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कायाकल्प तमाम, लेकिन बिजली का नहीं है कोई इंतजाम
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आज तक नहीं पहुंच सकी विद्यालय में बिजली
सीन-1
समय 11:20 बजे
बच्चे पसीने से दिखे तरबतर
फोटो संख्या-10
संग्रामपुर के ठेंगहा के प्राथमिक विद्यालय बगिया में बिजली कनेक्शन नहीं होने के चलते बच्चों को पढ़ाई में परेशानी हो रही है। यहां विद्यालय 2012 से संचालित है। आज तक विद्यालय में बिजली कनेक्शन नहीं हो पाया। विद्यालय में कायाकल्प हुआ है। विद्यालय का सुंदरीकरण कर पंखे, सबमर्सिबल सहित सभी उपकरण लगा दिए गए। पर बिजली कनेक्शन न होने के कारण यहां भी बिजली से चलने वाले सभी उपकरण शोपीस बन कर रह गए हैं। हर गर्मी में नौनिहालों को दुश्वारियों का सामना करना पड़ता है।
सीन-2
सुबह 11:50 बजे
फोटो संख्या-11
पंखे तो हैं पर बिजली कनेक्शन नहीं
संग्रामपुर क्षेत्र के धोएं के प्राथमिक विद्यालय गना का पुरवा में भीषण गर्मी और तपिश में बच्चों का हाल बेहाल था। यहां पंखे तो हैं पर बिजली कनेक्शन नहीं है। इंचार्ज प्रधानाध्यापक वंदना तिवारी ने बताया कि यहां करीब 10 साल पहले विद्यालय का निर्माण हुआ था। तब से आज तक विद्यालय में बिजली कनेक्शन नहीं हुआ है। हर कमरे में बोर्ड, परिसर में सबमर्सिबल व टंकी है। लेकिन दुर्भाग्य की बात यह है कि आज तक बिजली कनेक्शन नहीं हो पाया है। जिसके चलते बच्चों को गर्मी में परेशानी हो रही है।
- भीषण गर्मी में पसीने से तरबतर होकर पढ़ने को मजबूर नौनिहाल
- बिजली न होने से लोग नहीं करा रहे बच्चों का दाखिला, विद्यालय में रहती है पानी की समस्या
संवाद न्यूज एजेंसी
संग्रामपुर (अमेठी)। परिषदीय विद्यालयों में 19 मानकों को ऑपरेशन कायाकल्प से पूरा कराना है। इनमें सबसे महत्वपूर्ण विद्यालयों में बिजली की सप्लाई सुनिश्चित करना है। बावजूद इसके संग्रामपुर के कई परिषदीय विद्यालय ऐसे हैं, जहां आज तक बिजली नहीं पहुंच सकी है। प्रत्येक वर्ष भीषण गर्मी में बिना पंखे के बच्चों को पढ़ाई करनी पड़ रही है। वहीं पानी की सुविधा न होने से बच्चे प्रसाधन भवन का इस्तेमाल भी नहीं कर पा रहे।
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संग्रामपुर में अधिकांश परिषदीय विद्यालयों में विद्युतीकरण कराया गया है। लेकिन अभी भी ऐसे कई विद्यालय हैं जिसमें बिजली कनेक्शन आज तक नहीं हुआ है। उनमें पढ़ने वाले नौनिहाल गर्मी में पसीने से तरबतर रहते हैं, जबकि कायाकल्प के दौरान विद्यालय में सबमर्सिबल, टंकी, पंखा सब लगा के पैसा तो निकाल लिया गया पर जब बिजली कनेक्शन नहीं कराया गया। लोगों का कहना है कि बिना बिजली यह सुविधाएं किस काम की हैं। सभी सुविधाएं शोपीस बनकर रह गई हैं। वहीं सबमर्सिबल न चलने से टंकी तक पानी भी नहीं पहुंच पा रहा है। इससे बच्चे प्रसाधन भवन का भी सही तरीके से इस्तेमाल नहीं कर पा रहे हैं। आसपास के ग्रामीण भी अपने बच्चे को विद्यालय में दाखिला नहीं दिला रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय में बिजली कनेक्शन नहीं है। बच्चे पसीने से तरबतर होकर पढ़ाई करने को मजबूर रहते हैं। ठेंगहा निवासी पवन कुमार ने बताया कि विद्यालय के टीचर घर पर आते हैं कि बच्चों का दाखिला विद्यालय में कराइये, पर विद्यालय में बिजली नहीं है। इस लिए बच्चों का दाखिला कैसे कराएं। बच्चे गर्मी में कैसे पढ़ाई करेंगे।
