{"_id":"58b315b14f1c1bd85a830fe9","slug":"candidate-go-to-pray","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब तेरा ही सहारा..ऊपरवाले की शरण में पहुंचे प्रत्याशी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब तेरा ही सहारा..ऊपरवाले की शरण में पहुंचे प्रत्याशी
अमरोहा/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 26 Feb 2017 11:34 PM IST
विज्ञापन
zx
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले की चार विधानसभाओं का चुनाव दूसरे चरण में 15 फरवरी को निपट चुका है। जनता अपना फैसला ईवीएम में कैद कर चुकी है। जीत के लिए चुनाव से पहले मतदाताओं की दर पर दस्तक देने वाले प्रत्याशी थकान उतारने के बाद अब ऊपर वाले के शरण में पहुंच चुके हैं। कोई कुछ कहे या न कहे सबकी एक ही इच्छा है कि 11 मार्च को जब ईवीएम खुले तो उनकी किस्मत का ताला भी खुल जाए।
चुनाव की मतगणना 11 मार्च को है। पहले और दूसरे चरण में शामिल प्रत्याशियों और नागरिकों को चुनाव परिणाम का इंतजार अब भारी पड़ने लगा है। जीत उनकी हो, इसके लिए प्रत्याशियों ने ऊपर वाले की शरण ले ली है। कोई पूजा अर्चना में व्यस्त है तो कोई खुदा की इबादत में व्यस्त है।
अमरोहा से सपा प्रत्याशी एवं कैबिनेट मंत्री महबूब अली के बेटे एमएलसी परवेज अली पिता की जीत के लिए उमरा करने सऊदी अरब के मक्का पहुंच चुके हैं। उनके साथ बिलारी से प्रत्याशी एवं सपा विधायक फहीम भी हैं। दोनों जीत के साथ इबादत में व्यस्त हैं। सफेद लिबास में दोनों की तस्वीरें समर्थकों ने फेसबुक पर शेयर की हैं।
विज्ञापन
वहीं, कैबिनेट मंत्री महबूब अली ने परिजनों और खास समर्थकों के साथ रुड़की स्थित कलियर शरीफ पहुंच कर चादरपोशी की। कहते हैं कि कलियर शरीफ स्थित साबिर पिया साहब की दरगाह में देश ही नहीं विदेशों से भी बड़ी संख्या में जायरीन पहुंचते हैं।
समर्थकों की ओर से फेसबुक पर अपलोड की गई उनकी फोटो में पुत्र, शाहनवाज, पूर्व पालिका अध्यक्ष हाजी इकरार अंसारी, कांग्रेस नेता खुर्शीद अनवर, हाजी नासिर फारूक, हाजी असलम आदि थे। जीत के लिए ऊपर वाले के दरबार में हाजिरी लगाने में भाजपाई भी पीछे नहीं हैं।
हसनपुर से भाजपा प्रत्याशी महेंद्र सिंह खड़गवंशी ने महाशिवरात्रि पर प्राचीन झारखंड महादेव शिवाला मंदिर पहुंच कर भगवान की दर पर माथा टेका और जीत की कामना की। धनौरा से भाजपा प्रत्याशी राजीव तरारा महाशिवात्रि पर ब्रजघाट से गंगाजल लाकर जलाभिषेक किया।
दोनों ही के समर्थकों ने ऐसी फोटो सोशल मीडिया पर शेयर की है। और भी कई प्रत्याशी इन दिनों भगवान के दर पर दस्तक दे रहे हैं। आम मतदाताओं में अपने प्रत्याशियों के ये रूप देखकर चर्चाओं का बाजार गरम है। सबका यही कहना है कि अब तक उनके दरवाजे पर दस्तक देने वाले नेता अब ऊपर वाले के दरबार में पहुंच चुके हैं। मतदाताओं ने तो इनकी किस्मत का फैसला ईवीएम में कैद कर दिया है। अब देखना है कि नीली छतरी वाला उनकी दुआ कितनी मंजूर करता है। इस पर पर्दा 11 मार्च को उठ जाएगा।
विज्ञापन
चुनाव की मतगणना 11 मार्च को है। पहले और दूसरे चरण में शामिल प्रत्याशियों और नागरिकों को चुनाव परिणाम का इंतजार अब भारी पड़ने लगा है। जीत उनकी हो, इसके लिए प्रत्याशियों ने ऊपर वाले की शरण ले ली है। कोई पूजा अर्चना में व्यस्त है तो कोई खुदा की इबादत में व्यस्त है।
विज्ञापन
अमरोहा से सपा प्रत्याशी एवं कैबिनेट मंत्री महबूब अली के बेटे एमएलसी परवेज अली पिता की जीत के लिए उमरा करने सऊदी अरब के मक्का पहुंच चुके हैं। उनके साथ बिलारी से प्रत्याशी एवं सपा विधायक फहीम भी हैं। दोनों जीत के साथ इबादत में व्यस्त हैं। सफेद लिबास में दोनों की तस्वीरें समर्थकों ने फेसबुक पर शेयर की हैं।
विज्ञापन
वहीं, कैबिनेट मंत्री महबूब अली ने परिजनों और खास समर्थकों के साथ रुड़की स्थित कलियर शरीफ पहुंच कर चादरपोशी की। कहते हैं कि कलियर शरीफ स्थित साबिर पिया साहब की दरगाह में देश ही नहीं विदेशों से भी बड़ी संख्या में जायरीन पहुंचते हैं।
समर्थकों की ओर से फेसबुक पर अपलोड की गई उनकी फोटो में पुत्र, शाहनवाज, पूर्व पालिका अध्यक्ष हाजी इकरार अंसारी, कांग्रेस नेता खुर्शीद अनवर, हाजी नासिर फारूक, हाजी असलम आदि थे। जीत के लिए ऊपर वाले के दरबार में हाजिरी लगाने में भाजपाई भी पीछे नहीं हैं।
हसनपुर से भाजपा प्रत्याशी महेंद्र सिंह खड़गवंशी ने महाशिवरात्रि पर प्राचीन झारखंड महादेव शिवाला मंदिर पहुंच कर भगवान की दर पर माथा टेका और जीत की कामना की। धनौरा से भाजपा प्रत्याशी राजीव तरारा महाशिवात्रि पर ब्रजघाट से गंगाजल लाकर जलाभिषेक किया।
दोनों ही के समर्थकों ने ऐसी फोटो सोशल मीडिया पर शेयर की है। और भी कई प्रत्याशी इन दिनों भगवान के दर पर दस्तक दे रहे हैं। आम मतदाताओं में अपने प्रत्याशियों के ये रूप देखकर चर्चाओं का बाजार गरम है। सबका यही कहना है कि अब तक उनके दरवाजे पर दस्तक देने वाले नेता अब ऊपर वाले के दरबार में पहुंच चुके हैं। मतदाताओं ने तो इनकी किस्मत का फैसला ईवीएम में कैद कर दिया है। अब देखना है कि नीली छतरी वाला उनकी दुआ कितनी मंजूर करता है। इस पर पर्दा 11 मार्च को उठ जाएगा।