{"_id":"66e211c47a41e56f96051574","slug":"the-path-to-employment-will-be-easy-with-studies-jpnagar-news-c-284-1-jpn1002-125521-2024-09-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amroha News: पढ़ाई के साथ रोजगार की राह होगी आसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amroha News: पढ़ाई के साथ रोजगार की राह होगी आसान
विज्ञापन
अमरोहा।
शिक्षा के बाद विद्यार्थियों की रोजगार संबंधी राह आसान बनाने के लिए कॅरिअर हब के रूप में एक कक्षा का संचालन होगा। इसमें बच्चों को उनकी रूचि के अनुसार विभिन्न क्षेत्रों कॅरिअर को चुनने के लिए गाइड किया जाएगा। यह व्यवस्था जिले के सभी राजकीय विद्यालयों में शुरू होगी।
शिक्षा के दौरान ही बच्चों को कॅरिअर बनाने को लेकर चिंता सताने लगती है। बच्चों को कॅरिअर चुनने में परेशानी न हो इसके लिए माध्यमिक शिक्षा विभाग ने शुरुआत की है। जिसके तहत राजकीय विद्यालयों में एक कक्षा का चयन कॅरिअर हब के रूप में होगा। जिसके संचालन को हर स्कूल में एक-एक नोडल शिक्षक की तैनाती भी होगी। समग्र शिक्षा माध्यमिक की और से इस संबंध में दिशा निर्देश भी जारी कर दिए गए हैं। राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में कॅरिअर गाइडेंस का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को उनकी क्षमता रूचि के अनुरूप विभिन्न कॅरिअर विकल्पों के बारे में जागरूक व उनका मार्गदर्शन करना है। जिससे विद्यार्थी आत्मविश्वास के साथ अपने पसंदीदा क्षेत्र का चयन कर आगे बढ़ सके।
हर स्कूल में एक कक्ष होगा तैयार
कॅरिअर हब के रूप में हर राजकीय विद्यालय में एक कक्ष तैयार किया जाएगा। इसके लिए नौ हजार रुपये की राशि खर्च की जाएगी। कक्ष को अलग-अलग रंगों से सजाया जाएगा। कक्ष में प्रोजेक्टर, कंप्यूटर, लैपटॉप आदि की व्यवस्था भी होगी। कक्ष में कॅरिअर संबंधी पोस्टर के अलावा विज्ञान, गणित व मानविकी से संबंधित चार्ट भी लगाए जाएंगे।
विज्ञापन
नोडल शिक्षक करेंगे जिज्ञासा शांत
तैनात किए जाने वाले नोडल शिक्षक विद्यार्थियों की कॅरिअर संबंधी जिज्ञासाओं को शांत करेंगे। कक्षा 12 उत्तीर्ण करने के बाद उच्च शिक्षा वाले संस्थानों की सूची भी कक्ष में चस्पा की जाएगी। कक्ष में एक प्रश्न बॉक्स भी लगेगा, जिसमें बच्चे अपने सवाल लिखकर डाल सकेंगे। समय-समय पर कॅरिअर काउंसलर उनके सवालों के जबाव देंगे।
-- -
क्लब का होगा गठन
हर राजकीय स्कूल मे कॅरिअर क्लब का गठन किया जाएगा। जिसमें प्रधानाचार्य अध्यक्ष, नोडल शिक्षक सचिव, एक महिला व एक पुरुष अभिभावक सदस्य व चार छात्र-छात्राओं को भी नामित किया जाएगा।
मेले का भी होगा आयोजन
बच्चों को गाइड करने के लिए कॅरिअर मेले का भी आयोजन होगा। मेले का आयोजन विद्यालय, जिला व राज्य स्तर पर होगा। कॅरिअर मेले के लिए विद्यालय स्तर पर छह हजार रुपये खर्च होंगे, जबकि शिक्षक अभिभावक बैठक के लिए छह हजार रुपये खर्च किए जा सकेंगे।
