{"_id":"6973c3782794e00b9a0286a4","slug":"indefinite-boycott-of-sdm-court-ambedkar-nagar-news-c-91-1-brp1007-149360-2026-01-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambedkar Nagar News: एसडीएम कोर्ट का बेमियादी बहिष्कार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambedkar Nagar News: एसडीएम कोर्ट का बेमियादी बहिष्कार
Sat, 24 Jan 2026 12:22 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Sat, 24 Jan 2026 12:22 AM IST
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। मुकदमे की पैरवी के लिए एसडीएम से अधिवक्ताओं का विवाद गहराता जा रहा है। शुक्रवार को अकबरपुर तहसील में अधिवक्ताओं ने धरना देकर विरोध भी जताया। इसके बाद जिला न्यायालय के शेड नंबर 12 में बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों व अधिवक्ताओं की आमसभा की बैठक में एसडीएम कोर्ट का अनिश्चितकालीन बहिष्कार करने का निर्णय लिया गया।
बार एसोसिएशन के मंत्री अरविंद त्रिपाठी ने बताया कि अधिवक्ताओं के साथ इस प्रकार का व्यवहार किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डीएम मामले की या तो मध्यस्थता करें वरना एसडीएम का स्थानांतरण कराया जाए। ऐसा न होने तक अधिवक्ता एसडीएम कोर्ट का अनिश्चितकालीन तक बहिष्कार जारी रखेंगे। इसकी संपूर्ण जवाबदेही जिला प्रशासन की होगी।
अधिवक्ताओं के मुताबिक बृहस्पतिवार को अधिवक्ता रमेश सिंह, अनिल सिंह, राधेश्याम श्रीवास्तव व सुनील यादव ने बताया कि तहसील में कोर्ट के आर्डर की फीडिंग नहीं हो पा रही है। धारा 38 की रिपोर्ट लेखपाल समय से नहीं भेज रहे हैं। इन सभी समस्याओं को लेकर बृहस्पतिवार को एसडीएम प्रतीक्षा सिंह से मुलाकात करने गए थे, लेकिन एसडीएम ने उनके साथ अभद्रता की। इसके बाद पुलिस को भी बुला लिया। अधिवक्ता न्यायपालिका के बीच की कड़ी हैं। ऐसे में इस प्रकार के व्यवहार से अधिवक्ता आहत हैं।
विज्ञापन
आम लोगों की सुनी गईं समस्याएं
एसडीएम कोर्ट में शुक्रवार को एसडीएम प्रतीक्षा सिंह बैठी थीं। वहां आम लोगों की समस्याएं सुनी जा रही थीं, लेकिन कोर्ट के बाहर डटी सात सदस्यीय अधिवक्ताओं की समिति कोर्ट में कोई अधिवक्ता न जा सके, इसकी निगरानी कर रही थी। ऐसे में कोर्ट में अधिवक्ताओं के न जाने से कामकाज ठप नजर आया। यदि जल्द प्रशासन ने अधिवक्ताओं और एसडीएम के बीच समझौता नहीं कराया तो इसका परिणाम वादकारियों को भुगतना पड़ेगा।
विज्ञापन
बार एसोसिएशन के मंत्री अरविंद त्रिपाठी ने बताया कि अधिवक्ताओं के साथ इस प्रकार का व्यवहार किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डीएम मामले की या तो मध्यस्थता करें वरना एसडीएम का स्थानांतरण कराया जाए। ऐसा न होने तक अधिवक्ता एसडीएम कोर्ट का अनिश्चितकालीन तक बहिष्कार जारी रखेंगे। इसकी संपूर्ण जवाबदेही जिला प्रशासन की होगी।
विज्ञापन
अधिवक्ताओं के मुताबिक बृहस्पतिवार को अधिवक्ता रमेश सिंह, अनिल सिंह, राधेश्याम श्रीवास्तव व सुनील यादव ने बताया कि तहसील में कोर्ट के आर्डर की फीडिंग नहीं हो पा रही है। धारा 38 की रिपोर्ट लेखपाल समय से नहीं भेज रहे हैं। इन सभी समस्याओं को लेकर बृहस्पतिवार को एसडीएम प्रतीक्षा सिंह से मुलाकात करने गए थे, लेकिन एसडीएम ने उनके साथ अभद्रता की। इसके बाद पुलिस को भी बुला लिया। अधिवक्ता न्यायपालिका के बीच की कड़ी हैं। ऐसे में इस प्रकार के व्यवहार से अधिवक्ता आहत हैं।
विज्ञापन
आम लोगों की सुनी गईं समस्याएं
एसडीएम कोर्ट में शुक्रवार को एसडीएम प्रतीक्षा सिंह बैठी थीं। वहां आम लोगों की समस्याएं सुनी जा रही थीं, लेकिन कोर्ट के बाहर डटी सात सदस्यीय अधिवक्ताओं की समिति कोर्ट में कोई अधिवक्ता न जा सके, इसकी निगरानी कर रही थी। ऐसे में कोर्ट में अधिवक्ताओं के न जाने से कामकाज ठप नजर आया। यदि जल्द प्रशासन ने अधिवक्ताओं और एसडीएम के बीच समझौता नहीं कराया तो इसका परिणाम वादकारियों को भुगतना पड़ेगा।