फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Auraiya News ›   Ignoring covid rules in hospitals can be heavy

Auraiya News: अस्पतालों में कोविड नियमों की अनदेखी पड़ सकती है भारी

Tue, 11 Apr 2023 01:02 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया Updated Tue, 11 Apr 2023 01:02 AM IST
विज्ञापन
Ignoring covid rules in hospitals can be heavy
औरैया। कोरोना ने फिर से पांव पसारना शुरू कर दिया है। जिले में इस समय कोरोना के दो सक्रिय मामले हैं, इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग में खलबली है। अधिकारियों की मानें तो अभी हालात फिलहाल स्थिर है, लेकिन गंभीरता से एहतियात बरतने की जरूरत है। क्योंकि छोटी गलती भी इस समय भारी पड़ सकती है। सोमवार को भी अस्पतालों, सार्वजनिक स्थानों में लोग बिना मास्क के नजर आए। इसके अलावा कहीं भी सामाजिक दूरी का पालन होते नहीं दिखा।
विज्ञापन

रविवार को अजीतमल और दिबियापुर में दो कोरोना मरीज मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने अलर्ट जारी किया है। संक्रमित लोगों के परिवार और आसपास के लोगों की सैंपलिंग की जा रही है। इसके बावजूद भी शहर से लेकर गांव तक कोरोना के प्रति कोई भी संवेदनशील नहीं दिख रहा है।
विज्ञापन

हालात ये हैं कि जिला अस्पताल और स्वास्थ्य केंद्रों पर भी कोरोना गाइडलाइन को दरकिनार किया जा रहा है। इसके अलावा शहर के बाजारों, बस स्टेशन, रेलवे स्टेशनों पर कोरोना के प्रति लोगों की लापरवाही देखी जा सकती है, जो लोगों के लिए घातक हो सकती है। अस्पतालों में जांच के नाम पर खानापूरी हो रही है। जबकि प्रत्येक बुखार से पीड़ित मरीज की जांच के आदेश हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

वैक्सीन नहीं, बूस्टर डोज की सलाह
अस्पतालों में बुखार, खांसी, जुकाम से ग्रसित होकर पहुंच रहे मरीजों को डॉक्टर कोरोना की बूस्टर डोज लेने की सलाह दे रहे हैं। डॉक्टर कहते हैं कि बूस्टर डोज को एंटीबॉडी को कवर करने के लिए बनाया गया था। ये लेना इसलिए जरूरी है क्योंकि एंटीबॉडी तीन महीने के बाद कम होने लगती है, खासकर उन लोगों में जिन्हें छह महीने पहले वैक्सीन लगाई गई थी। छह महीने की अवधि बीतने के बाद एंटीबॉडी का स्तर कम हो जाता है। मगर जिले में टीकाकरण बंद चल रहा है। अधिकारी इसको लेकर स्थिति साफ नहीं कर पा रहे हैं।
रेलवे, बस स्टेशन पर हेल्प डेस्क नहीं
जिले में कई बड़े औद्योगिक संस्थान होने के कारण लोगों का गैर प्रांत से आना जाना लगा हुआ है। इसके बाद भी रेलवे स्टेशन, बस स्टेशनों पर कोविड हेल्प डेस्क नहीं है। यहां पर बाहर से आने वाले मरीजों की जांच नहीं की जा रही है। जिससे लोगों में संक्रमण का पता लगाया जा सके।
इन नियमों का पालन करें-
भीड़भाड़ वाले स्थान पर जाने से बचें। खांसते व छींकते समय रुमाल व टिशू का प्रयोग करें। घर से बाहर निकलते समय मास्क लगाएं। सार्वजनिक स्थानों पर थूकने में परहेज करें। बार-बार हाथ धोएं। जुकाम या बुखार होने पर तुंरत चिकित्सक से सलाह लें।

वर्जन
कोविड नियमों का पालन करना जरूरी है। लोगों को जागरूक किया जा रहा है। सार्वजनिक स्थानों, बस, रेलवे स्टेशनों पर जांच कराई जा रही है। यदि कहीं पर लापरवाही बरती जा रही है तो जांच कर सख्ती बरती जाएगी। मॉकड्रिल कराकर व्यवस्थाएं दुरुस्त की जा रही है। - डॉ. अर्चना श्रीवास्तव, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed