{"_id":"6a208a64a4da24344509c3cd","slug":"the-lawyers-strike-continued-for-the-second-day-jpnagar-news-c-284-1-smbd1011-165140-2026-06-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amroha News: दूसरे दिन भी अधिवक्ताओं की हड़ताल रही जारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amroha News: दूसरे दिन भी अधिवक्ताओं की हड़ताल रही जारी
Thu, 04 Jun 2026 01:41 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Thu, 04 Jun 2026 01:41 AM IST
विज्ञापन
मंडी धनौरा। रजिस्ट्रार कानूनगो के पद पर तैनात राजस्व निरीक्षक धीरे सिंह के स्थानांतरण की मांग को लेकर अधिवक्ताओं की हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रही। हड़ताल की वजह से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। बार एसोसिएशन ने एसडीएम से धीरे सिंह को रजिस्ट्रार कानूनगो के पद से तत्काल हटाने की मांग की है।
गौरतलब है कि तहसील में कार्यरत अधिवक्ता धीरे सिंह को रजिस्ट्रार कानूनगो के पद से हटाने की मांग को लेकर मंगलवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। अधिवक्ताओं का आरोप है कि नामांतरण के दो महीने बाद भी फर्द में किसानों के नाम नहीं आ रहे हैं। अमल दरामद की फीडिंग समय पर नहीं हो पा रही है। इससे किसानों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अधिवक्ताओं का आरोप है कि रजिस्ट्रार कानूनगो धीरे सिंह गलत मंशा से नामांतरण की कम्प्यूटर में फीडिंग करने में हीलाहवाली कर रहे हैं। बुधवार को भी अधिवक्ताओं ने धीरे सिंह को रजिस्ट्रार कानूनगो के पद से हटाने की मांग को लेकर हड़ताल रखी। हड़ताल की वजह से एसडीएम समेत किसी भी न्यायालय में वादों की सुनवाई नहीं हो सकी।
विज्ञापन
गौरतलब है कि तहसील में कार्यरत अधिवक्ता धीरे सिंह को रजिस्ट्रार कानूनगो के पद से हटाने की मांग को लेकर मंगलवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। अधिवक्ताओं का आरोप है कि नामांतरण के दो महीने बाद भी फर्द में किसानों के नाम नहीं आ रहे हैं। अमल दरामद की फीडिंग समय पर नहीं हो पा रही है। इससे किसानों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अधिवक्ताओं का आरोप है कि रजिस्ट्रार कानूनगो धीरे सिंह गलत मंशा से नामांतरण की कम्प्यूटर में फीडिंग करने में हीलाहवाली कर रहे हैं। बुधवार को भी अधिवक्ताओं ने धीरे सिंह को रजिस्ट्रार कानूनगो के पद से हटाने की मांग को लेकर हड़ताल रखी। हड़ताल की वजह से एसडीएम समेत किसी भी न्यायालय में वादों की सुनवाई नहीं हो सकी।
विज्ञापन