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Amroha News: सो रहे ग्रामीणों पर टूटा बंदरों का कहर, 12 लोगों को काटकर किया घायल
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नौगावां सादात(अमरोहा)। जमना खास गांव में सोमवार रात सो रहे ग्रामीणों पर बंदरों का झुंड कहर बनकर टूटा। बंदरों के आतंक ने ग्रामीणों की रातों की नींद उड़ा दी है। बंदरों के झुंड ने गांव में जमकर उत्पात मचाया और घरों में घुसकर सो रहे करीब 12 लोगों को काट लिया। अचानक हुए हमलों से ग्रामीणों में दहशत फैल गई। घायलों में संजीव शर्मा, कल्लू सिंह, हितेश त्यागी, गौरव त्यागी, मुख त्यागी और अशोक पंडित शामिल हैं। बंदरों के हमले से ग्रामीणों को अपना बचाव करने के लिए रात में भी सतर्क रहना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि गांव में बंदरों का झुंड पिछले एक महीने से घूम रहा है। बंदर घरों की छतों और गलियों में घूमते रहते हैं और मौका मिलते ही लोगों पर हमला कर देते हैं। सबसे अधिक खतरा बच्चों और बुजुर्गों को बना हुआ है। दिन में बंदरों के डर से बच्चों को अकेले बाहर भेजना मुश्किल हो गया है। अब रात में घरों के अंदर सोते समय भी हमले का खतरा बना हुआ है। लगातार समस्या के बावजूद जिम्मेदार विभाग ने बंदरों को पकड़ने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया। पहले से समस्या पर समय रहते कार्रवाई की जाती तो ग्रामीणों को इस तरह के हमलों का सामना नहीं करना पड़ता। ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से तत्काल बंदरों को पकड़वाने की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक बंदरों के झुंड को गांव से हटाया नहीं जाता, तब तक किसी बड़े हादसे का खतरा बना रहेगा।
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ग्रामीणों का कहना है कि गांव में बंदरों का झुंड पिछले एक महीने से घूम रहा है। बंदर घरों की छतों और गलियों में घूमते रहते हैं और मौका मिलते ही लोगों पर हमला कर देते हैं। सबसे अधिक खतरा बच्चों और बुजुर्गों को बना हुआ है। दिन में बंदरों के डर से बच्चों को अकेले बाहर भेजना मुश्किल हो गया है। अब रात में घरों के अंदर सोते समय भी हमले का खतरा बना हुआ है। लगातार समस्या के बावजूद जिम्मेदार विभाग ने बंदरों को पकड़ने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया। पहले से समस्या पर समय रहते कार्रवाई की जाती तो ग्रामीणों को इस तरह के हमलों का सामना नहीं करना पड़ता। ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से तत्काल बंदरों को पकड़वाने की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक बंदरों के झुंड को गांव से हटाया नहीं जाता, तब तक किसी बड़े हादसे का खतरा बना रहेगा।
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