंधक के कार्यालय के सामने निगम कर्मचारियों के हंगामे के विरोध में हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। हस्ताक्षर की मूल प्रति को संगठनों के पदाधिकारी जिलाधिकारी को सौंपकर दोषियों के खिलाफ कार्रावाई की मांग करेंगे।प्रवीण कुमार सिंह ने कहाकि अगर अपनी समस्या को लेकर आम जनता सड़कों पर उतरती है तो पुलिस उनके ऊपर एफआईआर दर्ज कर देती है। निगम के कर्मचारियों ने चार घंटे तक आजमगढ़-फैजाबाद मार्ग को जाम करके हंगामा और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की, लेकिन पुलिस ने चार दिन बाद भी उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का साहस नहीं जुटा सकीं। कहाकि निगम के चालक और परिचालकों की मनमानी के चलते रोडवेज तिराहे पर हमेशा जाम की स्थिति बनी रहती है। दबंगई के चलते निगम के कर्मचारी आये दिन किसी न किसी से उलझते रहते हैं। भारद के जिलाध्यक्ष उमेश सिंह गुड्डू व डीपी तिवारी ने कहाकि रोडवेज कर्मचारियों ने मनबढ़ई के चलते सामाजिक कार्यकर्ता के भाई को पीटा और चार घंटे तक राजमार्ग को जाम रखा। हियुवा के रामशकल चौहान ने कहाकि पुलिस एक पक्षीय कार्रवाई करके अपनी ओछी मानसिकता का परिचय दिया है। राजेश यादव, सत्यम चौबे ने कहाकि इस सरकार में कानून का राज नहीं है निर्दोषों पर फर्जी मुकदमा दर्ज कर उन्ह फंसाया जा रहा है।
विज्ञापन