{"_id":"5f2b16d88ebc3e3cdf0447bf","slug":"cyber-fraud-jpnagar-news-mbd3582184117","type":"story","status":"publish","title_hn":"साइबर ठगों ने कांट्रेक्टर के खाते से उड़ाए 30 लाख रुपये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
साइबर ठगों ने कांट्रेक्टर के खाते से उड़ाए 30 लाख रुपये
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमरोहा। साइबर ठगों ने कांट्रेक्टर का खाता और फोन हैक कर तीस लाख रुपये निकाल लिए। आरोपियों ने पांच ट्रांजक्शन किए। फोन पर एसएमएस देखकर उनके होश उड़ गए। उन्होंने बैंक केयर को फोन कर खाता बंद कराया। पीड़ित ने दिल्ली और उत्तराखंड में एफआईआर दर्ज कराई है।
देहात थानाक्षेत्र के मोहल्ला सुबोध नगर निवासी पवन कुमार गुप्ता पेशे से कांट्रेक्टर हैं। उनकी सुनहरी लाल बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड के नाम से फर्म है। फर्म का मुख्य कार्यालय दिल्ली के रोहिणी सेक्टर 11 में है। पवन कुमार गुप्ता का बैंक खाता सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया चंपावत उत्तराखंड में है। आरोप है कि दो अगस्त की रात साइबर ठगों ने ऑनलाइन लेन-देन के लिए किसी अनिकेत चक्रवर्ती और जूली मंडल को बैंक खाते से जोड़ा गया। थोड़ी देर बाद चार और हैकरों को जोड़ा गया। इसके बाद पांच ट्रांजक्शन करके 30 लाख रुपये की धनराशि निकल ली गई। यह धनराशि नेट बैंकिंग के माध्यम से अनिकेत चक्रवर्ती और जूली मंडल के खाते में ट्रांसफर कर गई थी। इसके थोड़ी देर बाद रकम को अन्य खातों में ट्रांसफर कर लिया गया। तीन अगस्त की सुबह पवन कुमार पाठक के मोबाइल पर 15 मिनट में 6 एसएमएस मिले। मैसेज देखकर बिल्डर के होश उड़ गए। उनके खाते से 30 लाख रुपये गायब थे। उनके मोबाइल को भी हैक कर लिया था, क्योंकि उनके मोबाइल पर ओटीपी का मैसेज तक नहीं आया। बैंक खाते में दो नंबर लगे थे। इस दौरान एक नंबर आउट ऑफ सर्विस था। आनन फानन में बिल्डर में संबंधित बैंक केयर में फोन करके खातों को बंद कराया। पीड़ित ने दिल्ली और उत्तराखंड के चंपावत में एफआईआर दर्ज कराई है। मेहनत की कमाई के 30 लाख रुपये ठगे जाने जाने के बाद परिजनों में हड़कंप मचा है।
विज्ञापन
देहात थानाक्षेत्र के मोहल्ला सुबोध नगर निवासी पवन कुमार गुप्ता पेशे से कांट्रेक्टर हैं। उनकी सुनहरी लाल बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड के नाम से फर्म है। फर्म का मुख्य कार्यालय दिल्ली के रोहिणी सेक्टर 11 में है। पवन कुमार गुप्ता का बैंक खाता सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया चंपावत उत्तराखंड में है। आरोप है कि दो अगस्त की रात साइबर ठगों ने ऑनलाइन लेन-देन के लिए किसी अनिकेत चक्रवर्ती और जूली मंडल को बैंक खाते से जोड़ा गया। थोड़ी देर बाद चार और हैकरों को जोड़ा गया। इसके बाद पांच ट्रांजक्शन करके 30 लाख रुपये की धनराशि निकल ली गई। यह धनराशि नेट बैंकिंग के माध्यम से अनिकेत चक्रवर्ती और जूली मंडल के खाते में ट्रांसफर कर गई थी। इसके थोड़ी देर बाद रकम को अन्य खातों में ट्रांसफर कर लिया गया। तीन अगस्त की सुबह पवन कुमार पाठक के मोबाइल पर 15 मिनट में 6 एसएमएस मिले। मैसेज देखकर बिल्डर के होश उड़ गए। उनके खाते से 30 लाख रुपये गायब थे। उनके मोबाइल को भी हैक कर लिया था, क्योंकि उनके मोबाइल पर ओटीपी का मैसेज तक नहीं आया। बैंक खाते में दो नंबर लगे थे। इस दौरान एक नंबर आउट ऑफ सर्विस था। आनन फानन में बिल्डर में संबंधित बैंक केयर में फोन करके खातों को बंद कराया। पीड़ित ने दिल्ली और उत्तराखंड के चंपावत में एफआईआर दर्ज कराई है। मेहनत की कमाई के 30 लाख रुपये ठगे जाने जाने के बाद परिजनों में हड़कंप मचा है।
विज्ञापन