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किसानों के चेहरे पर मुस्कान, जलभराव से शहरवासी परेशान
Updated Sun, 02 Jul 2017 11:51 PM IST
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आजमगढ़। जनपद में मानसून की दस्तक के साथ ही लोगों को गर्मी और उमस से काफी राहत मिली है। रविवार तड़के हुई तेज बारिश से किसानों के चेहरे पर जहां मुस्कान लौटा आई वहीं, नगर में जगह-जगह हुए जलभराव ने नगरवासियों की मुसीबत में इजाफा कर दिया। बारिश के बाद किसान रोपई के कार्य में जुट गए हैं।
जून माह में बारिश न होने से गर्मी और उमस इस कदर बढ़ गई थी कि हर कोई बारिश के लिए ईश्वर से प्रार्थना कर रहा था। जुलाई की शुरुआत होते ही ईश्वर को लोगों पर रहम आया। 30 जून की देर शाम जनपद में मानसून ने दस्तक दी। शुक्रवार को रुक-रुक कर काफी देर तक बारिश होती रही। शनिवार को पूरे बूंदाबांदी हुई। रविवार भोर में एकबार फिर बदरा झूम कर बरसे। बारिश के बाद जहां किसान धान की रोपाई के लिए निकल पड़े वहीं, शहर के कई क्षेत्रों में जलजभराव से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। बारिश एक बार फिर नगरपालिका के नाला सफाई और जलभराव न होने से दावों को अपने साथ बहा ले गई।
नगर के एसकेपी इंटर कालेज के सामने, आराजीबाग, गांधी प्रतिमा, रैदोपुर, बदरका ईदगाह, डीएवी मैदान आदि के पास जलजमाव से शहरवासी जूझते दिखे। पानी पूरे दिन सड़क पर जमा रहा। इसके कारण सबसे ज्यादा परेशानी आवागमन करने वालों को हुई। जलजमाव वाले क्षेत्र से गुजरने वाले लोग कपड़ों को बचाने की फिराक में कीचड़ से होकर गुजरने को विवश होना पड़ा।
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ऊंची इंटरलाकिंग बनीं आराजीबाग के दूकानदारों की मुसीबत : आजमगढ़। नगर के आराजीबाग में वर्षों से जलजमाव की समस्या जस की तस बनी हुई है। नगरपालिका ने पानी निकासी की व्यवस्था किए जाने का दावा किया था, लेकिन उसकी ओर से बनवाया गया नाला और बिछाई गई इंटरलाकिंग ही यहां जलजमाव का कारण बनी है। नाले और इंटरलाकिंग का निर्माण सड़क से ऊपर किया गया है। इसके कारण सड़क का पानी नाले में नहीं पहुंच पा रहा है और सड़क पर ही जमा है। नाले की सफाई न होने से नाले का पानी सड़क पर बह रहा है।
दावे के बाद भी डीएवी मैदान में लगा पानी : आजमगढ़। नगर के प्रतिष्ठित डीएवी डिग्री कालेज का मैदान इस बार भी बारिश के पानी में डूबा हुआ है। नगरपालिका ने दावा किया था कि इस बार डीएवी मैदान में पानी का जमाव नहीं होगा। इसका उपाय कर दिया गया है। लेकिन हल्की बारिश के बाद ही मैदान में पानी जमाव देखने को मिला। जलभराव को लेकर डीएवी कालेज के छात्र आंदोलन भी कर चुके हैं। कई बार नगरपालिका प्रशासन ने उन्हें पानी के निकास की व्यवस्था करने का आश्वासन दिया, लेकिन अब तक इस समस्या का समाधान नहीं हो सका।
धान की रोपाई में जुटे किसान : आजमगढ़। जून माह में बारिश न होने से किसानों के सामने अपनी धान की नर्सरी को बचाने की चुनौती खड़ी हो गई थी। किसान ट्यूबवेल के सहारे धान की नर्सरी को बचाने में जुटे थे। जिन किसानों ने पहले धान की नसरशरी डाली थी। रोपाई के लिए उनकी नर्सरी तैयार थी, लेकिन पानी के इंतजार में वह रोपाई नहीं कर पा रहे थे। जैसे ही बारिश हुई किसान धान की रोपाई करने में जुट गए।
