{"_id":"5f5512cb8ebc3e615e7145f3","slug":"old-man-was-burnt-to-death-amethi-news-lko5388229155","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिंदा जलाकर ही मारा गया था बुजुर्ग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिंदा जलाकर ही मारा गया था बुजुर्ग
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमेठी। गौरीगंज थाने के उत्तरगांव में बुजुर्ग को जिंदा जलाकर मारा गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में एंटी मॉर्टम बर्न इंजरी व ट्रैकिया में कार्बन पार्टिकल्स मिलने से इसकी पुष्टि हो गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद पुलिस ने शनिवार को हिरासत में लिए गए मौजूदा व पूर्व ग्राम प्रधान का चालान न्यायालय भेज दिया। पुलिस अन्य चार नामजद आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही है।
उत्तरगांव निवासी रामप्रसाद सरोज (65) का शव शनिवार सुबह उनके घर से थोड़ी दूरी पर निर्माणाधीन सार्वजनिक प्रसाधन भवन के परिसर में मिला था। बुजुर्ग का शव मिलने के बाद उनके छोटे पुत्र राजेश ने मौजूदा ग्राम प्रधान राजाराम सरोज व पूर्व ग्राम प्रधान पवन उपाध्याय के अलावा राजाराम के पुत्र राम अनुज, राम केवल, राम सबल व एक अन्य अजय शर्मा पर अपने पिता को जिंदा जलाकर मार डालने का आरोप लगाया था।
राजेश का कहना था कि आरोपी उसके कब्जे की भूमि पर सार्वजनिक प्रसाधन बनवाना चाहते थे। उसके पिता इसका विरोध कर रहे थे। इसी विवाद में उसके पिता की हत्या हुई है। राजेश की तहरीर पर पुलिस ने तत्काल उपरोक्त सभी आरोपियों के खिलाफ नामजद केस दर्ज करते हुए मौजूदा व पूर्व ग्राम प्रधान को हिरासत में ले लिया था। शनिवार देर शाम आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने राजेश के आरोप की पुष्टि कर दी कि उसके पिता को जिंदा जलाकर मारा गया था।
विज्ञापन
सूत्रों के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट में एंटी मॉर्टम बर्न इंजरी को बुजुर्ग की मौत का कारण बताया गया है। रिपोर्ट में बुजुर्ग के ट्रैकिया में कार्बन पार्टिकल्स पाए गए हैं जो जिंदा जलाए गए लोगों के पोस्टमार्टम में मिलते हैं। एसएचओ देवेश कुमार ने बताया कि हिरासत में लिए गए दोनों आरोपियों का चालान न्यायालय भेजने के बाद अन्य नामजद आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
विज्ञापन
उत्तरगांव निवासी रामप्रसाद सरोज (65) का शव शनिवार सुबह उनके घर से थोड़ी दूरी पर निर्माणाधीन सार्वजनिक प्रसाधन भवन के परिसर में मिला था। बुजुर्ग का शव मिलने के बाद उनके छोटे पुत्र राजेश ने मौजूदा ग्राम प्रधान राजाराम सरोज व पूर्व ग्राम प्रधान पवन उपाध्याय के अलावा राजाराम के पुत्र राम अनुज, राम केवल, राम सबल व एक अन्य अजय शर्मा पर अपने पिता को जिंदा जलाकर मार डालने का आरोप लगाया था।
विज्ञापन
राजेश का कहना था कि आरोपी उसके कब्जे की भूमि पर सार्वजनिक प्रसाधन बनवाना चाहते थे। उसके पिता इसका विरोध कर रहे थे। इसी विवाद में उसके पिता की हत्या हुई है। राजेश की तहरीर पर पुलिस ने तत्काल उपरोक्त सभी आरोपियों के खिलाफ नामजद केस दर्ज करते हुए मौजूदा व पूर्व ग्राम प्रधान को हिरासत में ले लिया था। शनिवार देर शाम आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने राजेश के आरोप की पुष्टि कर दी कि उसके पिता को जिंदा जलाकर मारा गया था।
विज्ञापन
सूत्रों के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट में एंटी मॉर्टम बर्न इंजरी को बुजुर्ग की मौत का कारण बताया गया है। रिपोर्ट में बुजुर्ग के ट्रैकिया में कार्बन पार्टिकल्स पाए गए हैं जो जिंदा जलाए गए लोगों के पोस्टमार्टम में मिलते हैं। एसएचओ देवेश कुमार ने बताया कि हिरासत में लिए गए दोनों आरोपियों का चालान न्यायालय भेजने के बाद अन्य नामजद आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।