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डायरिया के पांच मरीज जिला अस्पताल में भर्ती

Mon, 09 May 2016 11:27 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/अंबेडकरनगर
अमर उजाला ब्यूरो/अंबेडकरनगर Updated Mon, 09 May 2016 11:27 PM IST
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Diarrhoea five patients admitted to the district hospital
अंबेडकरनगर जिला अस्पताल में भर्ती डायरिया पीड़ित। - फोटो : अमर उजाला

तापमान बढ़ने के साथ ही जिले में संक्रामक रोगों का प्रकोप बढ़ता ही जा रहा है। शायद ही कोई ऐसा दिन गुजरता हो जब डायरिया से पीड़ित नए मरीज जिला अस्पताल में भर्ती न होते हों। सोमवार को भी डायरिया से पीड़ित पांच और मरीज जिला अस्पताल में भर्ती हुए। इनमें से एक की हालत गंभीर बनी हुई है।

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उधर, डायरिया के लगातार बढ़ते प्रकोप के बाद भी स्वास्थ्य विभाग द्वारा अब तक न तो आवश्यक दवाओं का वितरण किया जा सका है और न ही किसी प्रकार का जागरूकता अभियान ही चलाया जा रहा है। गौरतलब है कि गर्मी के बढ़ते प्रकोप के साथ ही संक्रामक रोगों ने भी तेजी से अपना पांव पसारना शुरू कर दिया है।
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आए दिन डायरिया से पीड़ित नए मरीज जिला अस्पताल में पहुंच रहे हैं। शायद ही कोई ऐसा दिन गुजरता हो, जब डायरिया से पीड़ित मरीज जिला अस्पताल में भर्ती न होता हो। सोमवार को भी पांच और मरीज अस्पताल पहुंचे। जानकारी के अनुसार अकबरपुर थाना अंतर्गत पीरपुर गांव निवासी देवेंद्र (30) पुत्र रामबहाल को सोमवार सुबह उल्टी-दस्त शुरू हो गया।
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परिवारीजनों ने उसका स्थानीय स्तर से इलाज करना शुरू ही किया था कि देवेंद्र की पत्नी नूतन (28) व पुत्र अंश (8) को भी उल्टी-दस्त शुरू हो गया। इससे परिवारीजनों ने तत्काल तीनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया जहां देवेंद्र की हालत गंभीर बनी हुई है।

उधर, टांडा थाना अंतर्गत टांडा निवासी हुसैन के नौ वर्षीय पुत्र अब्बास व छह वर्षीय पुत्री सैय्यदा बानो सोमवार भोर में डायरिया की चपेट में आ गए। दोनों को पहले सीएचसी टांडा ले जाया गया, जहां हालत की गंभीरता को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।


वहीं, डायरिया के लगातार बढ़ते प्रकोप के बावजूद स्वास्थ्य विभाग इस पर अंकुश पाने के लिए अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठा सका है। न तो ग्रामीण क्षेत्रों में आवश्यक दवाओं का वितरण कर सका है और न ही संक्रामक रोगों से बचने के लिए किसी प्रकार का जागरूकता अभियान ही चलाया जा सका है।

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