कॅरिअर बनाने के लिए बच्चों को गाइड करने की अच्छी पहल है। इससे बच्चों को भविष्य को सुरक्षित बनाने के लिए कॅरिअर चुनने में आसानी होगी। जिले के राजकीय विद्यालयों में यह व्यवस्था शुरू होगी।- विष्णु प्रताप सिंह, डीआईओएस
विज्ञापन
शिक्षा के बाद विद्यार्थियों की रोजगार संबंधी राह आसान बनाने के लिए कॅरिअर हब के रूप में एक कक्षा का संचालन होगा। इसमें बच्चों को उनकी रूचि के अनुसार विभिन्न क्षेत्रों कॅरिअर को चुनने के लिए गाइड किया जाएगा। यह व्यवस्था जिले के सभी राजकीय विद्यालयों में शुरू होगी।
शिक्षा के दौरान ही बच्चों को कॅरिअर बनाने को लेकर चिंता सताने लगती है। बच्चों को कॅरिअर चुनने में परेशानी न हो इसके लिए माध्यमिक शिक्षा विभाग ने शुरुआत की है। जिसके तहत राजकीय विद्यालयों में एक कक्षा का चयन कॅरिअर हब के रूप में होगा। जिसके संचालन को हर स्कूल में एक-एक नोडल शिक्षक की तैनाती भी होगी। समग्र शिक्षा माध्यमिक की और से इस संबंध में दिशा निर्देश भी जारी कर दिए गए हैं। राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में कॅरिअर गाइडेंस का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को उनकी क्षमता रूचि के अनुरूप विभिन्न कॅरिअर विकल्पों के बारे में जागरूक व उनका मार्गदर्शन करना है। जिससे विद्यार्थी आत्मविश्वास के साथ अपने पसंदीदा क्षेत्र का चयन कर आगे बढ़ सके।
विज्ञापन
हर स्कूल में एक कक्ष होगा तैयार
कॅरिअर हब के रूप में हर राजकीय विद्यालय में एक कक्ष तैयार किया जाएगा। इसके लिए नौ हजार रुपये की राशि खर्च की जाएगी। कक्ष को अलग-अलग रंगों से सजाया जाएगा। कक्ष में प्रोजेक्टर, कंप्यूटर, लैपटॉप आदि की व्यवस्था भी होगी। कक्ष में कॅरिअर संबंधी पोस्टर के अलावा विज्ञान, गणित व मानविकी से संबंधित चार्ट भी लगाए जाएंगे।
विज्ञापन
नोडल शिक्षक करेंगे जिज्ञासा शांत
तैनात किए जाने वाले नोडल शिक्षक विद्यार्थियों की कॅरिअर संबंधी जिज्ञासाओं को शांत करेंगे। कक्षा 12 उत्तीर्ण करने के बाद उच्च शिक्षा वाले संस्थानों की सूची भी कक्ष में चस्पा की जाएगी। कक्ष में एक प्रश्न बॉक्स भी लगेगा, जिसमें बच्चे अपने सवाल लिखकर डाल सकेंगे। समय-समय पर कॅरिअर काउंसलर उनके सवालों के जबाव देंगे।
क्लब का होगा गठन
हर राजकीय स्कूल मे कॅरिअर क्लब का गठन किया जाएगा। जिसमें प्रधानाचार्य अध्यक्ष, नोडल शिक्षक सचिव, एक महिला व एक पुरुष अभिभावक सदस्य व चार छात्र-छात्राओं को भी नामित किया जाएगा।
मेले का भी होगा आयोजन
बच्चों को गाइड करने के लिए कॅरिअर मेले का भी आयोजन होगा। मेले का आयोजन विद्यालय, जिला व राज्य स्तर पर होगा। कॅरिअर मेले के लिए विद्यालय स्तर पर छह हजार रुपये खर्च होंगे, जबकि शिक्षक अभिभावक बैठक के लिए छह हजार रुपये खर्च किए जा सकेंगे।
कॅरिअर बनाने के लिए बच्चों को गाइड करने की अच्छी पहल है। इससे बच्चों को भविष्य को सुरक्षित बनाने के लिए कॅरिअर चुनने में आसानी होगी। जिले के राजकीय विद्यालयों में यह व्यवस्था शुरू होगी।- विष्णु प्रताप सिंह, डीआईओएस