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Auraiya News: प्राचार्य के आदेशों के खिलाफ शिक्षकों ने दिया धरना
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फोटो-20एयूआरपी22- धरना देते प्रोफेसर। संवाद
औरैया। तिलक महाविद्यालय के शिक्षक संघ ( कूटा) के पदाधिकारियों ने प्राचार्य के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते हुए धरना दिया। इस दौरान प्राचार्य से हुई वार्ता में पदाधिकारी संतुष्ट नहीं हुए।
कूटा के अध्यक्ष डॉ. सुयश शुक्ला व महामंत्री डॉ. अमित कुमार सिंह ने बताया कि प्राचार्य द्वारा पूर्व में विभागाध्यक्ष व प्रभारी का पद उच्च शिक्षा निदेशालय द्वारा समाप्त होने की बात कही गई थी। लेकिन 19 सितंबर को प्राचार्य प्रो. रवि कुमार द्वारा दिए आदेश में विभाग प्रभारी द्वारा हस्ताक्षरित छात्रों की उपस्थिति पंजिका जमा करने के लिए कहा गया। उक्त विरोधाभासी आदेशों के संबंध में पदाधिकारी प्राचार्य से वार्ता करने पहुंचे। आरोप है कि तब प्राचार्य द्वारा वार्ता करने से मना कर दिया गया। इसके विरोध में शिक्षकों द्वारा प्राचार्य कक्ष के बाहर विरोध प्रदर्शन किया गया।
विरोध प्रदर्शन के दौरान प्राचार्य द्वारा पदाधिकारियों को वार्ता के लिए बुलाया गया। आरोप है कि वार्ता के दौरान प्राचार्य द्वारा विरोधाभाषी आदेशों को ही सही बताया गया। इसका संगठन ने कड़ा विरोध किया है। धरना देने वालों में डॉ. अलकेश गुप्ता, डॉ. अनुपमा वर्मा, डॉ. अधीर कुमार गुप्ता, डॉ. प्रकाश वीर सिंह, डॉ. जय सिंह व डॉ. गौरव अग्रवाल शामिल थे। वहीं प्राचार्य डॉ. रवि कुमार ने बताया कि बेवजह विरोध प्रदर्शन किया गया है।
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मानकों के तहत पठन-पाठन कॉलेज में होगा। इसमें हीलाहवाली कतई स्वीकार नहीं होगी। प्रदर्शन करने वाले प्रोफेसरों को नोटिस जारी किया जाएगा। पढ़ाई के दौरान धरना शुरू कर देना सीधे तौर पर नियमों का उल्लंघन है।(संवाद)
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कूटा के अध्यक्ष डॉ. सुयश शुक्ला व महामंत्री डॉ. अमित कुमार सिंह ने बताया कि प्राचार्य द्वारा पूर्व में विभागाध्यक्ष व प्रभारी का पद उच्च शिक्षा निदेशालय द्वारा समाप्त होने की बात कही गई थी। लेकिन 19 सितंबर को प्राचार्य प्रो. रवि कुमार द्वारा दिए आदेश में विभाग प्रभारी द्वारा हस्ताक्षरित छात्रों की उपस्थिति पंजिका जमा करने के लिए कहा गया। उक्त विरोधाभासी आदेशों के संबंध में पदाधिकारी प्राचार्य से वार्ता करने पहुंचे। आरोप है कि तब प्राचार्य द्वारा वार्ता करने से मना कर दिया गया। इसके विरोध में शिक्षकों द्वारा प्राचार्य कक्ष के बाहर विरोध प्रदर्शन किया गया।
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विरोध प्रदर्शन के दौरान प्राचार्य द्वारा पदाधिकारियों को वार्ता के लिए बुलाया गया। आरोप है कि वार्ता के दौरान प्राचार्य द्वारा विरोधाभाषी आदेशों को ही सही बताया गया। इसका संगठन ने कड़ा विरोध किया है। धरना देने वालों में डॉ. अलकेश गुप्ता, डॉ. अनुपमा वर्मा, डॉ. अधीर कुमार गुप्ता, डॉ. प्रकाश वीर सिंह, डॉ. जय सिंह व डॉ. गौरव अग्रवाल शामिल थे। वहीं प्राचार्य डॉ. रवि कुमार ने बताया कि बेवजह विरोध प्रदर्शन किया गया है।
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मानकों के तहत पठन-पाठन कॉलेज में होगा। इसमें हीलाहवाली कतई स्वीकार नहीं होगी। प्रदर्शन करने वाले प्रोफेसरों को नोटिस जारी किया जाएगा। पढ़ाई के दौरान धरना शुरू कर देना सीधे तौर पर नियमों का उल्लंघन है।(संवाद)