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Auraiya News: जोखिम भरी नहर पटरियां, चूके तो गई जान
Fri, 20 Feb 2026 11:59 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
Updated Fri, 20 Feb 2026 11:59 PM IST
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फोटो-40-भोगनीपुर प्रखंड नहर पर राहतपुर जाने वाली सड़क किनारे कटी पटरी। संवाद
औरैया। जिले से गुजरने वाली नहरों की पटरी पर आवागमन को सुगम बनाने के लिए सड़कें बनाई गईं थीं, लेकिन सुरक्षा के अभाव में इन पटरियों पर सफर करना जोखिम भरा होता जा रहा है।
कहीं भी न तो कटी पटरियों की मरम्मत कराई जा रही है और न ही सुरक्षा के कोई इंतजाम किए गए हैं। बुधवार की रात अछल्दा क्षेत्र में निचली गंग नहर में कार गिरने से दंपती और बेटे की मौत हो गई थी। इसके बाद भी जिम्मेदारों ने केवल उसी स्थल की मरम्मत कराई, जहां हादसा हुआ था। बाकी जगह अब भी हादसों का इंतजार जारी है। दिबियापुर से गुजरने वाली निचली गंग नहर हो या फिर बिधूना से गुजरने वाली रामगंगा नहर सबका एक ही हाल है।
नहर की जिन पटरियों पर सड़क बनी है, उन पर सुरक्षा के लिए इंतजाम किए जाने का नियम है। नियम के अनुसार इसके लिए मिट्टी से शोल्डर बनाए जाने के साथ ही मिट्टी भरकर बोरियां भी रखी जाती हैं। साथ ही कटी हुई पटरी की मरम्मत के लिए प्रस्ताव बनाकर भेजा जाता है। स्वीकृति मिलने पर उसकी मरम्मत कराई जाती है, लेकिन ऐसा नहीं किया जा रहा है।
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सीन-1
सिंचाई विभाग को चिंता नहीं
भोगनीपुर प्रखंड नहर की पटरी पर राहतपुर, मिर्जापुर आदि गांवों के जाने के लिए सड़क बनी है। इस पूरी सड़क पर कहीं भी न तो शोल्डर है और न ही कोई अन्य इंतजाम। कई जगह तो अगर जरा सी चूक हो तो वाहन सीधे नहर में ही जा गिरे, लेकिन सिंचाई विभाग को इसकी कोई चिंता नहीं है।
सीन-2
जगतपुर के पास नहर सड़क तक आ पहुंची
रामगंगा नहर बिधूना क्षेत्र से होकर गुजरती है। इसकी पटरी पर बनी सड़क भी हादसों को दावत दे रही है। गांव जगतपुर के पास नहर सड़क तक आ पहुंची है। वाहन चालक की जरा सी चूक जिंदगियों के लिए काल बनने में देर नहीं लगेगी।
सीन-3
सड़क हादसों को दावत दे रही
दिबियापुर से गुजरी निचली गंग नहर की पटरी पर बनी सड़क भी हादसों को दावत दे रही है। यहां सड़क किनारे कार जाते ही सीधे नहर में जा गिरेगी। यह हाल तब है जब यहां कुछ ही दूरी पर सिंचाई विभाग का कार्यालय है। अधिकारी आए दिन यहां से गुजरते हैं।
नहरों की पटरियों पर कटान या अन्य की जरूरत पर प्रस्ताव बनाकर भेजा जाता है। कार्य भी कराया जाता है। जहां भी कमियां हैं उन्हें दूर कराया जाएगा।
-सुभाष चंद्र, सहायक अभियंता सिंचाई विभाग
सड़क की मरम्मत लोक निर्माण विभाग कराता है जबकि कच्ची पटरी की मरम्मत सिंचाई विभाग कराता है। जहां भी पटरी क्षतिग्रस्त है, उसे दुरुस्त कराया जाएगा।
-तारिक खान, अवर अभियंता, भोगनीपुर प्रखंड
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कहीं भी न तो कटी पटरियों की मरम्मत कराई जा रही है और न ही सुरक्षा के कोई इंतजाम किए गए हैं। बुधवार की रात अछल्दा क्षेत्र में निचली गंग नहर में कार गिरने से दंपती और बेटे की मौत हो गई थी। इसके बाद भी जिम्मेदारों ने केवल उसी स्थल की मरम्मत कराई, जहां हादसा हुआ था। बाकी जगह अब भी हादसों का इंतजार जारी है। दिबियापुर से गुजरने वाली निचली गंग नहर हो या फिर बिधूना से गुजरने वाली रामगंगा नहर सबका एक ही हाल है।
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नहर की जिन पटरियों पर सड़क बनी है, उन पर सुरक्षा के लिए इंतजाम किए जाने का नियम है। नियम के अनुसार इसके लिए मिट्टी से शोल्डर बनाए जाने के साथ ही मिट्टी भरकर बोरियां भी रखी जाती हैं। साथ ही कटी हुई पटरी की मरम्मत के लिए प्रस्ताव बनाकर भेजा जाता है। स्वीकृति मिलने पर उसकी मरम्मत कराई जाती है, लेकिन ऐसा नहीं किया जा रहा है।
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सिंचाई विभाग को चिंता नहीं
भोगनीपुर प्रखंड नहर की पटरी पर राहतपुर, मिर्जापुर आदि गांवों के जाने के लिए सड़क बनी है। इस पूरी सड़क पर कहीं भी न तो शोल्डर है और न ही कोई अन्य इंतजाम। कई जगह तो अगर जरा सी चूक हो तो वाहन सीधे नहर में ही जा गिरे, लेकिन सिंचाई विभाग को इसकी कोई चिंता नहीं है।
सीन-2
जगतपुर के पास नहर सड़क तक आ पहुंची
रामगंगा नहर बिधूना क्षेत्र से होकर गुजरती है। इसकी पटरी पर बनी सड़क भी हादसों को दावत दे रही है। गांव जगतपुर के पास नहर सड़क तक आ पहुंची है। वाहन चालक की जरा सी चूक जिंदगियों के लिए काल बनने में देर नहीं लगेगी।
सीन-3
सड़क हादसों को दावत दे रही
दिबियापुर से गुजरी निचली गंग नहर की पटरी पर बनी सड़क भी हादसों को दावत दे रही है। यहां सड़क किनारे कार जाते ही सीधे नहर में जा गिरेगी। यह हाल तब है जब यहां कुछ ही दूरी पर सिंचाई विभाग का कार्यालय है। अधिकारी आए दिन यहां से गुजरते हैं।
नहरों की पटरियों पर कटान या अन्य की जरूरत पर प्रस्ताव बनाकर भेजा जाता है। कार्य भी कराया जाता है। जहां भी कमियां हैं उन्हें दूर कराया जाएगा।
-सुभाष चंद्र, सहायक अभियंता सिंचाई विभाग
सड़क की मरम्मत लोक निर्माण विभाग कराता है जबकि कच्ची पटरी की मरम्मत सिंचाई विभाग कराता है। जहां भी पटरी क्षतिग्रस्त है, उसे दुरुस्त कराया जाएगा।
-तारिक खान, अवर अभियंता, भोगनीपुर प्रखंड

फोटो-40-भोगनीपुर प्रखंड नहर पर राहतपुर जाने वाली सड़क किनारे कटी पटरी। संवाद