अध्यापकों की समस्या
फोटो संख्या-12/13
प्राथमिक विद्यालय गना का पुरवा की इंचार्च प्रधानाध्यापक वंदना तिवारी ने बताया कि बिजली कनेक्शन न होने से गर्मी में बच्चों को पढ़ाई में समस्या होती है। साथ ही टंकी में पानी नहीं जाने से प्रसाधन भवन का भी बच्चे सही तरीके से इस्तेमाल नहीं कर पा रहे हैं। बिजली कनेक्शन हो जाए तो बच्चों की संख्या में इजाफा हो जाएगा। प्राथमिक विद्यालय बगिया ठेंगहा की इंचार्ज प्रधानाध्यापक कोमल पांडेय ने बताया कि विद्यालय में सभी व्यवस्था है। सिर्फ बिजली कनेक्शन हो जाए तो बच्चों को पढ़ाई में परेशानी नहीं होगी। सबमर्सिबल से पानी भी मिलने लगेगा। बिजली कनेक्शन न होने से आसपास के अभिवावक बच्चों का दाखिला कराने में रुचि नहीं दिखाते। अगर विद्यालय में बिजली कनेक्शन हो जाए तो बच्चों की संख्या दोगुनी हो जाएगी।
दूर होगी बच्चों की समस्या
बीईओ दिनेश चंद्र जोशी ने कहा कि प्रकरण संज्ञान में है। जिले के उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया है। बिजली सप्लाई विद्यालयों से दूर होने के कारण समस्या बनी है। पावर कॉरपोरेशन के अधिकारियों से बात कर जल्द ही समस्या का निराकरण कराया जाएगा। बच्चों को किसी भी प्रकार की असुविधा नही होने दी जाएगी।
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समय 11:20 बजे
बच्चे पसीने से दिखे तरबतर
फोटो संख्या-10
संग्रामपुर के ठेंगहा के प्राथमिक विद्यालय बगिया में बिजली कनेक्शन नहीं होने के चलते बच्चों को पढ़ाई में परेशानी हो रही है। यहां विद्यालय 2012 से संचालित है। आज तक विद्यालय में बिजली कनेक्शन नहीं हो पाया। विद्यालय में कायाकल्प हुआ है। विद्यालय का सुंदरीकरण कर पंखे, सबमर्सिबल सहित सभी उपकरण लगा दिए गए। पर बिजली कनेक्शन न होने के कारण यहां भी बिजली से चलने वाले सभी उपकरण शोपीस बन कर रह गए हैं। हर गर्मी में नौनिहालों को दुश्वारियों का सामना करना पड़ता है।
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सुबह 11:50 बजे
फोटो संख्या-11
पंखे तो हैं पर बिजली कनेक्शन नहीं
संग्रामपुर क्षेत्र के धोएं के प्राथमिक विद्यालय गना का पुरवा में भीषण गर्मी और तपिश में बच्चों का हाल बेहाल था। यहां पंखे तो हैं पर बिजली कनेक्शन नहीं है। इंचार्ज प्रधानाध्यापक वंदना तिवारी ने बताया कि यहां करीब 10 साल पहले विद्यालय का निर्माण हुआ था। तब से आज तक विद्यालय में बिजली कनेक्शन नहीं हुआ है। हर कमरे में बोर्ड, परिसर में सबमर्सिबल व टंकी है। लेकिन दुर्भाग्य की बात यह है कि आज तक बिजली कनेक्शन नहीं हो पाया है। जिसके चलते बच्चों को गर्मी में परेशानी हो रही है।
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- भीषण गर्मी में पसीने से तरबतर होकर पढ़ने को मजबूर नौनिहाल
