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Auraiya News: जुलाई में मिल जाएगी फार्मेसी कॉलेज की सौगात
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विशाल सिंह, संवाद
औरैया। जिले में उद्योग स्थापना के लिए साइन हुए एमओयू में शिक्षा क्षेत्र से जुड़ा एमओयू जिले के युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बड़ा कदम है। ककोर स्थित मुख्यालय के सामने एमओयू के तहत साइन फार्मेसी कॉलेज आकार ले रहा है।
जुलाई में यहां दाखिले शुरू हो जाएंगे। युवाओं को भविष्य निखारने के लिए अवसर मिलने जा रहा है। जिले में 112 एमओयू को धरातल पर उतारने का काम शुरू किया गया है। शिक्षा व सेवा क्षेत्र से जुड़े एमओयू के तहत गुरुदेव इनोवेटिव कॉलेज आफ फार्मेसी का निर्माण ककोर मुख्यालय के सामने कराया जा रहा है। काम लगभग अंतिम तौर में है।
यहां 60 सीटें बी फार्मा तो 60 सीटें डी फार्मा की रहेंगी। संबंधित कोर्सों में युवा दाखिला लेकर फार्मेसी के क्षेत्र में अपना भविष्य संवार सकेंगे। खास बात यह है कि सात करोड़ का यह प्रोजेक्ट है। इसमें विशेष लैब का निर्माण भी कराया जा रहा है। जहां उपकरणों के माध्यम से अभ्यर्थी आसानी से बारीकी सीख सकेंगे।
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प्रदेश स्तर पर यह कॉलेज अपनी पहचान छोड़ने वाला होगा। जुलाई 2024 से यहां पहले बैच की पढ़ाई शुरू कर दी जाएगी। इसके लिए अभी से दाखिले की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। हालांकि भवन का काफी कुछ निर्माण अभी शेष है।
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जिले से लगाव ने रखी फार्मेसी कॉलेज की आधारशिला
निर्माणाधीन गुरुदेव इनोवेटिव कॉलेज ऑफ फार्मेसी के डायरेक्टर डॉ. आरसी राजपूत ने बताया कि टेक्निकल एजूकेशन कानपुर निदेशालय से सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने जिले का रुख किया। व्यापार के लिहाज से दूसरे जिले ज्यादा मुनासिब हो सकते थे, लेकिन औरैया से विशेष लगाव होने के चलते जिले में ही आधारशिला रखी। ककोर मुख्यालय के सामने भवन निर्माण का काम शुरू कराया। जुलाई 2024 में पहले बैच की पढ़ाई भी शुरू हो जाएगी। उन्होंने बताया कि वह मूल रूप से फफूंद थाना क्षेत्र के गांव माखनपुर के निवासी है। फिलहाल दिबियापुर के विकास कुंज में रह रहे हैं।
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बोले जिम्मेदार-- --
फार्मेसी कॉलेज का एमओयू पूरा हो गया है। धरातल पर कॉलेज के भवन निर्माण की कवायद अंतिम दौर में है। जिले के युवाओं के लिए अच्छा क्षेत्र बनने जा रहा है। दूसरे जिलों का रुख अब युवाओं को नहीं करना पड़ेगा।
-अनुराग अग्रहरि, उद्यमी मित्र
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औरैया। जिले में उद्योग स्थापना के लिए साइन हुए एमओयू में शिक्षा क्षेत्र से जुड़ा एमओयू जिले के युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बड़ा कदम है। ककोर स्थित मुख्यालय के सामने एमओयू के तहत साइन फार्मेसी कॉलेज आकार ले रहा है।
जुलाई में यहां दाखिले शुरू हो जाएंगे। युवाओं को भविष्य निखारने के लिए अवसर मिलने जा रहा है। जिले में 112 एमओयू को धरातल पर उतारने का काम शुरू किया गया है। शिक्षा व सेवा क्षेत्र से जुड़े एमओयू के तहत गुरुदेव इनोवेटिव कॉलेज आफ फार्मेसी का निर्माण ककोर मुख्यालय के सामने कराया जा रहा है। काम लगभग अंतिम तौर में है।
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यहां 60 सीटें बी फार्मा तो 60 सीटें डी फार्मा की रहेंगी। संबंधित कोर्सों में युवा दाखिला लेकर फार्मेसी के क्षेत्र में अपना भविष्य संवार सकेंगे। खास बात यह है कि सात करोड़ का यह प्रोजेक्ट है। इसमें विशेष लैब का निर्माण भी कराया जा रहा है। जहां उपकरणों के माध्यम से अभ्यर्थी आसानी से बारीकी सीख सकेंगे।
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प्रदेश स्तर पर यह कॉलेज अपनी पहचान छोड़ने वाला होगा। जुलाई 2024 से यहां पहले बैच की पढ़ाई शुरू कर दी जाएगी। इसके लिए अभी से दाखिले की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। हालांकि भवन का काफी कुछ निर्माण अभी शेष है।
जिले से लगाव ने रखी फार्मेसी कॉलेज की आधारशिला
निर्माणाधीन गुरुदेव इनोवेटिव कॉलेज ऑफ फार्मेसी के डायरेक्टर डॉ. आरसी राजपूत ने बताया कि टेक्निकल एजूकेशन कानपुर निदेशालय से सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने जिले का रुख किया। व्यापार के लिहाज से दूसरे जिले ज्यादा मुनासिब हो सकते थे, लेकिन औरैया से विशेष लगाव होने के चलते जिले में ही आधारशिला रखी। ककोर मुख्यालय के सामने भवन निर्माण का काम शुरू कराया। जुलाई 2024 में पहले बैच की पढ़ाई भी शुरू हो जाएगी। उन्होंने बताया कि वह मूल रूप से फफूंद थाना क्षेत्र के गांव माखनपुर के निवासी है। फिलहाल दिबियापुर के विकास कुंज में रह रहे हैं।
बोले जिम्मेदार
फार्मेसी कॉलेज का एमओयू पूरा हो गया है। धरातल पर कॉलेज के भवन निर्माण की कवायद अंतिम दौर में है। जिले के युवाओं के लिए अच्छा क्षेत्र बनने जा रहा है। दूसरे जिलों का रुख अब युवाओं को नहीं करना पड़ेगा।
-अनुराग अग्रहरि, उद्यमी मित्र