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हादसे की आशंका के बावजूद गुजर रहे लोड ट्रक
अमर उजाला ब्यूरो, औरैया
Updated Thu, 25 Aug 2016 11:28 PM IST
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पुल पर बोर्ड लगे होने के बावजूद गुजर रहे भारी एवं लोड ट्रक
- फोटो : अमर उजाला
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सिंचाई विभाग ने दिबियापुर स्थित नहर पुल पर बड़े वाहनों के गुजरने से पुल के क्षतिग्रस्त होने की आशंका जताई है। इसके बावजूद यहां से बड़े एवं ओवर लोड वाहनों को प्रतिबंधित नहीं किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का अंदेशा है कि प्रशासन की अनदेखी किसी बड़े हादसे का सबब बन सकती है।
अमर उजाला ने 10 जून को 160 वर्ष पुराने नहर पुल के ढहने के कगार पर होने की खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इस पर सिंचाई विभाग ने पांच अगस्त को दिबियापुर स्थित नहर पुल पर एक बोर्ड लगाया। इसमें बताया गया कि नहर पुल पर भारी वाहनों के गुजरने से यह क्षतिग्रस्त हो सकता है। साथ ही अन्य वाहनों को भी सावधानी से गुजरने की हिदायत दी गई। बोर्ड लगे 20 दिन गुजर चुके हैं।
अभी तक जिला प्रशासन ने भारी वाहनों का नहर पुल पर गुजरना प्रतिबंधित नहीं किया है। आलम यह है कि धड़ल्ले से बड़े एवं गिट्टी, मौरंग से भरे ओवरलोड ट्रक, गैस टैेंकर इस मार्ग पर धड़ल्ले से गुजर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि शायद प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है। सुबह आठ बजे से शाम आठ बजे तक औरैया की ओर से आने वाले लोडेड वाहनों के लिए दिबियापुर में नो इंट्री है। इसके बावजूद दिन के समय में भी लोडेड वाहन इस मार्ग पर गुजरते नजर आते हैं। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि हादसे की आशंका को देखते हुए ओवरलोडेड एवं बड़े वाहनों को इस मार्ग पर पूरी तरह से प्रतिबंधित किया जाए।
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इस संबंध में दिबियापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक आदित्य प्रकाश यादव का कहना है कि बड़े वाहनों के नहर पुल पर प्रतिबंधित किए जाने संबंधी कोई जानकारी सिंचाई विभाग ने नहीं दी है। फिर भी दिन के समय औरैया की ओर से आने वाले भारी वाहनों को नो इंट्री के कारण फफूंद चौराहे पर ही रोक दिया जाता है। नो इंट्री का सख्ती से पालन करने के लिए निर्देशित किया गया है।
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अमर उजाला ने 10 जून को 160 वर्ष पुराने नहर पुल के ढहने के कगार पर होने की खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इस पर सिंचाई विभाग ने पांच अगस्त को दिबियापुर स्थित नहर पुल पर एक बोर्ड लगाया। इसमें बताया गया कि नहर पुल पर भारी वाहनों के गुजरने से यह क्षतिग्रस्त हो सकता है। साथ ही अन्य वाहनों को भी सावधानी से गुजरने की हिदायत दी गई। बोर्ड लगे 20 दिन गुजर चुके हैं।
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अभी तक जिला प्रशासन ने भारी वाहनों का नहर पुल पर गुजरना प्रतिबंधित नहीं किया है। आलम यह है कि धड़ल्ले से बड़े एवं गिट्टी, मौरंग से भरे ओवरलोड ट्रक, गैस टैेंकर इस मार्ग पर धड़ल्ले से गुजर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि शायद प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है। सुबह आठ बजे से शाम आठ बजे तक औरैया की ओर से आने वाले लोडेड वाहनों के लिए दिबियापुर में नो इंट्री है। इसके बावजूद दिन के समय में भी लोडेड वाहन इस मार्ग पर गुजरते नजर आते हैं। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि हादसे की आशंका को देखते हुए ओवरलोडेड एवं बड़े वाहनों को इस मार्ग पर पूरी तरह से प्रतिबंधित किया जाए।
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इस संबंध में दिबियापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक आदित्य प्रकाश यादव का कहना है कि बड़े वाहनों के नहर पुल पर प्रतिबंधित किए जाने संबंधी कोई जानकारी सिंचाई विभाग ने नहीं दी है। फिर भी दिन के समय औरैया की ओर से आने वाले भारी वाहनों को नो इंट्री के कारण फफूंद चौराहे पर ही रोक दिया जाता है। नो इंट्री का सख्ती से पालन करने के लिए निर्देशित किया गया है।