फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ambedkar Nagar News ›   Will buy 65 thousand metric tonnes of dhan

65 हजार मीट्रिक टन धान की होगी खरीद

Tue, 27 Oct 2015 11:02 PM IST
अंबेडकरनगर/अमर उजाला ब्यूरो
अंबेडकरनगर/अमर उजाला ब्यूरो Updated Tue, 27 Oct 2015 11:02 PM IST
विज्ञापन
मौसम की मार से धान की उपज घटने के मद्देनजर इस बार जिले को धान खरीद का लक्ष्य विगत वर्ष की अपेक्षा नौ हजार मीट्रिक टन कम मिला है। विगत वर्ष जिले को 74 हजार मीट्रिक टन खरीद का लक्ष्य मिला था, जबकि इस बार इसे घटाकर 65 हजार मीट्रिक टन कर दिया गया है।
विज्ञापन


इसके लिए जिले के विभिन्न क्षेत्रों में छह एजेंसियों के कुल 48 क्रय केंद्रों की स्थापना की गई है। किसानों को धान बेचने में कोई समस्या न हो, इसके लिए विभाग ने आवश्यक तैयारियां तेज कर दी हैं। उधर विगत वर्ष की अपेक्षा धान के समर्थन मूल्य में मात्र 50 रुपये प्रति क्विंटल वृद्धि की गई है। इसे लेकर किसानों में नाराजगी है। विगत वर्ष धान का समर्थन मूल्य 1400 रुपये प्रति क्विंटल था, जिसे इस वर्ष 1450 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया गया है।
विज्ञापन


एक नवंबर से धान खरीद को लेकर विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। बीते दिनों शासन से जिले को धान खरीद का लक्ष्य भी मिल गया। धान की अच्छी उपज न होने के चलते इस बार जिले को धान खरीद का लक्ष्य विगत वर्ष के सापेक्ष नौ हजार मीट्रिक टन कम कर दिया गया है। विगत वर्ष 74 हजार मीट्रिक टन लक्ष्य था, जो कि इस बार घटाकर 65 हजार मीट्रिक टन कर दिया गया है। इसके लिए जिले के विभिन्न क्षेत्रों में छह एजेंसियों के 48 क्रय केंद्रों की स्थापना की गई है। खाद्य एवं विपणन अधिकारी अविनाश कुमार झा ने बताया कि खाद्य विभाग के छह क्रय केंद्रों को 20 हजार मीट्रिक टन, पीसीएफ के 32 केंद्रों को 34 हजार 500 मीट्रिक टन, यूपी एग्रो के एक केंद्र को एक हजार मीट्रिक टन, यूपीएसएस के चार केंद्रों को छह हजार मीट्रिक टन, राज्य कर्मचारी कल्याण निगम के तीन केंद्रों को 3500 एमटी व भारतीय खाद्य निगम के दो क्रय केंद्रों को छह हजार मीट्रिक टन का धान खरीद का लक्ष्य दिया गया है। खाद्य विभाग द्वारा धान खरीदने के लिए 13 आढ़तियों का भी चयन किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उधर जिले में सूखे जैसे हालात उत्पन्न होने एवं सिंचाई की समुचित व्यवस्था न होने का प्रतिकूल प्रभाव इस बार धान की फसल पर पड़ा है। धान की उपज के लिए अग्रणी जिले में शुमार अंबेडकरनगर में मौसम की मार से लगभग 40 प्रतिशत धान की फसल को नुकसान पहुंचा है। ऐसे में धान के समर्थन मूल्य में इस बार विगत वर्ष के सापेक्ष मात्र 50 रुपये ही वृद्धि से किसानों में नाराजगी व्याप्त है।


बताते चलें कि विगत वर्ष समर्थन मूल्य 1400 प्रति क्विंटल था, जिसे 50 रुपये बढ़ाकर 1450 रुपये कर दिया गया है। किसान जगदंबा प्रसाद व अमृतराज का कहना है कि बढ़ती महंगाई को देखते समर्थन मूल्य कम से कम दो हजार रुपये प्रति क्विंटल किया जाना चाहिए था। किसान रामबख्श, भगवानदीन व रईस अहमद ने कहा कि केंद्र व प्रदेश सरकारें खुद को किसानों का हितैषी होने का बढ़-चढ़कर दावा तो करती हैं, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed