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जिले का मान बढ़ाने वाले 36 खिलाड़ियों का सम्मान
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अंबेडकरनगर के देव इन्द्रावती महाविद्यालय में प्रांतीय व राष्ट्रीय स्तर पर जिले का नाम रोशन करने
- फोटो : AMBEDKAR NAGAR
अंबेडकरनगर। राष्ट्र व राज्य स्तर के विभिन्न खेलों में प्रतिभाग कर जिले का मान बढ़ाने वाले 36 खिलाड़ियों का सम्मान रविवार को डीएम सैमुअल पॉल एन व एसपी आलोक प्रियदर्शी ने देव इंद्रावती महाविद्यालय कटेहरी में आयोजित भव्य समारोह में किया। टोक्यो ओलंपिक में राष्ट्र का परचम लहराने के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में खिलाड़ियों को सम्मानित करते हुए डीएम ने भरोसा दिलाया कि उनकी प्रगति के लिए जो भी जरूरी सुविधाएं संभव होंगी, वह सब मुहैया करायी जाएंगी। उन्होंने खिलाड़ियों से कहा कि स्पोर्ट्स में विविधता पर जरूर जोर दें। खेलों से पदक न भी मिले तो व्यक्तित्व निर्माण के साथ ही कॅरियर भी संवरने का मार्ग प्रशस्त होता है।
राष्ट्रीय खेल दिवस के मौके पर जिला ओलंपिक एसोसिएशन की ओर से आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डीएम व विशिष्ट अतिथि एसपी आलोक ने दीप प्रज्जवलित कर किया। डीएम ने राज्य व राष्ट्र स्तर के विभिन्न खेलों में प्रतिभाग कर चुके खिलाड़ियों को सामने बैठा देख कहा कि यह मेरे लिए बड़े गौरव की बात है। यही प्रतिभाएं देश का नाम रोशन करेंगी। तमाम ओलंपिक व एशियाई खिलाड़ियों का जिक्र करते हुए तमाम संसाधनों के अभाव के बावजूद उन्होंने देश का मान बढ़ाया है। आप सब भी अपनी प्रतिभा व दृढ़ इच्छाशक्ति के बूते ऐसा कर सकते हैं। खिलाड़ियों को सलाह दी कि टीम स्पोर्ट्स के साथ पर्सनल स्पोर्ट भी जरूर चुनें।
विशिष्ट अतिथि एसपी आलोक प्रियदर्शी ने कहा कि खेलों के बिना जीवन अधूरा है। खेलों से हम न सिर्फ खुद को फिट रख सकते हैं, वरन परिवार व समाज का नाम रोशन कर सकते हैं। उन्होंने खेल को दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे ओलंपिक संघ जिलाध्यक्ष राना रणधीर सिंह ने बताया कि समूचे अयोध्या मंडल में देव इंद्रावती महाविद्यालय खेलों के मामले में इतिहास रच रहा है। यहां के खिलाड़ी अलग-अलग खेलों में राज्य व राष्ट्र स्तर पर जिले का मान बढ़ा रहे हैं। संघ जिला सचिव डॉ. हनुमान सिंह ने कहा कि जिले में आने वाले दिनों में कई महत्वपूर्ण आयोजन किए जाएंगे, जिसका लाभ अलग-अलग खेलों के खिलाड़ियों को मिल सकेगा। जिला वॉलीबाल संघ अध्यक्ष अनिल सिंह के संचालन में आयोजित कार्यक्रम में जिला कमांडेंट होमगार्ड महेंद्र यादव, जिला खेल अधिकारी आशुतोष अग्निहोत्री, हैंडबाल संघ जिला सचिव अखंड प्रताप सिंह, आशाराम वर्मा आदि मौजूद रहे।
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इनका हुआ सम्मान
खेलों के प्रति विशिष्ट योगदान देने के लिए सामाजिक कार्यकर्ता अजय गोयल, अभिनव वर्मा व कृपाल सिंह के अलावा खेल प्रशिक्षक प्रमोद यादव एवं आकाश श्रीवास्तव को डीएम व एसपी ने शाल व प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया। इसके अलावा हर्षिता सिंह, प्रिया मिश्रा, रेशमा खातून, पूजा यादव, जावेद, राकेश पाल, मृदुल पांडेय, रविकांत दुबे, ऋषभ गुप्त, प्रियंका दुबे, अभिषेक प्रताप सिंह, माधुरी दुबे, दीपराज वर्मा, अंशुमान सिंह, विपिन पांडेय, अंजलि कुमारी, फूलचंद्र, रवींद्र मौर्य, आलोक कुमार, अमित तिवारी, अर्पित कुमार समेत कुल 36 स्टेट व नेशनल स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने वाले खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया गया। इसके अलावा खेलों में रुचि रखने वाले पांच गणमान्य नागरिकों व प्रशिक्षकों का भी सम्मान किया गया।
...और कोच की भूमिका में उतर आए डीएम
