यूपी : महिला सुरक्षा का हवाला देकर पीएम मोदी ने सपा को घेरा
संगम नगरी में दिए गए भाषण में पीएम मोदी अगले वर्ष होने वाली विधानसभा चुनाव की लड़ाई को दो ध्रुवीय बनाने की रणनीति पर भी बढ़ते दिखे।
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प्रधानमंत्री ने संगम नगरी के परेड ग्राउंड में प्रदेश के सभी जिलों से आई महिलाओं को वर्ष 2017 के पहले और उसके बाद की कानून व्यवस्था का हवाला तो दिया ही साथ ही चेताया भी कि कि अगर यूपी में पहले वाली सरकार आई तो बेटियों का जीना मुहाल हो जाएगा। उन्होंने महिला सुरक्षा का हवाला देते हुए बिना नाम लिए सपा को घेरा
संगम नगरी में दिए गए भाषण में पीएम मोदी अगले वर्ष होने वाली विधानसभा चुनाव की लड़ाई को दो ध्रुवीय बनाने की रणनीति पर भी बढ़ते दिखे। उन्होंने कानून व्यवस्था का मामला उठाकर पिछली सरकार को तो घेरा, लेकिन यूपी में तीन बार उनकी पार्टी के सहयोग से और एक बार पूर्ण बहुमत की सरकार बना चुकी बसपा के लिए एक शब्द भी नहीं कहा। संदेश साफ भा कि सपा को रोकना है तो सिर्फ भाजपा ही विकल्प है।
प्रियंका गांधी पर एक शब्द नहीं बोले पीएम
बसपा का नाम लेकर वह लड़ाई की त्रिकोणीय बनाने से अब तक बचते ही दिख रहे हैं। ‘बेटी हूं लड़ सकती हूं’ के नारे के साथ पुरानी जमीन वापस पाने के लिए संघर्ष कर रही कांग्रेस की प्रियंका गांधी वाड्रा पर भी उन्होंने एक शब्द नहीं बोला। अपने 28 मिनट के उद्बोधन में पीएम के पहले भाग में उन्होंने महिला सशक्तीकरण को लेकर केंद्र और योगी सरकार की उपलब्धियों को गिनाया तो वहीं अपने भाषण के दूसरे भाग में उन्होंने पूर्व की अखिलेश सरकार पर जमकर शब्दभेदी बाण चलाए।
पीएम ने सधे हुए अंदाज में कहा कि पांच वर्ष पहले यूपी की सत्ता में गुंडों की हनक हुआ करती थी। इसकी सबसे बड़ी भुक्तभोगी यूपी की बहन-बेटियां थीं। उनका सड़क पर एवं स्कूल-कालेज में जाना मुश्किल होता था। थाने जाने पर भी वहां अपराधी, बलात्कारी की सिफारिश में किसी का फोन आ जाता था। 2017 के बाद योगी जी ने सभी गुंडों को उनकी सही जगह पहुंचाया है। महिलाओं के बहाने पीएम ने एक संदेश यह भी दिया कि यूपी का विकास डबल इंजन की ही सरकार कर सकती है।
इस बार गिनाने के लिए बहुत कुछ, सियासत गरमाने के लिए हुआ बड़ा इवेंट
लखनऊ होकर ही दिल्ली का रास्ता जाता है। इस बात से हर दल वाकिफ है। 2017 चुनाव में भाजपा को रोकने के लिए यूपी के दो दल एक हुए तो 2019 में बुआ-बबुआ और आरएलडी की जोड़ी ने मुश्किलें पैदा करने की कोशिश की। समीकरणों में मोदी कमजोर दिखे, लेकिन उन्होंने हर बार जो रिजल्ट दिया, उसकी उम्मीद बड़े-बड़े रणनीतिकारों को भी नहीं थी। हर बार विपक्ष ने गठजोड़ बनाकर लड़ाई को सीधा बनाया तो प्रयागराज की धरती से मोदी आधी आबादी को साधकर लड़ाई को सीधा बनाते नजर आए।
पिछला रिजल्ट दोहराने की कोशिश कर रहे मोदी प्रयागराज में ही बड़ा इवेंट करवाकर बढ़त बनाने की कोशिश करते नजर आए। अब तक वह उन जगहों पर गए जहां लोकार्पण, शिलान्यास जैसे कार्यक्रम थे। प्रयागराज की बात अलग थी। चुनाव करीब है, सो इवेंट क्रिएट किया, पूरे प्रदेश से महिलाओं को जुटाया, महिलाओं के लिए अब तक जो काम किए, वह गिनाए और यह मैसेज देकर चले गए कि सपा की सरकार आई तो महिलाओं का चैन से जीना मुश्किल हो जाएगा।