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Amethi News: आधार कार्ड बनवाने पहुंची बच्ची का जन्म प्रमाणपत्र मिला फर्जी
Tue, 30 Jul 2024 03:09 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Tue, 30 Jul 2024 03:09 AM IST
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अमेठी सिटी। पड़ोसी जिले रायबरेली के सलोन में सुर्खियों में चल रहे फर्जी जन्म प्रमाण के बाद जामो बीआरसी पर एक बच्ची के जन्म प्रमाण पत्र के फर्जी होने का मामला सोमवार को उजागर हुआ। मामला संज्ञान में आने के बाद स्वास्थ्य व पंचायत विभाग मामले की जांच में जुटे हैं।
जामो थाने के बलभद्रपुर गांव निवासी मंगरू की पुत्री आयुषी का जन्म का एक अक्तूबर 2019 को हुआ था। सीएचसी गौरीगंज से 29 जून को जारी जन्म प्रमाणपत्र लेकर सोमवार को मंगरू पुत्री आयुषी का आधार कार्ड बनवाने के लिए जामो बीआरसी पर पहुंचा। बीआरसी पर मौजूद ऑपरेटर ने मंगरू से फाॅर्म लेने के बाद जब ऑनलाइन अपलोड किया तो फर्जी मिला। प्रमाणपत्र फर्जी होने के बाद ऑपरेटर ने मामले की जानकारी बीईओ के साथ अफसरों को दी। जानकारी के बाद ब्लॉक कर्मियों ने जांच की तो जन्म प्रमाणपत्र गौरीगंज सीएचसी से जारी हुआ मिला। इसके बाद मामले की सूचना गौरीगंज सीएचसी अधीक्षक को दी गई। सीएचसी अधीक्षक ने जारी नंबर की जांच की तो अस्पताल की आईडी से जन्म प्रमाण पत्र जारी नहीं होने की पुष्टि हुई। फर्जी ढंग से जन्म प्रमाणपत्र जारी होने का मामला धीरे-धीरे सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
मामला संज्ञान में आने के बाद सीएमओ डॉ. अंशुमान सिंह ने डीपीआरओ मनोज त्यागी को बताया। डीपीआरओ ने पूरे प्रकरण की जांच शुरू कर दी है। स्वास्थ्य विभाग व पंचायत विभाग अपने स्तर से पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। इतना ही नहीं पुलिस भी अलर्ट मोड पर है। पुलिस पूरे मामले की जांच के साथ ही इसकी निगरानी में जुटी है। डीपीआरओ ने बताया कि जांच के बाद इसके लिए जो भी जिम्मेदार होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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जिले में भी गैंग सक्रिय होने की आशंका
नाम न प्रकाशित करने की शर्त पर एक आधार सेवा केंद्र संचालक ने बताया कि आए दिन कोई न कोई जन्म प्रमाणपत्र फर्जी मिलता है। कोई शिकायत नहीं करता। ऐसे में मामला अब तक दबा है। मामले की गहन जांच की जाए तो जिले में फर्जी जन्म प्रमाणपत्र निर्गत करने वाले बड़े गिरोह का पर्दाफाश हो जाएगा।
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जामो थाने के बलभद्रपुर गांव निवासी मंगरू की पुत्री आयुषी का जन्म का एक अक्तूबर 2019 को हुआ था। सीएचसी गौरीगंज से 29 जून को जारी जन्म प्रमाणपत्र लेकर सोमवार को मंगरू पुत्री आयुषी का आधार कार्ड बनवाने के लिए जामो बीआरसी पर पहुंचा। बीआरसी पर मौजूद ऑपरेटर ने मंगरू से फाॅर्म लेने के बाद जब ऑनलाइन अपलोड किया तो फर्जी मिला। प्रमाणपत्र फर्जी होने के बाद ऑपरेटर ने मामले की जानकारी बीईओ के साथ अफसरों को दी। जानकारी के बाद ब्लॉक कर्मियों ने जांच की तो जन्म प्रमाणपत्र गौरीगंज सीएचसी से जारी हुआ मिला। इसके बाद मामले की सूचना गौरीगंज सीएचसी अधीक्षक को दी गई। सीएचसी अधीक्षक ने जारी नंबर की जांच की तो अस्पताल की आईडी से जन्म प्रमाण पत्र जारी नहीं होने की पुष्टि हुई। फर्जी ढंग से जन्म प्रमाणपत्र जारी होने का मामला धीरे-धीरे सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
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मामला संज्ञान में आने के बाद सीएमओ डॉ. अंशुमान सिंह ने डीपीआरओ मनोज त्यागी को बताया। डीपीआरओ ने पूरे प्रकरण की जांच शुरू कर दी है। स्वास्थ्य विभाग व पंचायत विभाग अपने स्तर से पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। इतना ही नहीं पुलिस भी अलर्ट मोड पर है। पुलिस पूरे मामले की जांच के साथ ही इसकी निगरानी में जुटी है। डीपीआरओ ने बताया कि जांच के बाद इसके लिए जो भी जिम्मेदार होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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जिले में भी गैंग सक्रिय होने की आशंका
नाम न प्रकाशित करने की शर्त पर एक आधार सेवा केंद्र संचालक ने बताया कि आए दिन कोई न कोई जन्म प्रमाणपत्र फर्जी मिलता है। कोई शिकायत नहीं करता। ऐसे में मामला अब तक दबा है। मामले की गहन जांच की जाए तो जिले में फर्जी जन्म प्रमाणपत्र निर्गत करने वाले बड़े गिरोह का पर्दाफाश हो जाएगा।