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अब तक नहीं बांटा गया अगस्त का राशन
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अमेठी। एनएफएसए और पीएमजीकेवाई अन्न योजना के तहत अगस्त माह का खाद्यान्न वितरण नहीं हुआ शुरू हो सका है जबकि सितंबर माह बीतने को है। यह स्थिति ई-पॉस मशीन न चलने से उपजी है। वितरण न होने से उचित दर की दुकानों पर अगस्त माह का नियमित व अतिरिक्त खाद्यान्न डंप है। ऐसे में कार्डधारकों के साथ कोटेदारों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है।
सरकार की ओर से उचित दर की दुकानों के माध्यम से एनएफएसए और पीएमजीकेवाई अन्न योजना के तहत कार्डधारकों को प्रत्येक माह में दो बार खाद्यान्न वितरण कराया जा रहा है। खाद्यान्न उठान व अन्य अव्यवस्थाओं की सब्जी उचित दर की दुकानों पर खाद्यान्न का वितरण समय से नहीं हो पा रहा है।
जिले में जुलाई माह का खाद्यान वितरित हो चुका है। विभागीय सूत्रों के अनुसार जून माह के राशन का वितरण अवशेष था जिसको लेकर विभाग की ओर से 25 से 28 सितंबर तक ई-पॉस मशीन खोली गई थी। जिले में जून माह का वितरण और शेष नहीं था। इसके साथ ही जून माह का नैफेड के तहत ( तेल, चना, नमक) का वितरण अवशेष था। जिसको लेकर विभाग की ओर से तीन और चार अक्तूूबर को नेफेड का अवशेष वितरण करने का निर्देश दिया गया है।
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गौरतलब है कि अगस्त का (एनएफएसए) नियमित राशन और (पीएमजीकेवाई अन्न योजना) अतिरिक्त खाद्यान्न का उठान अधिकतर दुकानदार कर चुके हैं तो कई अभी कर रहे हैं। ऐसे में ई-पॉस मशीन न चलने से कोटेदारों की गोदामों पर दो बार उठान का खाद्यान्न डंप हो गया है।
जबकि सितंबर माह बीतने को है और सितंबर माह के नियमित व अतिरिक्त खाद्यान्न का भी वितरण हो जाना था लेकिन अभी तक अगस्त माह के ही खाद्यान्न का वितरण नहीं हो सका है। कार्डधारक भी उचित दर की दुकानों का चक्कर काट रहे हैं। आपूर्ति निरीक्षक योगेश वर्मा ने बताया कि पांच अक्तूबर से अगस्त के खाद्यान्न का वितरण शुरू हो जाएगा।
कम खद्यान्न देने का आरोप
विभाग की ओर से सिंगल डोर स्टेप डिलीवरी योजना के माध्यम से उचित दर की दुकानों पर सीधे खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके संचालन से जहां कोटेदारों को गोदामों का चक्कर काटने के साथ ही पल्लेदारी तथा परिवहन भाड़ा चुकाने की परेशानी से राहत मिली। एक कोटेदारों ने बताया कि खाद्यान्न तो सीधे उनको मिल रहा है लेकिन हर बार 50 किलो से लेकर एक क्विंटल तक खाद्यान्न कम दिया जाता है। ऐसे में खाद्यान्न वितरण में अपने पास से लगाना पड़ रहा है।
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सरकार की ओर से उचित दर की दुकानों के माध्यम से एनएफएसए और पीएमजीकेवाई अन्न योजना के तहत कार्डधारकों को प्रत्येक माह में दो बार खाद्यान्न वितरण कराया जा रहा है। खाद्यान्न उठान व अन्य अव्यवस्थाओं की सब्जी उचित दर की दुकानों पर खाद्यान्न का वितरण समय से नहीं हो पा रहा है।
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जिले में जुलाई माह का खाद्यान वितरित हो चुका है। विभागीय सूत्रों के अनुसार जून माह के राशन का वितरण अवशेष था जिसको लेकर विभाग की ओर से 25 से 28 सितंबर तक ई-पॉस मशीन खोली गई थी। जिले में जून माह का वितरण और शेष नहीं था। इसके साथ ही जून माह का नैफेड के तहत ( तेल, चना, नमक) का वितरण अवशेष था। जिसको लेकर विभाग की ओर से तीन और चार अक्तूूबर को नेफेड का अवशेष वितरण करने का निर्देश दिया गया है।
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गौरतलब है कि अगस्त का (एनएफएसए) नियमित राशन और (पीएमजीकेवाई अन्न योजना) अतिरिक्त खाद्यान्न का उठान अधिकतर दुकानदार कर चुके हैं तो कई अभी कर रहे हैं। ऐसे में ई-पॉस मशीन न चलने से कोटेदारों की गोदामों पर दो बार उठान का खाद्यान्न डंप हो गया है।
जबकि सितंबर माह बीतने को है और सितंबर माह के नियमित व अतिरिक्त खाद्यान्न का भी वितरण हो जाना था लेकिन अभी तक अगस्त माह के ही खाद्यान्न का वितरण नहीं हो सका है। कार्डधारक भी उचित दर की दुकानों का चक्कर काट रहे हैं। आपूर्ति निरीक्षक योगेश वर्मा ने बताया कि पांच अक्तूबर से अगस्त के खाद्यान्न का वितरण शुरू हो जाएगा।
कम खद्यान्न देने का आरोप
विभाग की ओर से सिंगल डोर स्टेप डिलीवरी योजना के माध्यम से उचित दर की दुकानों पर सीधे खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके संचालन से जहां कोटेदारों को गोदामों का चक्कर काटने के साथ ही पल्लेदारी तथा परिवहन भाड़ा चुकाने की परेशानी से राहत मिली। एक कोटेदारों ने बताया कि खाद्यान्न तो सीधे उनको मिल रहा है लेकिन हर बार 50 किलो से लेकर एक क्विंटल तक खाद्यान्न कम दिया जाता है। ऐसे में खाद्यान्न वितरण में अपने पास से लगाना पड़ रहा है।