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खाद की कालाबाजारी पर अंकुश लगाने पर कसेगा शिकंजा
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औरैया। शासन ने खाद की कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए कड़ा रुख अख्तियार किया है। प्रत्येक सप्ताह भारत सरकार के पोर्टल पर बड़ी मात्रा में खाद खरीदने वाले 20 किसानों के नाम दर्ज किए जाएंगे। यह निर्देश अपर मुख्य सचिव (कृषि) बृजेश चतुर्वेदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कृषि विभाग के अधिकारियों को दिए हैं।
अपर मुख्य सचिव व संयुक्त कृषि उपनिदेशक (उर्वरक) अनिल कुमार पाठक ने कहा कि खाद विक्रेताओं को स्पष्ट निर्देश दिए जाएं कि किसानों को आधार कार्ड पर ही यूरिया दें। विक्रेता स्टाक रजिस्टर, बिक्री रजिस्टर, किसान का नाम, मोबाइल नंबर, मात्रा की जानकारी आवश्यक रूप से तैयार रखें। ऐसा न होने पर दुकान का निलंबन व निरस्तीकरण करने की कार्रवाई की जाए।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक खाद विक्रेता चेतावनी के बाद भी नियम विरुद्ध ढंग से खाद की बिक्री कर रहे हैं। अन्य जनपदों से आने वाले किसानों को भी यूरिया व डीएपी खाद की बोरी सप्लाई कर दी जाती है। पॉस मशीन का भी उपयोग न के बराबर किया जा रहा है। ऐसे में शासन की ओर से प्रति सप्ताह 20 सबसे ज्यादा खाद खरीदने वाले किसानों को चिन्हित करने की व्यवस्था से काफी हद तक कालाबाजारी पर अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।
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अपर मुख्य सचिव व संयुक्त कृषि उपनिदेशक (उर्वरक) अनिल कुमार पाठक ने कहा कि खाद विक्रेताओं को स्पष्ट निर्देश दिए जाएं कि किसानों को आधार कार्ड पर ही यूरिया दें। विक्रेता स्टाक रजिस्टर, बिक्री रजिस्टर, किसान का नाम, मोबाइल नंबर, मात्रा की जानकारी आवश्यक रूप से तैयार रखें। ऐसा न होने पर दुकान का निलंबन व निरस्तीकरण करने की कार्रवाई की जाए।
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विभागीय सूत्रों के मुताबिक खाद विक्रेता चेतावनी के बाद भी नियम विरुद्ध ढंग से खाद की बिक्री कर रहे हैं। अन्य जनपदों से आने वाले किसानों को भी यूरिया व डीएपी खाद की बोरी सप्लाई कर दी जाती है। पॉस मशीन का भी उपयोग न के बराबर किया जा रहा है। ऐसे में शासन की ओर से प्रति सप्ताह 20 सबसे ज्यादा खाद खरीदने वाले किसानों को चिन्हित करने की व्यवस्था से काफी हद तक कालाबाजारी पर अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।
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