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Ambedkar Nagar News: मिले दो सौ दिन का काम, चार सौ रुपये हो मजदूरी
Thu, 24 Oct 2024 11:28 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Thu, 24 Oct 2024 11:28 PM IST
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बैठक कर मनरेगा मजदूरों ने उठाई आवाज
संवाद न्यूज एजेंसी
कटेहरी (अंबेडकरनगर)। मनरेगा मजदूर संगठन की बैठक बृहस्पतिवार को कटेहरी ब्लाक परिसर में हुई। इसमें मनरेगा मजदूरों को दो सौ दिन का काम दिलाने व मजदूरी चार सौ रुपये किए जाने समेत कई अन्य मागों को प्रमुखता से उठाया गया। इसके साथ ही संगठन की मजबूती पर भी बल दिया गया।
जिलाध्यक्ष वैभव आनंद पांडेय ने कहा कि मनरेगा मजदूर आर्थिक संकट से संघर्ष कर रहे हैं लेकिन इसके बाद भी कोई सुध नहीं ली जा रही है। मनरेगा योजना को समाप्त किए जाने की साजिश रची जा रही है। मनरेगा मजदूरों को दो सौ दिन का काम दिए जाने की मांग को नजरअंदाज किया जा रहा है। इसके साथ ही चार सौ रुपये किए जाने की मांग को भी पूरा नहीं किया जा रहा। मौजूदा समय में आलम यह है कि 50 दिन का भी काम नहीं मिल रहा। समय पर मजदूरी का भी भुगतान नहीं हो रहा।
शुभम, रीता, चंद्रशेखर, विजय कुमार ने कहा कि मनरेगा मजदूरों का 10 लाख रुपये का निशुल्क बीमा कराए जाने की मांग को पूरा नहीं किया जा रहा है। श्रम विभाग की वेबसाइट के सुचारु रूप से काम न करने से समस्याएं हो रही हैं। श्रमिकों को योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा। वक्ताओं ने कहा कि हम सभी की जिम्मेदारी है कि न्याय पंचायतस्तर तक संगठन को मजबूत करें। इसके आधार पर ही मनरेगा मजदूरों की समस्याओं को प्रमुखता से बुलंद किया जा सकता है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
कटेहरी (अंबेडकरनगर)। मनरेगा मजदूर संगठन की बैठक बृहस्पतिवार को कटेहरी ब्लाक परिसर में हुई। इसमें मनरेगा मजदूरों को दो सौ दिन का काम दिलाने व मजदूरी चार सौ रुपये किए जाने समेत कई अन्य मागों को प्रमुखता से उठाया गया। इसके साथ ही संगठन की मजबूती पर भी बल दिया गया।
जिलाध्यक्ष वैभव आनंद पांडेय ने कहा कि मनरेगा मजदूर आर्थिक संकट से संघर्ष कर रहे हैं लेकिन इसके बाद भी कोई सुध नहीं ली जा रही है। मनरेगा योजना को समाप्त किए जाने की साजिश रची जा रही है। मनरेगा मजदूरों को दो सौ दिन का काम दिए जाने की मांग को नजरअंदाज किया जा रहा है। इसके साथ ही चार सौ रुपये किए जाने की मांग को भी पूरा नहीं किया जा रहा। मौजूदा समय में आलम यह है कि 50 दिन का भी काम नहीं मिल रहा। समय पर मजदूरी का भी भुगतान नहीं हो रहा।
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शुभम, रीता, चंद्रशेखर, विजय कुमार ने कहा कि मनरेगा मजदूरों का 10 लाख रुपये का निशुल्क बीमा कराए जाने की मांग को पूरा नहीं किया जा रहा है। श्रम विभाग की वेबसाइट के सुचारु रूप से काम न करने से समस्याएं हो रही हैं। श्रमिकों को योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा। वक्ताओं ने कहा कि हम सभी की जिम्मेदारी है कि न्याय पंचायतस्तर तक संगठन को मजबूत करें। इसके आधार पर ही मनरेगा मजदूरों की समस्याओं को प्रमुखता से बुलंद किया जा सकता है।
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