- बिजली न होने से लोग नहीं करा रहे बच्चों का दाखिला, विद्यालय में रहती है पानी की समस्या
संवाद न्यूज एजेंसी
संग्रामपुर (अमेठी)। परिषदीय विद्यालयों में 19 मानकों को ऑपरेशन कायाकल्प से पूरा कराना है। इनमें सबसे महत्वपूर्ण विद्यालयों में बिजली की सप्लाई सुनिश्चित करना है। बावजूद इसके संग्रामपुर के कई परिषदीय विद्यालय ऐसे हैं, जहां आज तक बिजली नहीं पहुंच सकी है। प्रत्येक वर्ष भीषण गर्मी में बिना पंखे के बच्चों को पढ़ाई करनी पड़ रही है। वहीं पानी की सुविधा न होने से बच्चे प्रसाधन भवन का इस्तेमाल भी नहीं कर पा रहे।
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संग्रामपुर में अधिकांश परिषदीय विद्यालयों में विद्युतीकरण कराया गया है। लेकिन अभी भी ऐसे कई विद्यालय हैं जिसमें बिजली कनेक्शन आज तक नहीं हुआ है। उनमें पढ़ने वाले नौनिहाल गर्मी में पसीने से तरबतर रहते हैं, जबकि कायाकल्प के दौरान विद्यालय में सबमर्सिबल, टंकी, पंखा सब लगा के पैसा तो निकाल लिया गया पर जब बिजली कनेक्शन नहीं कराया गया। लोगों का कहना है कि बिना बिजली यह सुविधाएं किस काम की हैं। सभी सुविधाएं शोपीस बनकर रह गई हैं। वहीं सबमर्सिबल न चलने से टंकी तक पानी भी नहीं पहुंच पा रहा है। इससे बच्चे प्रसाधन भवन का भी सही तरीके से इस्तेमाल नहीं कर पा रहे हैं। आसपास के ग्रामीण भी अपने बच्चे को विद्यालय में दाखिला नहीं दिला रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय में बिजली कनेक्शन नहीं है। बच्चे पसीने से तरबतर होकर पढ़ाई करने को मजबूर रहते हैं। ठेंगहा निवासी पवन कुमार ने बताया कि विद्यालय के टीचर घर पर आते हैं कि बच्चों का दाखिला विद्यालय में कराइये, पर विद्यालय में बिजली नहीं है। इस लिए बच्चों का दाखिला कैसे कराएं। बच्चे गर्मी में कैसे पढ़ाई करेंगे।
अध्यापकों की समस्या
फोटो संख्या-12/13
प्राथमिक विद्यालय गना का पुरवा की इंचार्च प्रधानाध्यापक वंदना तिवारी ने बताया कि बिजली कनेक्शन न होने से गर्मी में बच्चों को पढ़ाई में समस्या होती है। साथ ही टंकी में पानी नहीं जाने से प्रसाधन भवन का भी बच्चे सही तरीके से इस्तेमाल नहीं कर पा रहे हैं। बिजली कनेक्शन हो जाए तो बच्चों की संख्या में इजाफा हो जाएगा। प्राथमिक विद्यालय बगिया ठेंगहा की इंचार्ज प्रधानाध्यापक कोमल पांडेय ने बताया कि विद्यालय में सभी व्यवस्था है। सिर्फ बिजली कनेक्शन हो जाए तो बच्चों को पढ़ाई में परेशानी नहीं होगी। सबमर्सिबल से पानी भी मिलने लगेगा। बिजली कनेक्शन न होने से आसपास के अभिवावक बच्चों का दाखिला कराने में रुचि नहीं दिखाते। अगर विद्यालय में बिजली कनेक्शन हो जाए तो बच्चों की संख्या दोगुनी हो जाएगी।
दूर होगी बच्चों की समस्या
बीईओ दिनेश चंद्र जोशी ने कहा कि प्रकरण संज्ञान में है। जिले के उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया है। बिजली सप्लाई विद्यालयों से दूर होने के कारण समस्या बनी है। पावर कॉरपोरेशन के अधिकारियों से बात कर जल्द ही समस्या का निराकरण कराया जाएगा। बच्चों को किसी भी प्रकार की असुविधा नही होने दी जाएगी।