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समितियों से डीएपी नदारद, भटक रहे किसान

Fri, 12 Nov 2021 11:37 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Fri, 12 Nov 2021 11:37 PM IST
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DAP missing from committees, farmers wandering
अंबेडकरनगर। समिति प्रभारियों की हड़ताल व खाद की अनुपलब्धता ने रबी फसल की बोआई में जुटे किसानों के समक्ष मुश्किलें खड़ी कर दी हैं। समितियों से खाद नदारद है। किसान डीएपी लेने के लिए एक समिति से दूसरी समिति का चक्कर काट रहे हैं, लेकिन उन्हें मायूसी हाथ लग रही है। इससे किसानों में आक्रोश है। किसानों का कहना है कि बोआई शुरू होने से पहले विभागीय अधिकारी तमाम दावे करते हैं, लेकिन हर-बार की तरह इस बार भी रबी फसल की बोआई शुरू होने के साथ ही खाद का संकट उत्पन्न हो गया है। यह स्थिति एक दो समितियों की नहीं, बल्कि जिले में संचालित 91 समितियों से जुड़े किसानों की है।
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जिले में धान फसल की कटाई के साथ ही रबी फसल की बोआई का कार्य तेजी से चल रहा है। आलू, चना, मटर, सरसों व गेहूं आदि की फसलों की बोआई चल रही है। रबी फसल की बोआई में किसान डीएपी का प्रयोग प्राथमिकता पर करते हैं। इन सबके बीच इन दिनों किसानों को बोआई के समय डीएपी खाद खोजे नहीं मिल रही है। जिले में कुल 106 साधन सहकारी समिति हैं, लेकिन इनमें से 91 समितियों का संचालन हो रहा है। परंतु इनमें तमाम समिति ऐसी हैं, जहां डीएपी उपलब्ध नहीं है। ऐसे में किसान समितियों का चक्कर काट रहे हैं।
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साधन सहकारी समिति बसखारी प्रथम, बसखारी संघ, हरैया, बसहिया, तरौली मुबारकपुर, सिंहपुर, तिलकारपुर, तुरसमपुर, दौलतपुर हाजलपट्टी, बरही मोहनपुर, बजदहिया पाईपुर, अजमेरी बादशाहपुर, चिंतौरा, फुलवरिया, कटेहरी, पियारेपुर, हैदराबाद आदि समितियों पर डीएपी नहीं है। इससे किसान परेशान हैं। किसानों का कहना है कि जिन समितियों पर खाद उपलब्ध भी है, वहां समिति प्रभारियों की हड़ताल के चलते खाद नहीं मिल पा रही है।
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टांडा के किसान कुलदीप कुमार, लल्लन चौधरी, कटेहरी के मनीष सिंह व प्रमोद वर्मा आदि का कहना है कि अक्सर सीजन में समिति प्रभारी मनमाने तरीके से हड़ताल शुरू कर देते हैं। इसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ता है। एक तरफ समितियों पर पर्याप्त मात्रा में खाद नहीं उपलब्ध रहती है, तो दूसरी तरफ हड़ताल के चलते जो खाद उपलब्ध रहती है, वह भी नहीं मिल पाती। किसानों ने प्रशासन से इस मनमानी को गंभीरता से लेने की मांग की है। कहा कि बोआई के समय समितियों पर न सिर्फ खाद की पर्याप्त मात्रा में उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, बल्कि मनमाने तरीके से होने वाली हड़ताल को भी रोका जाए। कटरिया सम्मनपुर के किसान संजीवन, विजई, रामजीत व सालिकराम ने भी प्रशासन से समितियों पर पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध कराने की मांग की है।

जल्द उपलब्ध हो जाएगी खाद
समितियों पर पर्याप्त मात्रा में खाद की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के प्रयास चल रहे हैं। गत दिवस ही समितियों पर 1100 एमटी एनपीके खाद भेजी गई है। जल्द ही डीएपी भी पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हो जाएगी। किसानों को परेशान होने की जरूरत नहीं है।
-प्रवीण कुमार, सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक
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