गजरौला (अमरोहा)। आठ वर्ष पूर्व गजरौला में खुली मथुरा की चिटफंड कंपनी जनपद हापुड़ के कई निवेशकों के बीस लाख रुपये लेकर फरार हो गई। इतना ही नहीं यहां स्थित दफ्तर भी बंद कर दिया। थाने पहुंचे निवेशकों और एजेंटों ने पुलिस से आरोपियों पर कार्रवाई कर उनकी रकम वापस दिलाने की गुहार की। पुलिस ने जांच का आश्वासन दिया है।
शुक्रवार को गढ़मुक्तेश्वर जिला हापुड़ से आए आठ लोगों ने इंस्पेक्टर आरपी शर्मा को बताया कि आठ वर्ष पूर्व उन्होंने गजरौला में चौपला चौकी क्षेत्र में खुली एक चिटफंड कंपनी में रुपये निवेश किए थे। इसमें मोहल्ला अतरपुरा, तिगरिया भूड़, गांव नगलियामेव का स्टाफ काम करता था। लालचवश उन्होंने भी इसमें खाता खुलवाया था। प्रति व्यक्ति 21 हजार छह सौ रुपये जमा करवाए गए थे। गजरौला में कुल 90 लोगों ने खाते खोले हुए थे। इस बीच अवधि पूर्ण होने के बाद चिटफंड कंपनी का दफ्तर बंद हो गया। दफ्तर कब बंद हुआ, इसकी जानकारी तो पीड़ित नहीं दे पाए, उन्होंने शिकायती पत्र और कंपनी द्वारा उन्हें दी गई रसीदें आदि भी पुलिस को सौंपीं हैं। पत्र पर गंगासरन पुत्र दुलीचंद, विमलेश पत्नी जयपाल, कमलेश पत्नी चंद्रपाल, कमला पत्नी रामनिवास, रामकिशन पुत्र हरसुखा, टीकू पुत्र राम किशन, ब्रह्मपाल पुत्र रामफल आदि के हस्ताक्षर हैं। पीड़ितों का कहना है कि वह पहले भी इसकी शिकायत कर चुके हैं। इंस्पेक्टर आरपी शर्मा ने बताया कि शिकायत की जांच कराई जाएगी।