Fraud Case : ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर तीन लोगों से 60.87 लाख ठगे, पीड़ितों में दो महिलाएं भी शामिल
शिकायत में तृप्ति सिंह ने बताया कि उनको लजर्ड स्टोक इंफार्मेशन एक्सपर्ट नामक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ा गया था। ग्रुप में 200 से अधिक सदस्य हैं। ग्रुप में जुड़ी शल्की नामक महिला ने ट्रेडिंग शुरू करने के लिए लिजार्ड रेस्ट की वेबसाइट पर अकाउंट खोलने के लिए कहा।
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व्हाट्सएप और टेलीग्राम ग्रुपों से जोड़कर शेयर बाजार में निवेश के नाम पर लगातार धोखाधड़ी के मामले सामने आ रहे हैं। साइबर जालसाजों ने दो महिलाओं समेत तीन लोगों से 60.87 लाख रुपये ठग लिए। इनमें करछना निवासी ममता मिश्रा से 27 लाख, न्यू कटरा निवासी तृप्ति सिंह से 15.16 लाख और कीडगंज के सागर पांडेय से 18.71 लाख की ठगी शामिल है। तीनों ही मामलों में साइबर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है।
शिकायत में तृप्ति सिंह ने बताया कि उनको लजर्ड स्टोक इंफार्मेशन एक्सपर्ट नामक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ा गया था। ग्रुप में 200 से अधिक सदस्य हैं। ग्रुप में जुड़ी शल्की नामक महिला ने ट्रेडिंग शुरू करने के लिए लिजार्ड रेस्ट की वेबसाइट पर अकाउंट खोलने के लिए कहा।
भरोसे में लेते हुए उसने 15.16 लाख रुपये निवेश करवा दिए, लेकिन जब पैसे निकालने लगी तो कहा गया कि वित्त मंत्रालय अनुमति नहीं दे रहा है। इसके लिए और रुपये जमा कराने को कहा गया। जब पैसे जमा नहीं किए तो जालसाजों ने ग्रुप को बंदकर अकाउंट डिलीट कर दिया।
एप डाउनलोड कराकर 27 लाख हड़पे रुपये
पीड़ित ममता मिश्रा ने बताया कि उनको तीन अलग-अलग व्हाट्सएप ग्रुपों में जोड़ा गया। इनमें पैसे कमाने के लिए ट्रेडिंग के बारे में जानकारी दी जाती थी। दो जुलाई को ट्रेडिंग के लिए एचडीएफसी वीआईपी नामक एप डाउनलोड करवाया गया। खाता खुलने के बाद दो और 18 जुलाई को 27 लाख रुपये निवेश कराया गया। जब इन पैसों को निकालने की कोशिश की गई तो क्रेडिट स्कोर कम कर 30 लाख की मांग होने लगी।
पहले टास्क दिया फिर लालच देकर कराया निवेश
सागर पांडेय ने बताया कि व्हाट्सएप पर मैसेज आया कि गूगल पर रेटिंग डालने पर पैसे मिलेंगे। टास्क पूरा करने पर खाते में पैसे आएंगे। इसके बाद उन्हें टेलीग्राम पर जोलीबी नाम से बने ग्रुप में जोड़कर क्रिप्टो में निवेश करने को कहा गया। साथ ही ग्रुप के एक यूजर से ट्रांसफर कर दिया। कुछ दिनों बाद वेबसाइट से पैसा निकालने लगा और सात लाख की मांग होने लगी। सूचना पर साइबर पुलिस ने जालसाजों के खाते में मौजूद दो लाख रुपये फ्रीज करा दिए।