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पराली जलाने वालों के खिलाफ होगी कार्रवाई, कृषि विशेषज्ञ सख्त
Updated Sat, 13 Oct 2018 12:42 AM IST
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बिधूना (औरैया)। विकासखंड ऐरवाकटरा के ग्राम भैदपुर, जसवंतपुर तथा भटपुरा में फसल अवशेष जलाने की सूचना पर कृषि अधिकारियों ने मौका मुआयना किया। इसकी रिपोर्ट शासन को भेजी गई है। मालूम हो कि वायु प्रदूषण को रोकने के उद्देश्य से फसल अवशेष जलाने पर मनाही है। इसकी निगरानी सेटेलाइट के माध्यम से की जा रही है। भैदपुर, जसवंतपुर और भटपुरा के कुछ किसानों ने अपने खेत के धान की फसल को काटकर शेष पराली को जला दिया।
सेटेलाइट के माध्यम से दिल्ली में बैठे एनजीटी के अधिकारियों ने देखा और इसकी सूचना औरैया के कृषि अधिकारियों को दी गयी। सूचना पाकर ऐरवाकटरा के कृषि प्रविधिक सहायक जितेंद्र कुमार, सुनील मिश्रा, कौशलेंद्र यादव, आनंद कुमार द्वारा मौके पर पहुंचकर जांच की। कृषि प्राविधिक सहायक डॉ. जितेंद्र कुशवाहा ने बताया कि ऐसे में जब धान की कटाई शुरू हो चुकी है। कोई भी किसान धान की पराली जलाकर वायु प्रदूषण न फैलाए। अगर कोई किसान पराली जलाता है तो उसके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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सेटेलाइट के माध्यम से दिल्ली में बैठे एनजीटी के अधिकारियों ने देखा और इसकी सूचना औरैया के कृषि अधिकारियों को दी गयी। सूचना पाकर ऐरवाकटरा के कृषि प्रविधिक सहायक जितेंद्र कुमार, सुनील मिश्रा, कौशलेंद्र यादव, आनंद कुमार द्वारा मौके पर पहुंचकर जांच की। कृषि प्राविधिक सहायक डॉ. जितेंद्र कुशवाहा ने बताया कि ऐसे में जब धान की कटाई शुरू हो चुकी है। कोई भी किसान धान की पराली जलाकर वायु प्रदूषण न फैलाए। अगर कोई किसान पराली जलाता है तो उसके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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