Amroha: ई-रिक्शा चालक के हत्यारोपी तीन दोस्त गिरफ्तार, मुठभेड़ में दो के पैर में लगी गोली, एक सिपाही भी जख्मी
अमरोहा देहात क्षेत्र के गांव मानकजूड़ी निवासी बीएसएनएल के सेवानिवृत्त कर्मचारी चंद्रपाल सिंह के बेटे काविंदर की गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। उसका शव बुधवार की सुबह कांठ रोड बाईपास स्थित आम के बाग में बोरी में बंद खून से लथपथ बरामद हुआ।
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पुलिस मुठभेड़ के दौरान देहात थाना पुलिस ने ई-रिक्शा चालक के हत्यारोपी तीन दोस्तों को गिरफ्तार कर लिया। दो आरोपियों के पैर में गोली लगी, जबकि बदमाश की गोली लगने से एक सिपाही भी जख्मी हो गया। एसपी और सीओ ने मुठभेड़ स्थल का मुआयना। घायल हत्यारोपियों और सिपाही को उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। आरोपियों ने हत्या की वारदात को अंजाम ई-रिक्शा लूटने के लिए नहीं बल्कि बीस दिन पहले सवारी बैठाने को लेकर हुई मारपीट का बदला लेने के लिए की थी। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने ई-रिक्शा बरामद कर लिया है।
अमरोहा देहात क्षेत्र के गांव मानकजूड़ी निवासी बीएसएनएल के सेवानिवृत्त कर्मचारी चंद्रपाल सिंह के बेटे काविंदर की गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। उसका शव बुधवार की सुबह कांठ रोड बाईपास स्थित आम के बाग में बोरी में बंद खून से लथपथ बरामद हुआ। एसपी आदित्य लांग्हे ने हत्या के खुलासे के लिए तीन टीमें गठित की थी। शुक्रवार की सुबह पुलिस ने फाजिल नाम के एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। पूछताछ के दौरान उसने अपने दो साथियों कामिल और हसन निवासी जट बाजार के नाम बताएं। जिसके बाद पुलिस ने दोनों की गिरफ्तारी के लिए जाल बिछा दिया।
फाजिल की गिरफ्तारी होने की सूचना मिलने पर हत्यारोपी कामिल और हसन ने अमरोहा से भागने की योजना बना ली। करीब तीन बजे दोनों बाइक पर सवार होकर रायपुर उक्सी गांव के जंगल होते हुए भागने की कोशिश कर रहे थे। तभी मुखबिर की सूचना पर थानाध्यक्ष सत्येंद्र कुमार ने टीम से साथ दोनों आरोपियों की घेराबंदी कर ली। जैसे ही पुलिस ने उन्हें पकड़ने की कोशिश की तभी एक बदमाश ने तमंचे से फायर कर दिया। इस दौरान बदमाशों की गोली कांस्टेबल अनिल कुमार के हाथ में लगी और वह जख्मी हो गए। लिहाजा पुलिस ने जवाबी फायरिंग की और पैर में गोली लगने से हत्यारोपी कामिल और हसन घायल हो गए। पुलिस ने दोनों को मौके पर गिरफ्तार कर लिया।
एसपी आदित्य लांगहे और सीओ सिटी विजय कुमार राणा ने भी मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल की। एसपी ने बताया कि चालक काविंदर की हत्या ई रिक्शा लूटने के लिए नहीं की गई थी। बल्कि सवारी बैठाने को लेकर हुई मारपीट का बदला लेने के लिए की गई थी। उन्होंने बताया कि हत्यारोपी कामिल और हसन ई रिक्शा चलाते हैं। जबकि फाजिल ऑटो चलाता है। मृतक काविंदर भी ई-रिक्शा चलाता था। बीस दिन पहले सवारी बैठाने को लेकर काविंदर की कामिल और हसन से हाथापाई हो गई थी। हत्यारोपी कामिल व हसन और फाजिल आपस में दोस्त हैं। इसलिए तीनों ने काविंदर की हत्या की योजना बना डाली।
बुधवार को फाजिल ही काविंदर को बुलाकर कांठ रोड स्थित कामिल के गोदाम नुमा मकान में ले गया था। काविंदर पहले से ही शराब के नशे में था, इसका फायदा उठाते हुए तीनों ने उसकी चाकू से गर्दन रेतकर हत्या कर दी और शव को बोरे में भरकर आम के बाग में फेंक दिया। पुलिस ने हत्या आरोपियों की निशानदेही पर गोदाम नुमा मकान में खड़े रिक्शे को बरामद कर लिया गया है। फोन की तलाश की जा रही है।