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Auraiya News: 55 पर केस के बाद विवेचना में बढ़ेंगे आरोपियों के नाम

Tue, 01 Jul 2025 12:02 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया Updated Tue, 01 Jul 2025 12:02 AM IST
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After the case against 55, the names of the accused will increase in the investigation
औरैया। वैसुंधरा में जमीन के फर्जीवाड़े के मामले में 55 लोगों के खिलाफ दर्ज हुई रिपोर्ट के बाद विवेचना होगी। इस मामले में आरोपियों के बयान दर्ज होंगे, जिसमें फर्जीवाड़े को अंजाम देने वाले कई सरकारी कर्मियों के नाम भी सामने आएंगे।
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ऐसे में विवेचना के दौरान आरोपियों की फेहरिस्त और बढ़ेगी। वैसुंधरा में 200 करोड़ की करीब 48 एकड़ जमीन के फर्जीवाड़े का मामला अमर उजाला ने एक साल पहले जुलाई 2024 में प्रकाशित किया था। खबर के प्रकाशन के बाद सुर्खियों में आए इस मामले में डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने जांच के आदेश दिए थे।
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उनके आदेश पर गठित कमेटी ने जांच की थी। जांच रिपोर्ट डीएम तक पहुंचती, इससे पहले जमीन से जुड़े लोग विभिन्न न्यायालयों में चले गए थे। किसी ने डीएम, तो कोई एडीएम, तो किसी ने चकबंदी न्यायालय में वाद दायर किया।
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मामले में एसडीएम सदर न्यायालय में भी एक वाद दायर हुआ था। दायर वाद में एसडीएम सदर कोर्ट ने फर्जी प्रविष्टियों के सहारे दर्ज की गई जमीन को निरस्त कर उसे ग्राम सभा में दर्ज करने के आदेश दिए थे। आदेश पर करीब पौने पांच एकड़ जमीन ग्राम सभा में दर्ज कर दी गई।
पिछले हफ्ते डीएम के आदेश पर क्षेत्रीय लेखपाल अभिनय कुमार ने 55 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। इससे जमीन पर काबिज लोगों में खलबली मच गई है। अब इस मामले की विवेचना होगी। विवेचना में आरोपियों के बयान दर्ज किए जाएंगे।
उनसे पूछा जाएगा कि राजस्व विभाग के किन-किन अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने उनका इस कार्य में सहयोग किया और उन्होंने पूरे घटनाक्रम को कैसे अंजाम तक पहुंचाया। इससे वैसुंधरा में फर्जीवाड़े का पूरा चिट्ठा खुलकर सामने आ जाएगा।

राजस्व मामला होने की वजह से पुलिस भी सजग
सरकारी जमीन को हथियाने का मामला अपने आप में पेचीदा है। दिबियापुर थाने में 55 आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज हुई है, लेकिन इस पूरे मामले को लेकर पुलिस भी सावधानी बरत रही है। इसमें ज्यादातर लोग कागजों के आधार पर सामने आ गए हैं। पुलिस की मानें तो पर्दे के पीछे मौजूद कई नाम सामने आने बाकी हैं।




वैसुंधरा के मामले में नहीं मिले दस्तावेज

दिबियापुर। वैसुंधरा में हुए जमीन के फर्जीवाड़े के मामले में राजस्व विभाग ने 55 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई दी, लेकिन अभी तक विवेचक को राजस्व विभाग से दस्तावेज नहीं मिले हैं। विवेचक अभिलेख लेने सदर तहसील गए थे पर अधिकारी व्यस्तता के चलते मिल नहीं पाए। ऐसे में विवेचक खाली हाथ लौट आए। एनटीपीसी इंचार्ज व विवेचक सुरेंद्र सिंह ने बताया कि सोमवार को तहसील औरैया में अभिलेख लेने गए थे, लेकिन उन्हें अभी कागज मिल नहीं पाए। अधिकारियों ने बताया कि अभिलेख की पूरी रिपोर्ट तैयार कर दे दी जाएगी। (संवाद)
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