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शव कंधे पर ले जाने का मामला : जांच रिपोर्ट में बताया- बीच रास्ते ही उपलब्ध हो गया था वाहन!

Sat, 06 Aug 2022 08:45 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sat, 06 Aug 2022 08:45 AM IST
सार

अफसरों की ओर से दावा किया जाता रहा है कि शव ले जाने के लिए मोर्चरी के पास एक एंबुलेंस की व्यवस्था रहती है। यह मुफ्त में उपलब्ध कराई जाती है लेकिन बजरंगी को एंबुलेंस क्यों उपलब्ध नहीं हो सकी इस सवाल का जवाब रिपोर्ट में नहीं है।

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The case of carrying the dead body on the shoulder
Prayagraj News : बेटे का शव कंधे पर लादकर घर तक ले जाने वाला बजरंगी परिवार के साथ। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

तीन सदस्यीय कमेटी की जांच रिपोट के कई बिंदुओं पर भी सवाल खड़ा हो गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि बजरंगी को नैनी पुल के पास कोई वाहन मिल गया था। जबकि, बजरंगी लगातार यह कहते रहे कि बेटे का शव लेकर वह मोर्चरी से गांव तक पैदल ही पहुंचे। इसके अलावा जांच में चौराहों तथा अन्य स्थानों पर लगे कैमरों की मदद ली गई लेकिन इसमें भी स्पष्ट नहीं हो सका कि  बजरंगी को वाहन कहां उपलब्ध हो सका।

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अफसरों की ओर से दावा किया जाता रहा है कि शव ले जाने के लिए मोर्चरी के पास एक एंबुलेंस की व्यवस्था रहती है। यह मुफ्त में उपलब्ध कराई जाती है लेकिन बजरंगी को एंबुलेंस क्यों उपलब्ध नहीं हो सकी इस सवाल का जवाब रिपोर्ट में नहीं है। हालांकि, डीएम ने इसकी जांच का निर्देश दिया है। इसके अलावा शुभम की मौत का कारण बने खंभे के स्टे में करेंट उतरने पर जांच रिपोर्ट में कुछ नहीं कहा गया है।

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The case of carrying the dead body on the shoulder
Prayagraj News : बजरंगी के घर जुटी महिलाओं की भीड़। - फोटो : अमर उजाला।

मोर्चरी में अब मिलेगा लाश को सम्मान
कंधे पर शव ले जाने की दिल दहला देने वाली इस घटना के बाद प्रशासन मोर्चरी पर एंबुलेंस समेत अन्य इंतेजाम की कवायद में जुट गया है। डीएम का कहना है कि ऐसी घटना दोबारा न होने पाए इसलिए संबंधित विभाग के अफसरों की कमेटी बनाई जाएगी, जो हर तरह की सुविधा सुनिश्चित करेंगे।


जांच में स्वास्थ्य विभाग बरी
जांच में स्वास्थ्य विभाग की कोई लापरवाही नहीं पाई गई। शुभम की अस्पताल पहुंचने से पहले ही मौत हो चुकी थी। इसके अलावा बजरंगी बेटे की इलाज के लिए स्वरूपरानी अस्पताल भी नहीं पहुंचा। सीधे मोर्चरी में शव लाया गया। ऐेसे में स्वास्थ्य विभाग की कोई लापरवाही नहीं पाई गई।

The case of carrying the dead body on the shoulder
Prayagraj News : बजरंगी के घर सांत्वना देने पहुंचे सपा के जिलाध्यक्ष, एमएलसी और अन्य पदाधिकारी। - फोटो : अमर उजाला।

बजरंगी के घर पहुंचे सपा नेताओं ने सरकार को घेरा
नैनी, करछना। कंधे पर बेटे का शव ले जाने की घटना को लेकर सपा सरकार पर हमलावर हो गई है। राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ट्वीट कर घटना की निंदा की है। साथ में उनके निर्देश पर पार्टी का प्रतिनिधिमंडल शुक्रवार को बजरंगी यादव के घर पर भी पहुंचा और मदद का आश्वासन दिया। पूर्व जिलाध्यक्ष योगेश चंद्र यादव, एमएलसी डॉ.मान सिंह आदि नेताओं ने पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपये की आर्थिक तदद तथा आवास समेत अन्य योजनाओं का लाभ दिए जाने की मांग की।

 


योगेश चंद्र यादव ने कहा, यह भजपा सरकार में ही संभव है कि एक पिता को अपने बेटे की लाश कंधे पर ले जानी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि एंबुलेंस सेवा पूरी तरह से पटरी से उतर गई है। नेताओं ने बजरंगी की आर्थिक मदद भी की। प्रतिनिधिमंडल में राजेश्वर पांडेय, जिला पंचायत सदस्य डॉ.विजय बाबू यादव आदि शामिल रहे। 

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Prayagraj News : करछना विधायक पीयूष रंजन निषाद बजरंगी के घर सांत्वना देने पहुंचे। - फोटो : अमर उजाला।

विधायक ने दिया मदद का आश्वासन
करछना के भाजपा विधायक पियूष रंजन निषाद ने बजरंगी यादव तथा परिवार के अन्य सदस्यों से मुलाकातकर ढांढस बंधाया। उन्होंने हर स्तर पर मदद का आश्वासन दिया। कहा कि दोषी अफसरों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। कोई बख्शा नहीं जाएगा।

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