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Amroha News: 3.45 करोड़ के घोटाले में प्रथमा बैंक के प्रबंधक पर एफआईआर
Fri, 09 May 2025 01:36 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Fri, 09 May 2025 01:36 AM IST
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अमरोहा।
गजरौला में प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की शाखा बलदाना हीरा सिंह में 121 फर्जी कृषि ऋण खाते खोलकर 3.45 करोड़ के घोटाले में तत्कालीन प्रबंधक और अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। इनमें फर्जी आधार कार्ड व अन्य दस्तावेज तैयार करने के आरोपी शामिल हैं। विभागीय जांच में दोषी मिलने के बाद से तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी को निलंबित हैं। रजबपुर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर रिपोर्ट शासन को भेज दी है। घोटाले की जांच ईओडब्ल्यू करेगी।
प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा गजरौला क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत आती है। शाखा में मुरादाबाद के सूर्यनगर लाइन पार कॉलोनी निवासी मनोज कुमार सैनी तीन जुलाई 2020 को शाखा प्रबंधक के पद पर तैनात हुए थे। शाखा में उनका कार्यकाल 26 मई 2023 तक रहा। इसके बाद कमल कांत टंडन को शाखा प्रबंधक बनाया गया। लेकिन, चार नवंबर 2023 को बैंक के नियमित निरीक्षण में अनाधिकृत और संदिग्ध लेनदेन पकड़ में आया। इसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देश पर तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी के कार्यकाल में हुए लेनदेन की विभागीय जांच कराई गई, जिसके बाद बैंक में हुए घोटाले की परतें खुलती चली गईं।
जांच में सामने आया कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी के कार्यकाल में करीब 121 फर्जी कृषि ऋण खाते खोलकर 3.45 करोड़ रुपये का गबन किया गया। इन खातों से संबंधित कोई ऋण दस्तावेज बैंक शाखा में उपलब्ध नहीं हैं। धनराशि आहरित और अंतरित का कोई वाउचर भी बैंक शाखा में नहीं मिला है। जांच में सामने आया कि यह पूरा गबन मनोज कुमार सैनी की यूजर आईडी से किया गया। जांच में दोषी मिलने के बाद विभाग ने तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज सैनी को निलंबित कर दिया था।
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साथ ही बैंक शाखा में हुए घोटाले में कार्रवाई के लिए वर्तमान शाखा प्रबंधक कमल कांत टंडन ने एसपी कुंवर अनुपम सिंह के कार्यालय में पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। क्योंकि मामला करोड़ों के घोटाले का था इसलिए पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट शासन को भेजी थी। साथ ही मामले में ईओडब्ल्यू में एफआईआर दर्ज कराकर कार्रवाई कराने के लिए कहा था। लेकिन, शासन ने अमरोहा पुलिस से एफआईआर दर्ज कर जांच लखनऊ भेजने के लिए कहा है।
किसी खाते से ढाई लाख तो किसी से तीन लाख रुपये निकाले गए
बलदाना हीरा सिंह बैंक शाखा में हुए घोटाले की जांच की गई तो पता चला कि किसी खाते में ढाई तो किसी से तीन लाख रुपये निकले गए हैं। कुछ खाते ऐसे भी हैं जिसमें धनराशि जमा की गई है, लेकिन बकाया भी है। इतना ही नहीं मुरादाबाद जनपद के डिलारी मिलक अमावती के रहने वाले खान बहादुर को तीन लाख रुपये का ऋण देना दर्शाया गया है। जबकि, 11 जून 2024 को इस खाते को बंद किया गया है।
मुरादाबाद के फर्जी खातों में दर्शाए गए अधिकांश लोग
हैरत की बात यह है कि प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा अमरोहा में है। जबकि, 121 फर्जी कृषि ऋण खातों में दर्शाए गए अधिकांश लोग मुरादाबाद के हैं।
वर्तमान बैंक प्रबंधक ने पुलिस को सौंपी थी फर्जी कृषि ऋण खातों की डिटेल :
प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा के वर्तमान प्रबंधक कमल कांत टंडन ने पुलिस को 121 फर्जी कृषि ऋण खाता की डिटेल और विभागीय जांच रिपोर्ट 15 नवंबर 2024 को सौंपी थी। शाखा बलदाना हीरा सिंह रजबपुर थानाक्षेत्र में पड़ती है।
करीब छह माह पहले अमर उजाला ने उजागर किया था घोटाला
गजरौला में प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक शाखा बलदाना हीरा सिंह में फर्जी कृषि ऋण खाते खोलकर 3.45 करोड़ का घोटाले की खबर को सबसे पहले अमर उजाला ने उजागर किया था। 17 नवंबर को ‘प्रथमा बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा में 3.45 करोड़ का घोटाला’ शीर्षक से खबर छापी थी। इसके बाद मामला शासन तक पहुंचा। बैंक के विभागीय अधिकारियों की जांच रिपोर्ट के बाद अमरोहा पुलिस ने भी जांच पड़ताल की। पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट लखनऊ भेजी। इसके बाद शासन से निर्देश मिलने के बाद रजबपुर पुलिस ने मामले में रिपोर्ट दर्ज की है।
- मामले में रजबपुर थाना पुलिस ने तत्कालीन बैंक प्रबंधक मनोज कुमार सैनी और फर्जी आधार कार्ड व अन्य दस्तावेज तैयार करने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। मामले की विवेचना ईओडब्ल्यू करेगी। चार्जशीट अमरोहा न्यायालय में दर्ज होगी। एफआईआर दर्ज करने के बाद रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। - राजीव कुमार सिंह, एएसपी
