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Amethi News: बिजली बिल के 328.18 करोड़ दबाए बैठे 72 हजार उपभोक्ता
Mon, 04 Nov 2024 11:51 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Mon, 04 Nov 2024 11:51 PM IST
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अमेठी सिटी। जिले के 72 हजार से अधिक उपभोक्ता बिजली बिल का 328.18 करोड़ रुपये दबाए बैठे हैं। कनेक्शन लेने के बाद अब तक इन उपभोक्ताओं ने बिजली बिल की एक भी पाई विभाग को नहीं चुकाई है। ऐसे में बिजली विभाग द्वारा बकाया बिल की वसूली के लिए संचालित अभियान कागजी साबित हो रहा है। हालांकि विभागीय लोगों का कहना है कि यदि इन बकायेदारों के बकाया बिजली बिल राशि की वसूली हो जाए तो जिले में करीब 10 माह तक होने वाली बिजली आपूर्ति का पूरा खर्च निकल आएगा।
जिले में करीब 3,27,000 विद्युत उपभोक्ता है। इनमें से 26,454 उपभोक्ता ऐसे हैं, जिनका बकाया 5 से 10 हजार रुपये है। वहीं, 10 से 25 हजार रुपये के 60,037 बकाएदार उपभोक्ता हैं। इसी तरह 25 से 50 हजार रुपये बिजली बिल के 35,248 बकायेदार, 50 हजार से एक लाख रुपये तक के बिल के 24,611, एक लाख से पांच लाख रुपये तक के बकाया बिजली बिल के 6,920 और पांच लाख से अधिक के 135 बकायेदार उपभोक्ता हैं।
इन सभी को मिलाकर जिले के 72,500 उपभोक्ता बकाया बिल राशि के बतौर विभाग का 328.18 करोड़ रुपये दबाए बैठे हैं। हालांकि विभागीय जिम्मेदारों का कहना है कि बकाया बिल की वसूली को लेकर चल रहे अभियान के दौरान हर माह बकाया बिल राशि न चुकाने वाले करीब ढ़ाई हजार से अधिक उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटने के साथ अन्य दंडात्मक कार्रवाई भी की जा रही है। प्रभारी अधीक्षण अभियंता रोहित सिंह ने बताया कि बकाया बिल राशि की वसूली को लेकर अभियान तेज करने का निर्देश दिया गया है।
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विद्युत चोरी रोकने को लेकर लग रहे स्मार्ट मीटर
बिजली विभाग की ओर से विद्युत चोरी रोकने को लेकर स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं। अब तक जिला मुख्यालय में करीब पांच सौ से अधिक स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं। प्रभारी अधीक्षण अभियंता ने बताया कि जिले में सभी जगह स्मार्ट मीटर लगेंगे। विद्युत कर्मी पहुंचकर परिसरों में स्मार्ट मीटर लगा रहे हैं।
जिले में करीब 33 करोड़ की बिजली खपत
जिले में वाणिज्यिक, निजी संस्थान, औद्योगिक समेत अन्य उपभोक्ता हैं। सभी को मिलाकर जिले में कुल 33 करोड़ रुपये की बिजली खपत होती है। जिम्मेदारों के अनुसार इसमें से करीब 22 से 24 करोड़ रुपये की ही राजस्व वसूली हो पाती है। करीब 10 से 15 करोड़ रुपये की बिल राशि का भुगतान उपभोक्ता नही करते हैं।
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जिले में करीब 3,27,000 विद्युत उपभोक्ता है। इनमें से 26,454 उपभोक्ता ऐसे हैं, जिनका बकाया 5 से 10 हजार रुपये है। वहीं, 10 से 25 हजार रुपये के 60,037 बकाएदार उपभोक्ता हैं। इसी तरह 25 से 50 हजार रुपये बिजली बिल के 35,248 बकायेदार, 50 हजार से एक लाख रुपये तक के बिल के 24,611, एक लाख से पांच लाख रुपये तक के बकाया बिजली बिल के 6,920 और पांच लाख से अधिक के 135 बकायेदार उपभोक्ता हैं।
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इन सभी को मिलाकर जिले के 72,500 उपभोक्ता बकाया बिल राशि के बतौर विभाग का 328.18 करोड़ रुपये दबाए बैठे हैं। हालांकि विभागीय जिम्मेदारों का कहना है कि बकाया बिल की वसूली को लेकर चल रहे अभियान के दौरान हर माह बकाया बिल राशि न चुकाने वाले करीब ढ़ाई हजार से अधिक उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटने के साथ अन्य दंडात्मक कार्रवाई भी की जा रही है। प्रभारी अधीक्षण अभियंता रोहित सिंह ने बताया कि बकाया बिल राशि की वसूली को लेकर अभियान तेज करने का निर्देश दिया गया है।
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विद्युत चोरी रोकने को लेकर लग रहे स्मार्ट मीटर
बिजली विभाग की ओर से विद्युत चोरी रोकने को लेकर स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं। अब तक जिला मुख्यालय में करीब पांच सौ से अधिक स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं। प्रभारी अधीक्षण अभियंता ने बताया कि जिले में सभी जगह स्मार्ट मीटर लगेंगे। विद्युत कर्मी पहुंचकर परिसरों में स्मार्ट मीटर लगा रहे हैं।
जिले में करीब 33 करोड़ की बिजली खपत
जिले में वाणिज्यिक, निजी संस्थान, औद्योगिक समेत अन्य उपभोक्ता हैं। सभी को मिलाकर जिले में कुल 33 करोड़ रुपये की बिजली खपत होती है। जिम्मेदारों के अनुसार इसमें से करीब 22 से 24 करोड़ रुपये की ही राजस्व वसूली हो पाती है। करीब 10 से 15 करोड़ रुपये की बिल राशि का भुगतान उपभोक्ता नही करते हैं।