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सख्ती : अब गैरहाजिर रहना शिक्षकों को पड़ेगा भारी
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औरैया। परिषदीय स्कूल के शिक्षकों को अब ड्यूटी से गैर हाजिर रहना भारी पड़ेगा। बिना सूूचना के अनुपस्थित रहने पर उनके खिलाफ कार्यवाही होगी।
मिशन प्रेरणा के निरीक्षण एप में शिक्षकों की उपस्थिति वाले माड्यूल में विभाग ने संशोधन कर दिया है। अब तक ऑनलाइन माड्यूल में लीव रिफरेंस मॉड्यूल नहीं था।
उसके चलते शिक्षक अवकाश की ऑफ लाइन मंजूरी या ग्रुप पर स्वीकृत ले लेते थे। इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को नहीं हो पाती थी। अब माड्यूल को मानव संपदा पोर्टल से लिंक कर दिया गया है।
जिले में 1516 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं। इन स्कूलों में करीब चार हजार शिक्षक हैं। अक्सर जांच में कई शिक्षक अनुपस्थित मिलते थे। हालांकि अधिकारियों की मेहरबानी के कारण अनुपस्थित शिक्षकों पर कार्रवाई नहीं हो पाती थी।
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अब निरीक्षण के समय अधिकारियों को सही समय के साथ डाटा भी भरना पड़ेगा कि कितने शिक्षक अनुपस्थित हैं। शिक्षक के अवकाश पर होने की दशा में अधिकारी को एप पर यह भरना पड़ेगा कि मानव संपदा पोर्टल पर उस शिक्षक का अवकाश मंजूर हुआ है या नहीं।
शिक्षकों को ईएचआरएम कोड और अवकाश के बारे में जानकारी को भी एप पर फीड करना होगा। सभी निरीक्षणों में उपस्थित और अनुपस्थित शिक्षकों का ब्योरा बीएसए के पास रोज पहुंचेगा। इस पर उन्हें अनिवार्य रूप से कार्रवाई करनी पड़ेगी।
स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार होगा। वहीं, स्कूल के समय में शिक्षक बीआरसी या अन्य बहाना बनाकर अनुपस्थित नहीं रह पाएंगे। अब यह अतिरिक्त काम स्कूल समय के बाद करने होंगे। - चंदना राम इकबाल यादव, बीएसए
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मिशन प्रेरणा के निरीक्षण एप में शिक्षकों की उपस्थिति वाले माड्यूल में विभाग ने संशोधन कर दिया है। अब तक ऑनलाइन माड्यूल में लीव रिफरेंस मॉड्यूल नहीं था।
उसके चलते शिक्षक अवकाश की ऑफ लाइन मंजूरी या ग्रुप पर स्वीकृत ले लेते थे। इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को नहीं हो पाती थी। अब माड्यूल को मानव संपदा पोर्टल से लिंक कर दिया गया है।
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जिले में 1516 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं। इन स्कूलों में करीब चार हजार शिक्षक हैं। अक्सर जांच में कई शिक्षक अनुपस्थित मिलते थे। हालांकि अधिकारियों की मेहरबानी के कारण अनुपस्थित शिक्षकों पर कार्रवाई नहीं हो पाती थी।
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अब निरीक्षण के समय अधिकारियों को सही समय के साथ डाटा भी भरना पड़ेगा कि कितने शिक्षक अनुपस्थित हैं। शिक्षक के अवकाश पर होने की दशा में अधिकारी को एप पर यह भरना पड़ेगा कि मानव संपदा पोर्टल पर उस शिक्षक का अवकाश मंजूर हुआ है या नहीं।
शिक्षकों को ईएचआरएम कोड और अवकाश के बारे में जानकारी को भी एप पर फीड करना होगा। सभी निरीक्षणों में उपस्थित और अनुपस्थित शिक्षकों का ब्योरा बीएसए के पास रोज पहुंचेगा। इस पर उन्हें अनिवार्य रूप से कार्रवाई करनी पड़ेगी।
स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार होगा। वहीं, स्कूल के समय में शिक्षक बीआरसी या अन्य बहाना बनाकर अनुपस्थित नहीं रह पाएंगे। अब यह अतिरिक्त काम स्कूल समय के बाद करने होंगे। - चंदना राम इकबाल यादव, बीएसए