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गजरौला में प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की शाखा बलदाना हीरा सिंह में 121 फर्जी कृषि ऋण खाते खोलकर 3.45 करोड़ के घोटाले में तत्कालीन प्रबंधक और अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। इनमें फर्जी आधार कार्ड व अन्य दस्तावेज तैयार करने के आरोपी शामिल हैं। विभागीय जांच में दोषी मिलने के बाद से तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी को निलंबित हैं। रजबपुर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर रिपोर्ट शासन को भेज दी है। घोटाले की जांच ईओडब्ल्यू करेगी।
प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा गजरौला क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत आती है। शाखा में मुरादाबाद के सूर्यनगर लाइन पार कॉलोनी निवासी मनोज कुमार सैनी तीन जुलाई 2020 को शाखा प्रबंधक के पद पर तैनात हुए थे। शाखा में उनका कार्यकाल 26 मई 2023 तक रहा। इसके बाद कमल कांत टंडन को शाखा प्रबंधक बनाया गया। लेकिन, चार नवंबर 2023 को बैंक के नियमित निरीक्षण में अनाधिकृत और संदिग्ध लेनदेन पकड़ में आया। इसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देश पर तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी के कार्यकाल में हुए लेनदेन की विभागीय जांच कराई गई, जिसके बाद बैंक में हुए घोटाले की परतें खुलती चली गईं।
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जांच में सामने आया कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज कुमार सैनी के कार्यकाल में करीब 121 फर्जी कृषि ऋण खाते खोलकर 3.45 करोड़ रुपये का गबन किया गया। इन खातों से संबंधित कोई ऋण दस्तावेज बैंक शाखा में उपलब्ध नहीं हैं। धनराशि आहरित और अंतरित का कोई वाउचर भी बैंक शाखा में नहीं मिला है। जांच में सामने आया कि यह पूरा गबन मनोज कुमार सैनी की यूजर आईडी से किया गया। जांच में दोषी मिलने के बाद विभाग ने तत्कालीन शाखा प्रबंधक मनोज सैनी को निलंबित कर दिया था।
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साथ ही बैंक शाखा में हुए घोटाले में कार्रवाई के लिए वर्तमान शाखा प्रबंधक कमल कांत टंडन ने एसपी कुंवर अनुपम सिंह के कार्यालय में पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। क्योंकि मामला करोड़ों के घोटाले का था इसलिए पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट शासन को भेजी थी। साथ ही मामले में ईओडब्ल्यू में एफआईआर दर्ज कराकर कार्रवाई कराने के लिए कहा था। लेकिन, शासन ने अमरोहा पुलिस से एफआईआर दर्ज कर जांच लखनऊ भेजने के लिए कहा है।
किसी खाते से ढाई लाख तो किसी से तीन लाख रुपये निकाले गए
बलदाना हीरा सिंह बैंक शाखा में हुए घोटाले की जांच की गई तो पता चला कि किसी खाते में ढाई तो किसी से तीन लाख रुपये निकले गए हैं। कुछ खाते ऐसे भी हैं जिसमें धनराशि जमा की गई है, लेकिन बकाया भी है। इतना ही नहीं मुरादाबाद जनपद के डिलारी मिलक अमावती के रहने वाले खान बहादुर को तीन लाख रुपये का ऋण देना दर्शाया गया है। जबकि, 11 जून 2024 को इस खाते को बंद किया गया है।
मुरादाबाद के फर्जी खातों में दर्शाए गए अधिकांश लोग
हैरत की बात यह है कि प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा अमरोहा में है। जबकि, 121 फर्जी कृषि ऋण खातों में दर्शाए गए अधिकांश लोग मुरादाबाद के हैं।
वर्तमान बैंक प्रबंधक ने पुलिस को सौंपी थी फर्जी कृषि ऋण खातों की डिटेल :
प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा के वर्तमान प्रबंधक कमल कांत टंडन ने पुलिस को 121 फर्जी कृषि ऋण खाता की डिटेल और विभागीय जांच रिपोर्ट 15 नवंबर 2024 को सौंपी थी। शाखा बलदाना हीरा सिंह रजबपुर थानाक्षेत्र में पड़ती है।
करीब छह माह पहले अमर उजाला ने उजागर किया था घोटाला
गजरौला में प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक शाखा बलदाना हीरा सिंह में फर्जी कृषि ऋण खाते खोलकर 3.45 करोड़ का घोटाले की खबर को सबसे पहले अमर उजाला ने उजागर किया था। 17 नवंबर को ‘प्रथमा बैंक की बलदाना हीरा सिंह शाखा में 3.45 करोड़ का घोटाला’ शीर्षक से खबर छापी थी। इसके बाद मामला शासन तक पहुंचा। बैंक के विभागीय अधिकारियों की जांच रिपोर्ट के बाद अमरोहा पुलिस ने भी जांच पड़ताल की। पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट लखनऊ भेजी। इसके बाद शासन से निर्देश मिलने के बाद रजबपुर पुलिस ने मामले में रिपोर्ट दर्ज की है।
- मामले में रजबपुर थाना पुलिस ने तत्कालीन बैंक प्रबंधक मनोज कुमार सैनी और फर्जी आधार कार्ड व अन्य दस्तावेज तैयार करने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। मामले की विवेचना ईओडब्ल्यू करेगी। चार्जशीट अमरोहा न्यायालय में दर्ज होगी। एफआईआर दर्ज करने के बाद रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। - राजीव कुमार सिंह, एएसपी