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बलरामपुर और लाटघाट बनेगा थाना
Updated Wed, 06 Dec 2017 11:38 PM IST
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आजमगढ़ । जिले के शहर कोतवाली क्षेत्र के बलरामपुर और जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र का लाटघाट पुलिस चौकी को जल्द ही थाना बनाया जाएगा। इसके लिए पुलिस मुख्यालय से डीजीपी को रिपोर्ट भेजी गई है। वहां से स्वीकृति मिलते ही इन दोनों पुलिस चौकियों को थाना बनाए जाने का कार्य शुरू हो जाएगा।
शहर कोतवाली क्षेत्र के बलरामपुर चौकी भले ही शहर से सटा हुआ है। लेकिन इसे थाना बनाया जाना बहुत ही आवश्यक है। क्योंकि इस चौकी क्षेत्र में ही जिला अस्पताल, पीएसी कैंप आदि क्षेत्र आते हैं। यह स्थान शहर कोतवाली से दूर होने की वजह से पुलिस पूरा ध्यान नहीं दे पाती। इसीक्रम में जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र की लाटघाट पुलिस चौकी मऊ जिले के दोहरीघाट बार्डर से सटा हुआ है। घाघरा नदी का तराई वाला भाग इसी क्षेत्र में आता है। चौकी पर पर्याप्त मात्रा में फोर्स न होने की वजह से क्षेत्र की विधिवत निगहारी नहीं हो पाती। एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक शहर के क्षेत्र में एक लाख और देहात में 50 हजार की आबादी पर एक थाना होना चाहिए। लेकिन जिले में जितने भी थाने हैं वहां के कर्मचारियों पर सुरक्षा का अधिक भार है। एसपी ग्रामीण ने बताया कि इन दोनों पुलिस चौकियों को थाना बनाए जाने की पूर्व में रिपोर्ट पुलिस मुख्यालय भेजी गई थी। मुख्यालय से उसकी स्वीकृति के लिए डीजीपी के यहां रिपोर्ट भेजी गई है। स्वीकृति मिलने के बाद थाने का निर्माण शुरू हो जाएगा।
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शहर कोतवाली क्षेत्र के बलरामपुर चौकी भले ही शहर से सटा हुआ है। लेकिन इसे थाना बनाया जाना बहुत ही आवश्यक है। क्योंकि इस चौकी क्षेत्र में ही जिला अस्पताल, पीएसी कैंप आदि क्षेत्र आते हैं। यह स्थान शहर कोतवाली से दूर होने की वजह से पुलिस पूरा ध्यान नहीं दे पाती। इसीक्रम में जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र की लाटघाट पुलिस चौकी मऊ जिले के दोहरीघाट बार्डर से सटा हुआ है। घाघरा नदी का तराई वाला भाग इसी क्षेत्र में आता है। चौकी पर पर्याप्त मात्रा में फोर्स न होने की वजह से क्षेत्र की विधिवत निगहारी नहीं हो पाती। एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक शहर के क्षेत्र में एक लाख और देहात में 50 हजार की आबादी पर एक थाना होना चाहिए। लेकिन जिले में जितने भी थाने हैं वहां के कर्मचारियों पर सुरक्षा का अधिक भार है। एसपी ग्रामीण ने बताया कि इन दोनों पुलिस चौकियों को थाना बनाए जाने की पूर्व में रिपोर्ट पुलिस मुख्यालय भेजी गई थी। मुख्यालय से उसकी स्वीकृति के लिए डीजीपी के यहां रिपोर्ट भेजी गई है। स्वीकृति मिलने के बाद थाने का निर्माण शुरू हो जाएगा।
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