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Ambedkar Nagar News: दो होम्योपैथिक अस्पतालों को जल्द मिलेगी अपनी इमारत
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अंबेडकरनगर। जिले के दो होम्योपैथिक अस्पतालों को जल्द ही अपनी अलग इमारत मिलने की उम्मीद जगी है। भवन निर्माण के लिए विभाग की ओर से आयुष विभाग की सोसायटी को प्रस्ताव भेज दिया गया है, जिस पर जल्द निर्णय होने की संभावना है।
जनपद में कुल 19 होम्योपैथिक अस्पताल संचालित हैं, लेकिन इनमें से केवल तीन अस्पतालों के पास ही स्वयं की इमारत है। शेष 16 अस्पताल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) परिसरों के कमरों में संचालित हो रहे हैं। इससे मरीजों के बैठने, उपचार और दवाओं के सुरक्षित भंडारण में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
विभाग ने जलालपुर सीएचसी परिसर में संचालित होम्योपैथिक अस्पताल तथा सिकंदरपुर मकरही स्थित अस्पताल के लिए अलग भवन निर्माण का प्रस्ताव भेजा है। दोनों अस्पतालों की रिपोर्ट पहले ही उच्चाधिकारियों को उपलब्ध कराई जा चुकी थी। अब मामला आयुष विभाग की समिति के विचाराधीन है।
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प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद दोनों अस्पतालों के भवन निर्माण का रास्ता साफ हो जाएगा, जिससे मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी। जिला होम्योपैथिक चिकित्साधिकारी डॉ. जितेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि दोनों अस्पतालों के भवन निर्माण के लिए प्रस्ताव भेज दिया गया है और प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है।
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जनपद में कुल 19 होम्योपैथिक अस्पताल संचालित हैं, लेकिन इनमें से केवल तीन अस्पतालों के पास ही स्वयं की इमारत है। शेष 16 अस्पताल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) परिसरों के कमरों में संचालित हो रहे हैं। इससे मरीजों के बैठने, उपचार और दवाओं के सुरक्षित भंडारण में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
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विभाग ने जलालपुर सीएचसी परिसर में संचालित होम्योपैथिक अस्पताल तथा सिकंदरपुर मकरही स्थित अस्पताल के लिए अलग भवन निर्माण का प्रस्ताव भेजा है। दोनों अस्पतालों की रिपोर्ट पहले ही उच्चाधिकारियों को उपलब्ध कराई जा चुकी थी। अब मामला आयुष विभाग की समिति के विचाराधीन है।
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प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद दोनों अस्पतालों के भवन निर्माण का रास्ता साफ हो जाएगा, जिससे मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी। जिला होम्योपैथिक चिकित्साधिकारी डॉ. जितेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि दोनों अस्पतालों के भवन निर्माण के लिए प्रस्ताव भेज दिया गया है और प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है।