{"_id":"68361f71485054e64b0922c8","slug":"doctor-applied-for-registration-of-ultrasound-centre-with-fake-documents-fir-jpnagar-news-c-284-1-smbd1013-140731-2025-05-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amroha News: अल्ट्रासाउंड सेंटर के पंजीयन को डॉक्टर के फर्जी दस्तावेजों से आवेदन, एफआईआर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amroha News: अल्ट्रासाउंड सेंटर के पंजीयन को डॉक्टर के फर्जी दस्तावेजों से आवेदन, एफआईआर
Wed, 28 May 2025 01:54 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Wed, 28 May 2025 01:54 AM IST
विज्ञापन
अमरोहा।
जिले में संचालित अधिकांश अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर रेडियोलॉजिस्ट की बजाय झोलाछाप तो अल्ट्रासाउंड कर लोगों के जीवन से खिलवाड़ कर ही रहे हैं। अब एक और चौकाने वाला मामला सामने आया है।
नया अल्ट्रासाउंड खोलने के लिए संचालक ने एक डॉक्टर के शैक्षिक प्रमाणपत्रों के जरिए आवेदन कर दिया। मेडिकल काउंसिल में शैक्षिक प्रमाणपत्र की जांच कराई गई, तो वह फर्जी पाए गए। मामले में अल्ट्रासाउंड संचालक और मेरठ के रहने वाले डॉक्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
सीएमओ डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि रहरा क्षेत्र के बिझलपुर गांव निवासी राहुल शर्मा ने पीसीपीएनडीटी एक्ट के तहत श्री राधे अल्ट्रासाउंड सेंटर के पंजीकरण के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। इसमें मेरठ के लोहिया नगर घोसीपुर निवासी डॉ. फिरोज आलम को चिकित्सक के रूप में दिखाया था। अल्ट्रासाउंड केंद्र के पंजीयन से संबंधित अभिलेख और डॉक्टर के शैक्षिक प्रमाणपत्र व निर्धारित फीस का मूल डीडी सीएमओ कार्यालय में जमा कराया गया।
विज्ञापन
इसके बाद अल्ट्रासाउंड संचालक राहुल व डॉ. फिरोज आलम ने पंजीयन के लिए कार्यालय में उपस्थित होकर मूल अभिलेख भी उपलब्ध कराए। जांच में सामने आया कि डॉ. फिरोज आलम का पंजीयन उत्तर प्रदेश मेडिकल काउंसिल की वेबसाइट पर नहीं है। लिहाजा, सीएमओ कार्यालय से उत्तर प्रदेश मेडिकल काउंसिल से डॉ. फिरोज आलम के पंजीयन प्रमाणपत्र का सत्यापन करने के लिए पत्राचार किया गया।
सात मई 2025 को लखनऊ से मिले जवाब में डॉ. फिरोज आलम का एमबीबीएस पंजीयन व डिप्लोमा इन मेडिकल रेडियोलॉजिस्ट का पंजीयन सही नहीं पाया गया। इससे साफ हो गया कि राहुल शर्मा और डॉ. फिरोज आलम द्वारा फर्जी तरीके से तैयार अभिलेखों के जरिए अल्ट्रासाउंड के पंजीयन के लिए आवेदन किया गया है। मामले को गंभीरता से लेकर सीएमओ ने पीसीपीएनडीटी के नोडल अधिकारी डॉ. सुशील कुमार को एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए। सीओ सिटी शक्ति सिंह ने बताया कि मामले में राहुल शर्मा और डॉ. फिरोज आलम के खिलाफ धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपियों को जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
इन धाराओं में दर्ज हुई रिपोर्ट
सीओ ने बताया कि मामले में बीएनएस की धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई है।
विज्ञापन
जिले में संचालित अधिकांश अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर रेडियोलॉजिस्ट की बजाय झोलाछाप तो अल्ट्रासाउंड कर लोगों के जीवन से खिलवाड़ कर ही रहे हैं। अब एक और चौकाने वाला मामला सामने आया है।
नया अल्ट्रासाउंड खोलने के लिए संचालक ने एक डॉक्टर के शैक्षिक प्रमाणपत्रों के जरिए आवेदन कर दिया। मेडिकल काउंसिल में शैक्षिक प्रमाणपत्र की जांच कराई गई, तो वह फर्जी पाए गए। मामले में अल्ट्रासाउंड संचालक और मेरठ के रहने वाले डॉक्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
विज्ञापन
सीएमओ डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि रहरा क्षेत्र के बिझलपुर गांव निवासी राहुल शर्मा ने पीसीपीएनडीटी एक्ट के तहत श्री राधे अल्ट्रासाउंड सेंटर के पंजीकरण के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। इसमें मेरठ के लोहिया नगर घोसीपुर निवासी डॉ. फिरोज आलम को चिकित्सक के रूप में दिखाया था। अल्ट्रासाउंड केंद्र के पंजीयन से संबंधित अभिलेख और डॉक्टर के शैक्षिक प्रमाणपत्र व निर्धारित फीस का मूल डीडी सीएमओ कार्यालय में जमा कराया गया।
विज्ञापन
इसके बाद अल्ट्रासाउंड संचालक राहुल व डॉ. फिरोज आलम ने पंजीयन के लिए कार्यालय में उपस्थित होकर मूल अभिलेख भी उपलब्ध कराए। जांच में सामने आया कि डॉ. फिरोज आलम का पंजीयन उत्तर प्रदेश मेडिकल काउंसिल की वेबसाइट पर नहीं है। लिहाजा, सीएमओ कार्यालय से उत्तर प्रदेश मेडिकल काउंसिल से डॉ. फिरोज आलम के पंजीयन प्रमाणपत्र का सत्यापन करने के लिए पत्राचार किया गया।
सात मई 2025 को लखनऊ से मिले जवाब में डॉ. फिरोज आलम का एमबीबीएस पंजीयन व डिप्लोमा इन मेडिकल रेडियोलॉजिस्ट का पंजीयन सही नहीं पाया गया। इससे साफ हो गया कि राहुल शर्मा और डॉ. फिरोज आलम द्वारा फर्जी तरीके से तैयार अभिलेखों के जरिए अल्ट्रासाउंड के पंजीयन के लिए आवेदन किया गया है। मामले को गंभीरता से लेकर सीएमओ ने पीसीपीएनडीटी के नोडल अधिकारी डॉ. सुशील कुमार को एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए। सीओ सिटी शक्ति सिंह ने बताया कि मामले में राहुल शर्मा और डॉ. फिरोज आलम के खिलाफ धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपियों को जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
इन धाराओं में दर्ज हुई रिपोर्ट
सीओ ने बताया कि मामले में बीएनएस की धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई है।