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जहरीले कीड़े के काटने से मासूम की मौत
Updated Sat, 23 Sep 2017 12:27 AM IST
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कदौरा। कस्बे में चार वर्षीय मासूम की जहरीले कीड़े के काटने से मौत हो गई। हालत बिगड़ने पर परिजन सीएचसी ले गए, जहां हमीरपुर रेफर कर दिया गया। हमीरपुर में इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। परिजनों का आरोप है कि एंबुलेेंस समय से न मिलने पर बच्चे की मौत हो गई।
कदौरा कस्बे के मोहल्ला ईदगाह निवासी अब्बास का 4 वर्षीय पुत्र लकी गुरुवार रात 8 बजे घर में बने में शौचालय जा रहा था। तभी किसी जहरीले कीड़े ने उसे काट लिया। आनन-फानन में परिजन उसे प्राथमिक स्वास्थ्य कें द्र ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखकर हमीरपुर के लिए रेफर कर दिया।
जहां इलाज के दौरान मासूम की मौत हो गई। लकी के पिता का आरोप है कि कदौरा सीएचसी में इलाज के दौरान उन्होंने एंबुलेंस को कई बार फोन किया। हर बार यही कहा गया कि एंबुलेंस खाली नहीं है। एंबुलेंस उपलब्ध न होने पर प्राइवेट वाहन लेकर हमीरपुर गए तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
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जबकि कदौरा सीएचसी में 102 व 108 की दो एंबुलेेंस है इसके बाद भी एंबुलेंस नहीं मिली। सीएमओ अल्पना बरतारिया ने कहा कि 108 एंबुलेंस सेवा लखनऊ से संचालित होती है, जिसमें हम लोग हस्तक्षेप नहीं कर सकते हैं। अगर सीएचसी स्तर से कोई गड़बड़ी हुई है तो जांच कर कार्रवाई कराई जाएगी।
-परिजनों का आरोप, एंबुलेंस न मिलने पर इलाज में देरी से गई जान
अमर उजाला ब्यूरो
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कदौरा कस्बे के मोहल्ला ईदगाह निवासी अब्बास का 4 वर्षीय पुत्र लकी गुरुवार रात 8 बजे घर में बने में शौचालय जा रहा था। तभी किसी जहरीले कीड़े ने उसे काट लिया। आनन-फानन में परिजन उसे प्राथमिक स्वास्थ्य कें द्र ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखकर हमीरपुर के लिए रेफर कर दिया।
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जहां इलाज के दौरान मासूम की मौत हो गई। लकी के पिता का आरोप है कि कदौरा सीएचसी में इलाज के दौरान उन्होंने एंबुलेंस को कई बार फोन किया। हर बार यही कहा गया कि एंबुलेंस खाली नहीं है। एंबुलेंस उपलब्ध न होने पर प्राइवेट वाहन लेकर हमीरपुर गए तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
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जबकि कदौरा सीएचसी में 102 व 108 की दो एंबुलेेंस है इसके बाद भी एंबुलेंस नहीं मिली। सीएमओ अल्पना बरतारिया ने कहा कि 108 एंबुलेंस सेवा लखनऊ से संचालित होती है, जिसमें हम लोग हस्तक्षेप नहीं कर सकते हैं। अगर सीएचसी स्तर से कोई गड़बड़ी हुई है तो जांच कर कार्रवाई कराई जाएगी।
-परिजनों का आरोप, एंबुलेंस न मिलने पर इलाज में देरी से गई जान
अमर उजाला ब्यूरो