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जून माह में बारिश न होने से गर्मी और उमस इस कदर बढ़ गई थी कि हर कोई बारिश के लिए ईश्वर से प्रार्थना कर रहा था। जुलाई की शुरुआत होते ही ईश्वर को लोगों पर रहम आया। 30 जून की देर शाम जनपद में मानसून ने दस्तक दी। शुक्रवार को रुक-रुक कर काफी देर तक बारिश होती रही। शनिवार को पूरे बूंदाबांदी हुई। रविवार भोर में एकबार फिर बदरा झूम कर बरसे। बारिश के बाद जहां किसान धान की रोपाई के लिए निकल पड़े वहीं, शहर के कई क्षेत्रों में जलजभराव से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। बारिश एक बार फिर नगरपालिका के नाला सफाई और जलभराव न होने से दावों को अपने साथ बहा ले गई।
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नगर के एसकेपी इंटर कालेज के सामने, आराजीबाग, गांधी प्रतिमा, रैदोपुर, बदरका ईदगाह, डीएवी मैदान आदि के पास जलजमाव से शहरवासी जूझते दिखे। पानी पूरे दिन सड़क पर जमा रहा। इसके कारण सबसे ज्यादा परेशानी आवागमन करने वालों को हुई। जलजमाव वाले क्षेत्र से गुजरने वाले लोग कपड़ों को बचाने की फिराक में कीचड़ से होकर गुजरने को विवश होना पड़ा।
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ऊंची इंटरलाकिंग बनीं आराजीबाग के दूकानदारों की मुसीबत : आजमगढ़। नगर के आराजीबाग में वर्षों से जलजमाव की समस्या जस की तस बनी हुई है। नगरपालिका ने पानी निकासी की व्यवस्था किए जाने का दावा किया था, लेकिन उसकी ओर से बनवाया गया नाला और बिछाई गई इंटरलाकिंग ही यहां जलजमाव का कारण बनी है। नाले और इंटरलाकिंग का निर्माण सड़क से ऊपर किया गया है। इसके कारण सड़क का पानी नाले में नहीं पहुंच पा रहा है और सड़क पर ही जमा है। नाले की सफाई न होने से नाले का पानी सड़क पर बह रहा है।
दावे के बाद भी डीएवी मैदान में लगा पानी : आजमगढ़। नगर के प्रतिष्ठित डीएवी डिग्री कालेज का मैदान इस बार भी बारिश के पानी में डूबा हुआ है। नगरपालिका ने दावा किया था कि इस बार डीएवी मैदान में पानी का जमाव नहीं होगा। इसका उपाय कर दिया गया है। लेकिन हल्की बारिश के बाद ही मैदान में पानी जमाव देखने को मिला। जलभराव को लेकर डीएवी कालेज के छात्र आंदोलन भी कर चुके हैं। कई बार नगरपालिका प्रशासन ने उन्हें पानी के निकास की व्यवस्था करने का आश्वासन दिया, लेकिन अब तक इस समस्या का समाधान नहीं हो सका।
धान की रोपाई में जुटे किसान : आजमगढ़। जून माह में बारिश न होने से किसानों के सामने अपनी धान की नर्सरी को बचाने की चुनौती खड़ी हो गई थी। किसान ट्यूबवेल के सहारे धान की नर्सरी को बचाने में जुटे थे। जिन किसानों ने पहले धान की नसरशरी डाली थी। रोपाई के लिए उनकी नर्सरी तैयार थी, लेकिन पानी के इंतजार में वह रोपाई नहीं कर पा रहे थे। जैसे ही बारिश हुई किसान धान की रोपाई करने में जुट गए।