खिलाड़ियों को सम्मानित करने पहुंचे डीएम एक कोच की भूमिका में दिखे। डीएम ने खिलाड़ियों को बताया कि किस तरह उन्हें जीवन में आगे बढ़ना है। खेलों पर खास फोकस करने का मंत्र देते हुए कहा कि हमें यह जरूर तय करना चाहिए कि हम खेलों के परिणाम से निराश नहीं होंगे। जिन खिलाड़ियों ने ऐसा मन बना लिया, उनका प्रगति करना तय है। डीएम ने कहा कि खेलों से बच्चों में अनुशासन आता है। यह अनुशासन परिवार व राष्ट्र के तो काम आता ही है। साथ में उन्हें नौकरी मिलने के बाद इसका व्यापक लाभ मिलता है। डीएम ने खेलों के प्रति अपनी रुचि जाहिर करते हुए कई रोचक प्रसंग भी सुनाए।
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राष्ट्रीय खेल दिवस के मौके पर जिला ओलंपिक एसोसिएशन की ओर से आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डीएम व विशिष्ट अतिथि एसपी आलोक ने दीप प्रज्जवलित कर किया। डीएम ने राज्य व राष्ट्र स्तर के विभिन्न खेलों में प्रतिभाग कर चुके खिलाड़ियों को सामने बैठा देख कहा कि यह मेरे लिए बड़े गौरव की बात है। यही प्रतिभाएं देश का नाम रोशन करेंगी। तमाम ओलंपिक व एशियाई खिलाड़ियों का जिक्र करते हुए तमाम संसाधनों के अभाव के बावजूद उन्होंने देश का मान बढ़ाया है। आप सब भी अपनी प्रतिभा व दृढ़ इच्छाशक्ति के बूते ऐसा कर सकते हैं। खिलाड़ियों को सलाह दी कि टीम स्पोर्ट्स के साथ पर्सनल स्पोर्ट भी जरूर चुनें।
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विशिष्ट अतिथि एसपी आलोक प्रियदर्शी ने कहा कि खेलों के बिना जीवन अधूरा है। खेलों से हम न सिर्फ खुद को फिट रख सकते हैं, वरन परिवार व समाज का नाम रोशन कर सकते हैं। उन्होंने खेल को दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे ओलंपिक संघ जिलाध्यक्ष राना रणधीर सिंह ने बताया कि समूचे अयोध्या मंडल में देव इंद्रावती महाविद्यालय खेलों के मामले में इतिहास रच रहा है। यहां के खिलाड़ी अलग-अलग खेलों में राज्य व राष्ट्र स्तर पर जिले का मान बढ़ा रहे हैं। संघ जिला सचिव डॉ. हनुमान सिंह ने कहा कि जिले में आने वाले दिनों में कई महत्वपूर्ण आयोजन किए जाएंगे, जिसका लाभ अलग-अलग खेलों के खिलाड़ियों को मिल सकेगा। जिला वॉलीबाल संघ अध्यक्ष अनिल सिंह के संचालन में आयोजित कार्यक्रम में जिला कमांडेंट होमगार्ड महेंद्र यादव, जिला खेल अधिकारी आशुतोष अग्निहोत्री, हैंडबाल संघ जिला सचिव अखंड प्रताप सिंह, आशाराम वर्मा आदि मौजूद रहे।
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इनका हुआ सम्मान
खेलों के प्रति विशिष्ट योगदान देने के लिए सामाजिक कार्यकर्ता अजय गोयल, अभिनव वर्मा व कृपाल सिंह के अलावा खेल प्रशिक्षक प्रमोद यादव एवं आकाश श्रीवास्तव को डीएम व एसपी ने शाल व प्रतीक चिन्ह देकर सम्मानित किया। इसके अलावा हर्षिता सिंह, प्रिया मिश्रा, रेशमा खातून, पूजा यादव, जावेद, राकेश पाल, मृदुल पांडेय, रविकांत दुबे, ऋषभ गुप्त, प्रियंका दुबे, अभिषेक प्रताप सिंह, माधुरी दुबे, दीपराज वर्मा, अंशुमान सिंह, विपिन पांडेय, अंजलि कुमारी, फूलचंद्र, रवींद्र मौर्य, आलोक कुमार, अमित तिवारी, अर्पित कुमार समेत कुल 36 स्टेट व नेशनल स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने वाले खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया गया। इसके अलावा खेलों में रुचि रखने वाले पांच गणमान्य नागरिकों व प्रशिक्षकों का भी सम्मान किया गया।
...और कोच की भूमिका में उतर आए डीएम
खिलाड़ियों को सम्मानित करने पहुंचे डीएम एक कोच की भूमिका में दिखे। डीएम ने खिलाड़ियों को बताया कि किस तरह उन्हें जीवन में आगे बढ़ना है। खेलों पर खास फोकस करने का मंत्र देते हुए कहा कि हमें यह जरूर तय करना चाहिए कि हम खेलों के परिणाम से निराश नहीं होंगे। जिन खिलाड़ियों ने ऐसा मन बना लिया, उनका प्रगति करना तय है। डीएम ने कहा कि खेलों से बच्चों में अनुशासन आता है। यह अनुशासन परिवार व राष्ट्र के तो काम आता ही है। साथ में उन्हें नौकरी मिलने के बाद इसका व्यापक लाभ मिलता है। डीएम ने खेलों के प्रति अपनी रुचि जाहिर करते हुए कई रोचक प्रसंग भी सुनाए।