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शिवजी कल्याण करने वाले देवता : यतींद्रानंद
Wed, 17 Sep 2025 02:55 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Wed, 17 Sep 2025 02:55 AM IST
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अमरोहा। जेएस हिंदू इंटर कॉलेज के मैदान में चल रही श्रीराम कथा में महामंडलेश्वर स्वामी यतींद्रानंद गिरी महाराज ने बताया कि शिवजी कल्याण करने वाले देवता हैं। जल्द ही प्रसन्न हो जाते हैं और भक्तों को मनचाहा वरदान देते हैं।
मंगलवार को श्रीराम कथा के दूसरे दिन कथावाचक ने मनु शतरूपा का प्रसंग सुनाया। बताया कि किस प्रकार मनु शतरूपा ने कठोर तप करके भगवान को प्रसन्न किया। भगवान ने उन्हें वरदान दिया कि त्रेतायुग में वह उनके यहां पुत्र के रूप में अवतार लेंगे।
इसके बाद कथावाचक ने बताया कि रावण के अत्याचार से दुखी होकर पृथ्वी ब्रह्मा जी के पास जाती है और अपनी पीड़ा कहती है। ब्रह्मा जी कहते हैं कि पृथ्वी भगवान से प्रार्थना करो, वहीं तुम्हारी और हमारी प्रार्थना जरूर सुनेंगे। देवताओं समेत पृथ्वी की पुकार सुनकर भगवान श्री हरि प्रकट होते हैं और आश्वासन देते ही जल्द ही वे राजा दशरथ के यहां जन्म लेंगे। साथ ही पराशक्ति सीता जी भी जन्म लेंगी। तब वह रावण समेत राक्षसों का संहार करेंगे।
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भजनों से माहौल पूरी तरह से भक्तिमय बना रहा। हिरदेश गोयल, आयुष गोयल, रामकुमार शर्मा, नीरज रस्तोगी, आलोक गोयल ने व्यास गद्दी का पूजन किया। कथा में व्यवस्था बनाने में रमेश कलाल, सिद्धार्थ अग्रवाल, दीपक कुशवाहा, अंकुर प्रकाश, सुधीर अग्रवाल ने की जबकि चरण पादुका की व्यवस्था राहुल चौहान और उनके सहयोगियों ने बहुत अच्छे तरीके से की। प्रसाद वितरण राजकुमार भार्गव के सहयोग से रहा।
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मंगलवार को श्रीराम कथा के दूसरे दिन कथावाचक ने मनु शतरूपा का प्रसंग सुनाया। बताया कि किस प्रकार मनु शतरूपा ने कठोर तप करके भगवान को प्रसन्न किया। भगवान ने उन्हें वरदान दिया कि त्रेतायुग में वह उनके यहां पुत्र के रूप में अवतार लेंगे।
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इसके बाद कथावाचक ने बताया कि रावण के अत्याचार से दुखी होकर पृथ्वी ब्रह्मा जी के पास जाती है और अपनी पीड़ा कहती है। ब्रह्मा जी कहते हैं कि पृथ्वी भगवान से प्रार्थना करो, वहीं तुम्हारी और हमारी प्रार्थना जरूर सुनेंगे। देवताओं समेत पृथ्वी की पुकार सुनकर भगवान श्री हरि प्रकट होते हैं और आश्वासन देते ही जल्द ही वे राजा दशरथ के यहां जन्म लेंगे। साथ ही पराशक्ति सीता जी भी जन्म लेंगी। तब वह रावण समेत राक्षसों का संहार करेंगे।
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भजनों से माहौल पूरी तरह से भक्तिमय बना रहा। हिरदेश गोयल, आयुष गोयल, रामकुमार शर्मा, नीरज रस्तोगी, आलोक गोयल ने व्यास गद्दी का पूजन किया। कथा में व्यवस्था बनाने में रमेश कलाल, सिद्धार्थ अग्रवाल, दीपक कुशवाहा, अंकुर प्रकाश, सुधीर अग्रवाल ने की जबकि चरण पादुका की व्यवस्था राहुल चौहान और उनके सहयोगियों ने बहुत अच्छे तरीके से की। प्रसाद वितरण राजकुमार भार्गव के सहयोग से रहा।