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Ambedkar Nagar News: इमाम हसन की जिंदगी से सीख लेने की जरूरत
Wed, 19 Mar 2025 10:32 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Wed, 19 Mar 2025 10:32 PM IST
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अकबरपुर क्षेत्र के सिकंदरपुर में महफिल को संबोधित करते उलेमा।
अंबेडकरनगर। अकबरपुर क्षेत्र के सिकंदरपुर में नवासे रसूल हजरत इमाम हसन के जन्मदिवस पर मंगलवार रात जश्न-ए- इमाम हसन नामक महफिल आयोजित हुई। इसमें शायरों ने अनेक कलाम पेश कर खूब दाद हासिल की।
राज्य सूचना आयुक्त मो. नदीम व शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन सैयद अली जैदी समेत उलेमाओं ने इमाम हसन की जिंदगी से मुसलमानों को सीख लेने की नसीहत दी। सिकंदरपुर में अधिवक्ता सैयद मसरूर आलम जैदी के नेतृत्व में अजाखाने सैयद अली मोहम्मद तरही महफिल का आगाज हुआ। इसमें मौलवी तालिब अब्बास ने तिलावते हदीसे किसा की।
मोहम्मद नदीम ने कहा कि हजरत इमाम हसन का संदेश पूरी दुनिया को सुलह-समझौते, अमन व शांति के रास्ते पर चला सकता है। वह अपनी उदारता और दानशीलता के लिए जाने जाते हैं, इसलिए उन्हें करीम अहलेबैत की उपाधि दी गई थी।
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शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन सैयद अली जैदी ने कहा कि इमाम हसन ने इस्लाम की सरबुलंदी एवं मुसलमानों के सुरक्षित जीवन यापन के लिए सुलह का रास्ता अख्तियार किया। इतिहास में सुल्हे हसन का बहुत महत्व है। देर रात तक चली महफिल के दौरान हजारों की संख्या में लोग उपस्थित रहे। संवाद
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राज्य सूचना आयुक्त मो. नदीम व शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन सैयद अली जैदी समेत उलेमाओं ने इमाम हसन की जिंदगी से मुसलमानों को सीख लेने की नसीहत दी। सिकंदरपुर में अधिवक्ता सैयद मसरूर आलम जैदी के नेतृत्व में अजाखाने सैयद अली मोहम्मद तरही महफिल का आगाज हुआ। इसमें मौलवी तालिब अब्बास ने तिलावते हदीसे किसा की।
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मोहम्मद नदीम ने कहा कि हजरत इमाम हसन का संदेश पूरी दुनिया को सुलह-समझौते, अमन व शांति के रास्ते पर चला सकता है। वह अपनी उदारता और दानशीलता के लिए जाने जाते हैं, इसलिए उन्हें करीम अहलेबैत की उपाधि दी गई थी।
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शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन सैयद अली जैदी ने कहा कि इमाम हसन ने इस्लाम की सरबुलंदी एवं मुसलमानों के सुरक्षित जीवन यापन के लिए सुलह का रास्ता अख्तियार किया। इतिहास में सुल्हे हसन का बहुत महत्व है। देर रात तक चली महफिल के दौरान हजारों की संख्या में लोग उपस्थित रहे। संवाद